राजनीतिक / BJP में जल्द प्रचारकों को भेज सकता है RSS, जानें क्या है वजह

Live Hindustan : Sep 11, 2019, 07:45 AM

बीजेपी संगठन में हो रहे विस्तार के मद्देनजर पार्टी को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से करीब एक दर्जन पूर्णकालिक प्रचारक मिल सकते हैं। भाजपा का दावा है कि उसकी सदस्य संख्या लगभग अठारह करोड़ के आसपास पहुंच रही है। ऐसे में संगठनात्मक ढांचे का विस्तार करना पड़ सकता है। वर्ष 2015 से 2019 के बीच भाजपा की सदस्य संख्या में भारी बढ़ोतरी हुई है। दावा है कि चार साल पहले चले सदस्यता अभियान में ही भाजपा 11 करोड़ सदस्यों के साथ देश-दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी बन गई थी।

इस साल 20 फीसदी वृद्धि के लक्ष्य से भी ज्यादा सदस्य बने हैं। ऐसे में सभी के साथ बेहतर समन्वय के लिए पार्टी में बड़े स्तर (क्षेत्रीय व राज्य स्तर) पर कुशल संगठकों की जरूरत महसूस की जी रही है। चूंकि, भाजपा में संगठन का कामकाज संघ से आए पूर्णकालिक प्रचारक संभालते हैं, इसलिए संघ जल्द ही कुछ प्रचारकों को भाजपा में भेज सकता है।

सूत्रों के अनुसार, संघ की पुष्कर में हुई समन्वय बैठक में भाजपा के साथ बड़ी संख्या में जुड़ रहे लोगों को लेकर सराहना की गई। संघ समय-समय पर भाजपा में अपने प्रचारकों को भेजता रहता है और वापस भी लेता है। हाल में भाजपा में राष्ट्रीय महासचिव संगठन के रूप में लंबे समय तक काम करने के बाद रामलाल की संघ में वापसी हुई है। 

भाजपा के एक प्रमुख नेता ने कहा कि संघ से प्रचारक पार्टी में आते रहते हैं, लेकिन उनकी कोई घोषणा नहीं की जाती है। बड़े स्तर पर नियुक्तियों की ही चर्चा होती है। संघ के प्रचारक चुनावी राजनीति से दूर रहकर विशुद्ध रूप से संगठनात्मक कामकाज तक सीमित रहते हैं। सूत्र बताते हैं कि भाजपा के विस्तार को देखते हुए संगठनात्मक ढांचे में भी कुछ बदलाव होने के आसार हैं। इसके तहत विभिन्न स्तरों पर संगठनात्मक पदों की संख्या बढ़ाई जा सकती है।