विश्व / विटामिन बी-6 की बदौलत अब रात को देखे गए सपने सुबह याद रख पाना आसान होगा

Dainik Bhaskar : Sep 06, 2019, 12:46 PM

अगर आप भी उन लोगों में शामिल हैं, जो सुबह उठते ही अपने सपनों को भूल जाते हैं तो परेशान न हों क्योंकि अब वैज्ञानिकों ने एक अध्ययन में सपनों को याद रखने का तरीका ढूंढ निकाला है। वैज्ञानिकों की मानें तो विटामिन बी 6 सपनों को याद रख पाने में मददगार होता है। अध्ययन में शोधकर्ताओं में ऑस्ट्रेलिया के 100 उन प्रतिभागियों को शामिल किया था, जिन्होंने 5 दिनों तक सोने से पहले विटामिन बी 6 का सप्लीमेंट लिया था। 

एडिलेड यूनिवर्सिटी के स्कूल ऑफ साइकोलॉजी के डेनहोम ऑस्पी ने बताया, "हमें अध्ययन से पता चला है कि प्लेस्बो के मुकाबले विटामिन बी6 सप्लीमेंट लेने से लोगों के सपनों को याद रखने की क्षमता में सुधार होता है। विटामिन बी 6 से न तो लोगों के सपनों की जीवंतता प्रभावित होती है और न ही उनकी नींद के पैटर्न प्रभावित होते हैं।"

सपने याद रहें तो हो बेहतर होती है क्रिएटिविटी

डेनहोम ऑस्पी के मुताबिक, हमने अपने अध्ययन में प्रतिभागियों को सोने से पहले 240 मिलिग्राम विटामिन बी-6 सप्लीमेंट लेने को कहा। इस सप्लीमेंट को लेने से पहले तक कई प्रतिभागी मुश्किल से अपने सपने याद रख पाते थे, लेकिन अध्ययन पूरा होने तक उन सभी की सपने याद करने की क्षमता में जबर्दस्त सुधार देखने को मिला।

अध्ययन के एक प्रतिभागी ने बताया, "सोने से पहले विटामिन बी-6 लेने के बाद मैं अपने सपने अच्छी तरह याद रख पाया। इतना ही नहीं, दिन खत्म होने तक भी सपने की यादें मेरे दिमाग में बनी रहीं।"  एक अन्य ने बताया कि विटामिन बी-6 लेने के बाद जैसे-जैसे समय बीतता गया मेरे सपने न सिर्फ ज्यादा साफ होते गए,बल्कि इन्हें याद रखना भी आसान हो गया।

लाइफ में 6 साल सपने देखने में गुजरते हैं

डॉ. ऑस्पी ने कहा कि एक इंसान अपनी लाइफ के औसतन छह साल सपनों में गुजर देता है। अगर हम इन सपनों को नियंत्रित करने में सक्षम हैं, तो हम इनका ज्यादा से ज्यादा फायदा उठा सकते हैं। हर व्यक्ति क्रिएटिव होता है। हम अपनी क्रिएटिविटी में तभी निखार ला सकते हैं, जब हम उसकी सही समय पर पहचान करें। सपने याद रखने का कई फायदे भी हैं। इससे बुरे सपने आने बंद हो सकते हैं। फोबिया का इलाज हो सकता है। यहां तक कि शारीरिक आघात को भी ठीक किया जा सकता है।