टोक्यो: पैरा-शूटर अवनि लेखरा ने टोक्यो पैरालिंपिक में इतिहास रचा है। इस 19 वर्षीय भारतीय शूटर ने महिलाओं की 50 मीटर राइफल 3 पोजिशन SH1 में 445.9 पॉइंट्स के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता। इस तरह एक ही पैरालिंपिक में उनका दूसरा मेडल है। इससे पहले उन्होंने 10 मीटर राफाइनल में गोल्ड मेडल हासिल किया था। भारत का यह 12वां मेडल है।
इस इवेंट का स्वर्ण पदक चीन की कुलपिंग झांग ने जीता जिन्होंने 457.9 का स्कोर किया जबकि जर्मनी की नतास्चा हिलट्रोप ने 457.1 अंक लेकर रजत पदक अपने नाम किया। भारत ने दिन का दूसरा पदक अपने नाम किया है। अवनि से पहले प्रवीण कुमार ने पुरुष ऊंची कूद टी64 इवेंट में देश को रजत पदक दिलाया।
इस तरह भारतीय टीम ने इतिहास रच दिया है। उसके खाते में फिलहाल 2 गोल्ड, 6 सिल्वर और 4 ब्रॉन्ज मेडल हैं। यह पैरालिंपिक इतिहास में टीम इंडिया का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। इससे पहले भारतीय टीम ने 2016 में रियो में 2 गोल्ड सहित 4 मेडल जीते थे।
10 मीटर एयर राइफल में जीता था गोल्ड
इससे पहले अवनि लेखरा ने गोल्ड मेडल जीता था। उन्होंने महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल स्टैंडिंग एसएच1 इवेंट में गोल्ड मेडल जीता। लेखारा ने फाइनल में 249.6 अंक हासिल किए। उन्होंने वर्ल्ड रेकॉर्ड की बराबरी की। उन्होंने फाइनल में 7वें स्थान के साथ क्वॉलिफाइ किया था और कुल 621.7 अंक हासिल किए थे।