बिहार की एनडीए सरकार में विभागों के बंटवारे ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लगभग दो दशक बाद गृह विभाग अपने पास से छोड़ दिया है, जो अब उपमुख्यमंत्री और बीजेपी के कद्दावर नेता सम्राट चौधरी के पास जाएगा। यह बदलाव नीतीश कुमार के 20 साल के मुख्यमंत्री कार्यकाल में पहली बार हुआ है, जब गृह विभाग जद(यू) के बजाय बीजेपी के खाते में गया। सूत्रों के अनुसार, यह फैसला गठबंधन की नई समीकरणों और बीजेपी की मजबूत स्थिति को दर्शाता है।
गृह विभाग पर थी लंबी खींचतान
2025 विधानसभा चुनाव में एनडीए की भारी जीत के बाद कैबिनेट गठन तो आसान रहा, लेकिन विभाग बंटवारे में गृह मंत्रालय को लेकर जद(यू) और बीजेपी के बीच काफी मंथन हुआ। नीतीश कुमार हमेशा गृह विभाग अपने पास रखते आए हैं, क्योंकि यह कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन पर सीधा नियंत्रण देता है। हालांकि, इस बार बीजेपी ने अपनी बड़ी संख्या के बल पर इसे हासिल कर लिया। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को यह जिम्मेदारी सौंपकर बीजेपी ने अपनी स्थिति को और मजबूत कर लिया है।
दिन भर सीएम हाउस में चली बैठकों के बाद शाम को विभागों की आधिकारिक सूची जारी की गई। नई कैबिनेट की पहली बैठक में 18वीं विधानसभा के सत्र की तारीखें तय होने की संभावना है।
प्रमुख विभागों का बंटवारा: बीजेपी को मिले हैवीवेट मंत्रालय
बीजेपी कोटे से सबसे ज्यादा मंत्री बनने के बाद प्रमुख विभाग भी उसके पास आए हैं। यहां प्रमुख分配 की सूची है:
| मंत्री का नाम | पार्टी | प्रमुख विभाग |
|---|---|---|
| सम्राट चौधरी (उपमुख्यमंत्री) | BJP | गृह विभाग |
| विजय कुमार सिन्हा (उपमुख्यमंत्री) | BJP | भूमि एवं राजस्व, खान एवं भू-तत्व विभाग |
| मंगल पांडेय | BJP | स्वास्थ्य, विधि विभाग |
| नितिन नवीन | BJP | पथ निर्माण, नगर विकास एवं आवास |
| रामकृपाल यादव | BJP | कृषि विभाग |
| दिलीप जायसवाल | BJP | उद्योग विभाग |
| संजय टाइगर | BJP | श्रम संसाधन विभाग |
| अरुण शंकर प्रसाद | BJP | पर्यटन, कला, संस्कृति एवं युवा विभाग |
| सुरेंद्र मेहता | BJP | पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग |
| नारायण प्रसाद | BJP | आपदा प्रबंधन विभाग |
| रमा निषाद | BJP | पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण |
| लखेंद्र पासवान | BJP | अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण |
| श्रेयसी सिंह | BJP | खेल एवं युवा कार्य, सूचना प्रौद्योगिकी |
| प्रमोद चंद्रवंशी | BJP | सहकारिता, पर्यावरण-वन एवं जलवायु परिवर्तन |
छोटे सहयोगियों को भी हिस्सा:
- लोजपा (रामविलास): गन्ना उद्योग एवं लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग
- हम: लघु जल संसाधन विभाग (संतोष सुमन फिर से मंत्री)
- रालोमो: पंचायती राज विभाग
नए चेहरों पर फोकस: श्रेयसी सिंह को खेल मंत्रालय
पहली बार मंत्री बनीं अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज श्रेयसी सिंह को खेल एवं युवा विभाग के साथ आईटी विभाग मिला है। यह युवा और महिला प्रतिनिधित्व को बढ़ावा देने का संकेत माना जा रहा है। वहीं, रामकृपाल यादव जैसे वरिष्ठ नेता को कृषि जैसे महत्वपूर्ण विभाग सौंपकर कृषि सुधारों पर जोर दिया गया है।
नीतीश का नया फोकस: विकास और स्थिरता
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गृह विभाग छोड़कर सामान्य प्रशासन, कैबिनेट सचिवालय और अन्य अनallocate विभाग अपने पास रखे हैं। जद(यू) कोटे के मंत्रियों के विभागों में ज्यादा बदलाव नहीं हुआ, जो स्थिरता का संदेश देता है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बंटवारा एनडीए की एकजुटता को मजबूत करेगा, लेकिन गृह विभाग का बीजेपी के पास जाना नीतीश की राजनीतिक यात्रा में एक बड़ा टर्निंग पॉइंट है। आने वाले दिनों में कानून-व्यवस्था और विकास कार्यों पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।