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ईरान का दावा: अमेरिकी लड़ाकू विमान और ड्रोन मार गिराए, तनाव बढ़ा

ईरान का दावा: अमेरिकी लड़ाकू विमान और ड्रोन मार गिराए, तनाव बढ़ा
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ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) ने शनिवार को एक आधिकारिक बयान जारी कर दावा किया कि उसकी वायु रक्षा इकाइयों ने पिछले 24 घंटों के भीतर अमेरिकी सेना के कई लड़ाकू विमानों, ड्रोनों और मिसाइलों को सफलतापूर्वक मार गिराया है। IRGC के अनुसार, इन कार्रवाइयों में अमेरिकी वायु सेना के F-15 और A-10 थंडरबोल्ट जैसे उन्नत लड़ाकू विमान शामिल हैं। ईरानी सेना ने इस अभियान को अपने हवाई क्षेत्र की सुरक्षा के लिए एक बड़ी सफलता बताया है।

यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब क्षेत्र में सैन्य गतिविधियां अपने चरम पर हैं। IRGC की एयरोस्पेस रक्षा सेना ने बताया कि यह ऑपरेशन ईरान के विभिन्न प्रांतों में चलाया गया, जहां विदेशी विमानों ने कथित तौर पर हवाई सीमा का उल्लंघन किया था। आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, इन इंटरसेप्शन के दौरान उन्नत स्वदेशी और एकीकृत वायु रक्षा प्रणालियों का उपयोग किया गया है।

विमानों और ड्रोनों के विनाश का विवरण

IRGC द्वारा जारी विवरण के अनुसार, ईरानी वायु रक्षा बलों ने खोमीन और ज़ंजन प्रांतों के ऊपर दो अमेरिकी क्रूज मिसाइलों का पता लगाया और उन्हें हवा में ही नष्ट कर दिया। इसके अतिरिक्त, इस्फहान प्रांत के ऊपर दो MQ-9 रीपर हमलावर ड्रोनों को मार गिराने का दावा किया गया है। सेना ने यह भी जानकारी दी कि बुशेहर के आसमान में एक हर्मेस ड्रोन को सफलतापूर्वक इंटरसेप्ट किया गया। ईरान ने अपुष्ट रूप से एक F-35 विमान को भी निशाना बनाने की बात कही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी लंबित है।

F-15 और A-10 थंडरबोल्ट की स्थिति

ईरानी सेना के दावों के अनुसार, एक अमेरिकी F-15 लड़ाकू विमान को मार गिराया गया है, जिसका पायलट विमान से सुरक्षित बाहर निकलने (eject) में विफल रहा। इसके बाद, लापता पायलट की तलाश के लिए भेजे गए एक अन्य अमेरिकी विमान, A-10 थंडरबोल्ट (जिसे 'वॉरहॉग' के नाम से जाना जाता है), को भी निशाना बनाया गया। अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, यह A-10 विमान कुवैती हवाई क्षेत्र तक पहुंचने में सफल रहा, जहां पायलट ने सुरक्षित रूप से इजेक्ट किया और विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया।

बचाव अभियान और हेलीकॉप्टरों पर हमला

रिपोर्टों के अनुसार, ईरानी बलों ने खोज और बचाव (SAR) कार्यों में लगे दो UH-60 ब्लैकहॉक हेलीकॉप्टरों को भी निशाना बनाया। अमेरिकी अधिकारियों ने पुष्टि की है कि इन हमलों के दौरान हेलीकॉप्टरों में सवार सेवा सदस्यों को मामूली चोटें आईं, लेकिन वे सुरक्षित स्थान पर पहुंचने में सफल रहे। यह घटनाक्रम दर्शाता है कि बचाव कार्यों के दौरान भी संघर्ष की स्थिति बनी रही, जिससे सैन्य संपत्तियों को भारी नुकसान पहुंचा है।

उन्नत वायु रक्षा प्रणालियों का उपयोग

IRGC ने स्पष्ट किया है कि ये सभी इंटरसेप्शन ईरान के एकीकृत वायु रक्षा नेटवर्क के तहत संचालित होने वाली नई और उन्नत रक्षा प्रणालियों के माध्यम से किए गए हैं। सेना के अनुसार, ये प्रणालियां रडार और मिसाइल तकनीक के समन्वय से काम करती हैं, जो उच्च ऊंचाई और तेज गति वाले लक्ष्यों को भेदने में सक्षम हैं। ईरानी अधिकारियों ने कहा कि देश की सीमाओं की सुरक्षा के लिए वायु रक्षा नेटवर्क को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

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