नई दिल्ली। सोशल मीडिया (Social Media) पर एक खबर वायरल हो रही है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि भारतीय रेलवे (का पूरी तरह से निजीकरण (Indian Railways Privatization) किया जा रहा है। ये खबर सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रही है। इस वायरल खबर के मुताबिक, निजीकरण की प्रक्रिया में नौकरियों में कटौती (cut in jobs) के साथ रेलवे का निजीकरण किया जा रहा है। आइए जानते हैं आखिर क्या है इस खबर की सच्चाई।।।
जानें आखिर क्या है सच?
Claim: #IndianRailways is being completely privatized along with a cut in jobs. #PIBFactCheck: This claim is #Misleading. There are certain areas where public-private partnership is being worked upon but the control will still vest with @RailMinIndia.
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) September 6, 2020
No jobs are being lost. pic.twitter.com/nV5FxFqAcT
इस खबर की पड़ताल करने पर पता चला कि ये खबर फर्जी है। इससे जुड़ी ऐसी कोई भी खबर किसी भी वेबसाइट पर नहीं छापी गई है। भारत सरकार के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पीआईबी फैक्ट चेक ने भारतीय रेलवे के निजीकरण के दावे को फेक बताते हुए कहा, 'यह दावा फर्जी है! कुछ ऐसे क्षेत्र हैं जहां पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप पर काम किया जा रहा है, लेकिन नियंत्रण अभी भी रेलवे मंत्रालय के पास होगा। ऐसे में ये साफ है कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रही ये खबर गलत है।बता दें इससे पहले भी एक और खबर वायरल हुई थी, जिसमें दावा किया गया था कि रेलवे ने फैसला लिया है कि साल 2020-21 की सैलरी रेलवे कर्मचारियों को नहीं देगा। हालांकि ये दावा भी गलत साबित हुआ था। ऐसे में ये साफ है कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रही ये खबर गलत है।