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इस्तांबुल में इजराइली दूतावास के पास गोलीबारी, तीन हमलावर ढेर।

इस्तांबुल में इजराइली दूतावास के पास गोलीबारी, तीन हमलावर ढेर।
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तुर्की के सबसे बड़े शहर इस्तांबुल में इजराइली दूतावास के पास एक भीषण गोलीबारी की घटना सामने आई है। यह घटना इस्तांबुल के व्यस्त बेसिक्टास इलाके में हुई, जहां सुरक्षा बलों और हथियारबंद हमलावरों के बीच सीधी मुठभेड़ हुई। आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, इस मुठभेड़ में तीन हमलावर मारे गए हैं, जबकि एक अन्य हमलावर को घायल अवस्था में हिरासत में लिया गया है। इस हिंसक झड़प के दौरान कानून प्रवर्तन एजेंसी के दो पुलिस अधिकारी भी घायल हुए हैं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के तुरंत बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।

सशस्त्र मुठभेड़ का घटनाक्रम

प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, हमलावरों और पुलिस के बीच गोलीबारी लगभग 10 मिनट तक जारी रही। रॉयटर्स द्वारा जारी किए गए वीडियो फुटेज में एक पुलिस अधिकारी को अपनी बंदूक निकालते और जवाबी कार्रवाई करते हुए देखा गया है और घटना के दौरान इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और लोग अपनी जान बचाने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर भागते नजर आए। सुरक्षा बलों ने जवाबी कार्रवाई करते हुए तीन हमलावरों को मौके पर ही ढेर कर दिया। बताया जा रहा है कि हमलावर दूतावास की इमारत की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन वहां तैनात सतर्क पुलिसकर्मियों ने उन्हें रोक लिया, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच फायरिंग शुरू हो गई।

हमलावरों की पहचान और पृष्ठभूमि

तुर्की के गृह मंत्री मुस्तफा चिफ्तची ने इस घटना के संबंध में महत्वपूर्ण विवरण साझा किए हैं। उन्होंने पुष्टि की कि मुठभेड़ में मारे गए तीनों हमलावरों की पहचान कर ली गई है। प्रारंभिक जांच के अनुसार, ये हमलावर इजमित शहर से एक किराए की गाड़ी में सवार होकर इस्तांबुल पहुंचे थे। हमलावरों के पास लंबी दूरी की बंदूकें, भारी मात्रा में गोला-बारूद और संदिग्ध बैग बरामद किए गए हैं। गृह मंत्री ने बताया कि हमलावरों में से एक का संबंध एक धार्मिक संगठन से था। इसके अलावा, मारे गए दो हमलावर आपस में भाई थे, जिनमें से एक का पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नशीली दवाओं (ड्रग्स) से जुड़ा हुआ पाया गया है।

दूतावास की सुरक्षा और वर्तमान स्थिति

इस्तांबुल स्थित इजराइली दूतावास पिछले दो वर्षों से परिचालन में नहीं है और वर्तमान में बंद है। अक्टूबर 2023 में इजराइल और हमास के बीच युद्ध शुरू होने के बाद से इस राजनयिक परिसर के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को अत्यधिक कड़ा कर दिया गया था। वर्तमान में तुर्की में कोई भी इजराइली राजनयिक तैनात नहीं है, फिर भी दूतावास की इमारत के बाहर पुलिस बलों की भारी तैनाती रहती है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, दूतावास के बंद होने के बावजूद यह क्षेत्र उच्च सुरक्षा क्षेत्र बना हुआ है। सुरक्षा एजेंसियां इस बात की जांच कर रही हैं कि क्या हमलावरों का मुख्य उद्देश्य बंद पड़े दूतावास को निशाना बनाना था या उनका लक्ष्य वहां तैनात सुरक्षा कर्मी थे।

आधिकारिक जांच और कानूनी कार्रवाई

तुर्की के न्याय मंत्री अकिन गुरलेक ने इस गंभीर घटना की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी दी कि इस मामले की जांच के लिए तीन वरिष्ठ अधिकारियों को नियुक्त किया गया है। न्याय मंत्री ने स्वीकार किया कि यह घटना इजराइली कांसुलेट के ठीक बाहर हुई है, हालांकि उन्होंने अभी तक इसे यहूदी विरोधी हमला करार देने से परहेज किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच दल हर संभावित पहलू से मामले की पड़ताल कर रहा है ताकि हमले के पीछे की साजिश और इसके पीछे छिपे संगठनों का पता लगाया जा सके। पुलिस प्रशासन ने इलाके में अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है और संदिग्धों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।

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