झारखंड विधानसभा मार्च: JPSC और JSSC धांधली के खिलाफ छात्रों का हल्ला बोल, रांची में धारा 163 लागू

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झारखंड विधानसभा मार्च: JPSC और JSSC धांधली के खिलाफ छात्रों का हल्ला बोल, रांची में धारा 163 लागू
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झारखंड में JPSC और JSCC परीक्षाओं में कथित धांधली के खिलाफ छात्रों का आंदोलन अब एक निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में डटे हुए हजारों छात्र आज झारखंड विधानसभा का घेराव करने के लिए तैयार हैं। यह फैसला सरकार के प्रतिनिधियों के साथ हुई तीन दौर की बातचीत के विफल होने के बाद लिया गया है। छात्रों ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं होतीं, उनका आंदोलन और मार्च जारी रहेगा।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम और धारा 163 लागू

छात्रों के प्रस्तावित विधानसभा मार्च को देखते हुए रांची जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है। विधानसभा के आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। पुलिस ने सुरक्षा के लिए कई लेयर की बैरिकेडिंग की है और प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए कंटीले तारों का भी उपयोग किया गया है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने धारा 163 लागू कर दी है। इसके साथ ही जमशेदपुर में भी रविवार आधी रात से निषेधाज्ञा लागू की गई है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि मार्च के दौरान किसी भी प्रकार की हिंसा या गैरकानूनी गतिविधि में शामिल होने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

तीन दौर की वार्ता में फंसा पेंच

इससे पहले रविवार को छात्रों और सरकार के बीच तीसरे दौर की बातचीत हुई जो 5 घंटे से भी अधिक समय तक चली। इस लंबी चर्चा के दौरान सरकार ने छात्रों की कुछ प्रमुख मांगों पर सहमति जताई थी। सरकार 14वीं JPSC परीक्षा को रद्द करने और पूरे मामले की जांच कराने के लिए तैयार हो गई है। हालांकि, छात्र इस मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो यानी CBI से कराने की मांग पर अड़े हुए हैं। इसी मुख्य मुद्दे और कुछ अन्य बिंदुओं पर पेंच फंसने के कारण बातचीत बेनतीजा रही और छात्रों ने अपना आंदोलन जारी रखने का निर्णय लिया।

रांची में उमड़ा छात्रों का सैलाब

रविवार सुबह से ही झारखंड के विभिन्न जिलों से छात्रों का रांची पहुंचना शुरू हो गया था। पुरानी विधानसभा परिसर और मोरहाबादी मैदान के पास अभ्यर्थियों की भारी भीड़ जमा हो गई है। भीड़ इतनी अधिक है कि वहां प्रशासन द्वारा बनाए गए पंडाल भी छोटे पड़ गए हैं। आंदोलनकारी छात्रों ने आरोप लगाया है कि राज्य के अलग-अलग हिस्सों से राजधानी आ रहे सैकड़ों छात्रों को पुलिस द्वारा बलपूर्वक रास्ते में ही रोका जा रहा है ताकि वे इस मार्च में शामिल न हो सकें।

पुलिस प्रशासन की अपील और सतर्कता

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (मुख्यालय) मनोज कौशिक ने स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि विधानसभा मार्च के दौरान अशांति की आशंका को देखते हुए पूरे पुलिस महकमे को सतर्क कर दिया गया है। उन्होंने छात्रों से अपील की है कि वे पिछले दो सप्ताह की तरह ही अपना प्रदर्शन शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से करें। एडीजी ने यह भी कहा कि यह सुनिश्चित करना प्रदर्शनकारियों की जिम्मेदारी है कि कोई भी असामाजिक तत्व या उपद्रवी इस मार्च में शामिल होकर माहौल खराब न करे। रांची जिला प्रशासन ने भी छात्रों से किसी भी उग्र प्रदर्शन से बचने की अपील की है। छात्रों का यह मार्च सुबह 10 बजे से शुरू होने वाला है, जिसे देखते हुए पूरे शहर में सुरक्षा बल तैनात हैं।

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