अमेरिका की सुरक्षा व्यवस्था पर उठते सवालों के बीच ब्रिटेन ने किंग चार्ल्स-तृतीय की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए वाशिंगटन में अतिरिक्त सैनिकों को भेजने का फैसला किया है और यह कदम व्हाइट हाउस के एक कार्यक्रम में हुई गोलीबारी के ठीक 24 घंटे बाद उठाया गया है। सुरक्षा चिंताओं को देखते हुए किंग चार्ल्स के कई पूर्व निर्धारित कार्यक्रमों को भी रद्द कर दिया गया है। अमेरिका भी वर्तमान परिस्थितियों में ब्रिटेन के राजा की सुरक्षा को लेकर कोई जोखिम लेने के पक्ष में नहीं है।
व्हाइट हाउस डिनर में गोलीबारी और सुरक्षा चूक
रविवार को व्हाइट हाउस में पत्रकारों के लिए आयोजित 'व्हाइट हाउस कॉरसपॉन्डेंट डिनर' (WHCD) के दौरान सुरक्षा में बड़ी सेंधमारी हुई। इस कार्यक्रम में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, उनकी पत्नी मेलानिया ट्रंप, उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और कैबिनेट के अन्य वरिष्ठ सदस्य मौजूद थे। कार्यक्रम शुरू होते ही एक व्यक्ति ने गोलीबारी कर दी, जिसे सीक्रेट सर्विस ने तुरंत गिरफ्तार कर लिया। हालांकि, इस घटना ने अमेरिका की सबसे मजबूत सुरक्षा इकाई मानी जाने वाली सीक्रेट सर्विस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। राष्ट्रपति ट्रंप ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि शूटर आया जरूर था, लेकिन वह कुछ कर नहीं पाया।
ब्रिटेन द्वारा अतिरिक्त सैनिकों की तैनाती
किंग चार्ल्स की सुरक्षा को लेकर ब्रिटेन ने कड़ा रुख अपनाया है और लंदन से अतिरिक्त सैनिक वाशिंगटन मंगवाए हैं। वाशिंगटन में ब्रिटेन के राजदूत ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि किंग चार्ल्स की सुरक्षा में किसी भी तरह की चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी और उनकी यात्रा को सफल बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। आमतौर पर नाटो देशों के प्रमुखों की वाशिंगटन यात्रा के दौरान केवल सीमित व्यक्तिगत सुरक्षा स्टाफ ही साथ रहता है, लेकिन हालिया गोलीबारी के बाद ब्रिटेन ने अपने स्वयं के सैनिकों को तैनात करने का असाधारण निर्णय लिया है, जिसे अमेरिका के लिए एक झटके के रूप में देखा जा रहा है।
कार्यक्रमों में कटौती और कूटनीतिक संदर्भ
आईपेपर अखबार की रिपोर्ट के अनुसार, शुरुआत में किंग चार्ल्स का पूरा दौरा रद्द करने पर विचार किया गया था, लेकिन बाद में केवल कुछ विशिष्ट कार्यक्रमों को रद्द करने का निर्णय लिया गया। फिलहाल सुरक्षा कारणों से उन कार्यक्रमों की सूची सार्वजनिक नहीं की गई है जिन्हें रद्द किया गया है। किंग चार्ल्स-तृतीय का यह अमेरिका दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब दोनों देशों के बीच संबंध तनावपूर्ण बताए जा रहे हैं। इसके बावजूद, डोनाल्ड ट्रंप ने दौरा रद्द न करने के फैसले के लिए ब्रिटेन के राजा की सराहना की है।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर ब्रिटेन का यह फैसला अमेरिका की आंतरिक सुरक्षा पर अविश्वास के रूप में देखा जा रहा है। किंग चार्ल्स की सुरक्षा के लिए तैनात किए गए ये अतिरिक्त सैनिक सीधे तौर पर उनकी सुरक्षा की निगरानी करेंगे ताकि यात्रा के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।