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Rajasthan Weather Alert: राजस्थान में हाड़ कंपाएगी ठंड: पारा 5 डिग्री तक लुढ़का, मौसम विभाग का नया अलर्ट जारी

Rajasthan Weather Alert: राजस्थान में हाड़ कंपाएगी ठंड: पारा 5 डिग्री तक लुढ़का, मौसम विभाग का नया अलर्ट जारी
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राजस्थान में कड़ाके की ठंड ने दस्तक दे दी है, और। आने वाले दिनों में यह और भी तीव्र होने वाली है। प्रदेश के कई शहरों में न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों के लिए एक नया अलर्ट जारी किया है, जिसमें पारा और गिरने तथा शीतलहर चलने की संभावना जताई गई है।

वर्तमान तापमान प्रवृत्तियाँ और पूर्वानुमान

राज्य में पारा लगातार लुढ़क रहा है, जिससे ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। हाल ही में, कई शहरों में तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है। मंगलवार को भी पारे में और गिरावट आने की संभावना है, जिससे ठंड और बढ़ेगी और विशेष रूप से, 2 से 4 दिसंबर के बीच शेखावाटी क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक रिकॉर्ड होने का अनुमान है, जो इस क्षेत्र के लिए सामान्य से अधिक ठंडा होगा। पूर्वी राजस्थान में, चित्तौड़गढ़ में आज सबसे अधिक तापमान 28. 6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पश्चिमी राजस्थान में बाड़मेर 30 और 4 डिग्री सेल्सियस के अधिकतम तापमान के साथ सबसे गर्म रहा। यह दर्शाता है कि दिन के तापमान में अभी भी कुछ गर्माहट है, लेकिन रातें तेजी से ठंडी हो रही हैं।

शीतलहर का विस्तारित अलर्ट

मौसम विभाग ने राजस्थान सहित उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, हरियाणा, पंजाब और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में 4 से 5 अतिरिक्त दिनों तक शीतलहर चलने की संभावना व्यक्त की है। सामान्यतः, दिसंबर से फरवरी की अवधि के दौरान 4 से 6 दिन तक शीतलहर की स्थिति रहती है, लेकिन इस बार यह अवधि बढ़ सकती है। यह विस्तारित शीतलहर किसानों और खुले में काम करने वाले लोगों के लिए चिंता का विषय बन सकती है। विभाग ने लोगों को ठंड से बचाव के लिए आवश्यक उपाय करने की सलाह दी है।

ठंड बढ़ने के मौसम संबंधी कारण

तापमान में अचानक गिरावट का मुख्य कारण उत्तर भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के बाद ठंडी हवाओं का लगातार मैदानी इलाकों में पहुंचना है और ये बर्फीली हवाएं हिमालयी क्षेत्रों से आकर मैदानी भागों में ठंड बढ़ा रही हैं। मौसम विभाग का कहना है कि वर्तमान में उत्तर भारत में सक्रिय पश्चिमी। विक्षोभ ठंडी हवाओं के प्रभाव को कुछ हद तक कमजोर कर रहा है। हालांकि, जैसे ही यह सिस्टम 2-3 दिसंबर तक कमजोर होकर हटेगा, उत्तर दिशा से आने वाली बर्फीली हवाएं बिना किसी बाधा के राजस्थान में प्रवेश करेंगी, जिससे ठंड में अचानक और तीव्र वृद्धि होगी।

हल्की बारिश की संभावना

मौसम विभाग के अनुसार, 2 दिसंबर को राजस्थान के कई जिलों में बादल छाए रहने की संभावना है। इसके साथ ही, कुछ स्थानों पर हल्की बारिश भी हो सकती है। यह बारिश पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण होगी। हालांकि, यह बारिश ठंड को और बढ़ा सकती है, क्योंकि नमी के कारण ठंडक का एहसास अधिक होता है। बारिश के बाद आसमान साफ होने पर ठंडी हवाओं का प्रकोप और बढ़ जाएगा, जिससे न्यूनतम तापमान में और गिरावट आएगी।

अत्यधिक ठंड से प्रभावित होने वाले जिले

शीतलहर का प्रभाव सबसे ज्यादा सीकर, झुंझुनूं और चूरू जैसे शेखावाटी क्षेत्रों में महसूस किया जाएगा। इन जिलों में न्यूनतम तापमान में भारी गिरावट की उम्मीद है। 2-3 दिसंबर से प्रदेश के कुल 9 जिलों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंचने का अनुमान है। इन जिलों में फतेहपुर, सीकर, चूरू, अलवर, झुंझुनूं, गंगानगर, हनुमानगढ़, नागौर और लूणकरणसर शामिल हैं। इन क्षेत्रों के निवासियों को विशेष रूप से सतर्क रहने और ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़ों का उपयोग करने की सलाह दी गई है। स्थानीय प्रशासन भी ठंड से बचाव के लिए आवश्यक कदम उठा सकता है।

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