रवींद्र जडेजा का रणजी ट्रॉफी में धमाका: सौराष्ट्र ने छत्तीसगढ़ के खिलाफ बनाए 392 रन

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रवींद्र जडेजा का रणजी ट्रॉफी में धमाका: सौराष्ट्र ने छत्तीसगढ़ के खिलाफ बनाए 392 रन
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रणजी ट्रॉफी के मुकाबले शुरू हो चुके हैं और भारतीय खिलाड़ी घरेलू क्रिकेट में अपना बेहतरीन प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी कड़ी में टीम इंडिया के स्टार खिलाड़ी रवींद्र जडेजा ने बल्ले से जबरदस्त कमाल दिखाया है। सौराष्ट्र के लिए खेलते हुए जडेजा ने शानदार बल्लेबाजी की और अपना शतक पूरा कर लिया है और उनकी इस पारी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे खेल के सबसे लंबे प्रारूप में कितने प्रभावशाली खिलाड़ी हैं और घरेलू क्रिकेट में उनका अनुभव टीम के लिए कितना महत्वपूर्ण है।

सौराष्ट्र और छत्तीसगढ़ के बीच कड़ा मुकाबला

रणजी ट्रॉफी एलाइट ग्रुप बी में सौराष्ट्र और छत्तीसगढ़ के बीच यह महत्वपूर्ण मैच खेला जा रहा है और इस मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए सौराष्ट्र की टीम ने अपनी पहली पारी में सभी विकेट खोकर 392 रनों का एक मजबूत स्कोर खड़ा किया है। टीम की इस पारी के मुख्य सूत्रधार रवींद्र जडेजा रहे, जिन्होंने 209 गेंदों का सामना करते हुए 102 रन बनाए। यह उनके प्रथम श्रेणी क्रिकेट करियर का 16वां शतक है। अपनी इस शतकीय पारी के दौरान जडेजा ने 7 चौके लगाए और टीम को एक मजबूत स्थिति में पहुंचाया।

प्रेरक मांकड़ और चिराग जानी का अहम योगदान

रवींद्र जडेजा के अलावा टीम के लिए प्रेरक मांकड़ ने भी एक शानदार शतकीय पारी खेली। उन्होंने जडेजा से भी अधिक आक्रामक रुख अपनाते हुए 150 गेंदों पर 129 रन बनाए। मांकड़ की इस पारी में 15 चौके और 1 छक्का शामिल रहा, जिसने छत्तीसगढ़ के गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा। इन दोनों के अलावा चिराग जानी ने भी टीम के स्कोर को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। चिराग जानी सौराष्ट्र के लिए तीसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे। उन्होंने 148 गेंदों का सामना किया और 83 रनों की पारी खेली, जिसमें 12 चौके और 3 छक्के शामिल थे। हालांकि, इन तीन बल्लेबाजों के अलावा टीम का कोई भी अन्य खिलाड़ी अर्धशतक तक नहीं पहुंच सका, लेकिन इन पारियों की मदद से टीम एक सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचने में सफल रही।

जडेजा की पारी का दिलचस्प अंत

मैच के दौरान एक दिलचस्प वाकया तब हुआ जब रवींद्र जडेजा अपना शतक पूरा करने के बाद आउट हुए। मजे की बात यह रही कि उन्हें उनके पुराने साथी और हमनाम खिलाड़ी धर्मेंद्रसिंह जडेजा ने ही आउट किया। जैसे ही रवींद्र जडेजा का विकेट गिरा, सौराष्ट्र की पहली पारी 392 रनों पर समाप्त हो गई। यह पल मैदान पर मौजूद खिलाड़ियों और दर्शकों के लिए काफी चर्चा का विषय रहा।

छत्तीसगढ़ के गेंदबाजों का प्रदर्शन

अगर छत्तीसगढ़ की गेंदबाजी की बात करें, तो देव आदित्य सिंह सबसे सफल गेंदबाज साबित हुए। उन्होंने बेहतरीन लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी करते हुए 24 ओवरों में 67 रन देकर 5 विकेट हासिल किए। उनके इस पांच विकेट हॉल की बदौलत ही छत्तीसगढ़ की टीम सौराष्ट्र को 400 रनों के अंदर रोकने में कामयाब रही। देव आदित्य के अलावा रुद्र प्रताप और धर्मेंद्रसिंह जडेजा ने भी अच्छी गेंदबाजी की और 2-2 विकेट अपने नाम किए। वहीं, अनुभवी गेंदबाज संदीप वॉरियर को 1 सफलता मिली। अब यह देखना काफी दिलचस्प होगा कि छत्तीसगढ़ की टीम अपनी पहली पारी में सौराष्ट्र के इस स्कोर का जवाब किस तरह देती है और कितने रन बनाने में सफल होती है।

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