Bharat Taxi: भारत टैक्सी आज से शुरू: ड्राइवरों को जीरो-कमीशन, यात्रियों को ओला-उबर की मनमानी से राहत
Bharat Taxi - भारत टैक्सी आज से शुरू: ड्राइवरों को जीरो-कमीशन, यात्रियों को ओला-उबर की मनमानी से राहत
भारत टैक्सी: देश में कैब सेवाओं का नया युग
आज से देश में एक नई कैब सेवा 'भारत टैक्सी' की शुरुआत हो गई है, जो भारत के राइड-हेलिंग उद्योग में एक महत्वपूर्ण बदलाव लाने के लिए तैयार है। सरकार के पूर्ण समर्थन से शुरू हुई यह सेवा कैब ड्राइवरों के लिए एक जीरो-कमीशन प्लेटफॉर्म और यात्रियों के लिए निश्चित मूल्य पैटर्न का वादा करती है। इसका मुख्य उद्देश्य ओला और उबर जैसी निजी कंपनियों द्वारा अपनाई जाने वाली मनमानी सर्ज प्राइसिंग और ड्राइवरों से लिए जाने वाले उच्च कमीशन को समाप्त करना है। भारत टैक्सी के लॉन्च से कैब ड्राइवरों की आय में वृद्धि होगी और यात्रियों को अप्रत्याशित किराए से राहत मिलेगी, खासकर दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु जैसे प्रमुख महानगरीय क्षेत्रों में।
ड्राइवरों के लिए जीरो-कमीशन मॉडल का लाभ
भारत टैक्सी के मॉडल का केंद्रबिंदु कैब ड्राइवरों को सशक्त बनाना है। अन्य प्लेटफॉर्मों के विपरीत, जो ड्राइवरों की कमाई से भारी कमीशन काटते हैं, भारत टैक्सी पूरी तरह से जीरो-कमीशन के आधार पर काम करेगी और इसका मतलब है कि यात्री द्वारा अपनी यात्रा के लिए भुगतान किया गया पूरा किराया सीधे ड्राइवर की जेब में जाएगा। यह महत्वपूर्ण नीतिगत बदलाव ड्राइवरों की शुद्ध आय में भारी वृद्धि करेगा, जिससे उन्हें अपनी कमाई पर पूर्ण स्वामित्व मिलेगा और प्लेटफॉर्म ऑपरेटरों के साथ एक बड़ा हिस्सा साझा करने की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी और इस कदम से देश भर के हजारों कैब ड्राइवरों के लिए अधिक न्यायसंगत और टिकाऊ आजीविका को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।यात्रियों को राहत: निश्चित किराया और कोई सर्ज प्राइसिंग नहीं
भारत टैक्सी की शुरुआत से यात्रियों को भी जबरदस्त फायदा होने वाला है। यह प्लेटफॉर्म 'फिक्स्ड प्राइस' पैटर्न को अपनाता है, यह सुनिश्चित करता है कि यात्रा का किराया बाहरी कारकों जैसे पीक आवर्स, बारिश जैसी प्रतिकूल मौसम की स्थिति या भारी ट्रैफिक की परवाह किए बिना स्थिर रहे। यह सीधे तौर पर निजी कंपनियों द्वारा उपयोग किए जाने वाले 'सर्ज प्राइसिंग' मॉडल का मुकाबला करता है, जो अक्सर उच्च मांग अवधि के दौरान किराए में अचानक और महत्वपूर्ण वृद्धि का कारण बनता है, जिससे यात्रियों की तत्काल परिवहन की आवश्यकता का फायदा उठाया जाता है। भारत टैक्सी के साथ, यात्रियों को केवल तय की गई दूरी के लिए भुगतान करना होगा, जिससे यात्रा लागत में बहुत आवश्यक पारदर्शिता और पूर्वानुमेयता आएगी।व्यापक उपलब्धता और ऐप-आधारित सुविधा
भारत टैक्सी दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, पुणे, हैदराबाद, नोएडा और गुरुग्राम सहित भारत के प्रमुख शहरों में महत्वपूर्ण प्रभाव डालने के लिए तैयार है। यह सेवा परिवहन आवश्यकताओं की एक विस्तृत श्रृंखला को पूरा करेगी, जिसमें कार, ऑटो और बाइक तीनों श्रेणियां शामिल होंगी। मौजूदा राइड-हेलिंग सेवाओं की सुविधा को दर्शाते हुए, भारत टैक्सी पूरी तरह। से ऐप-आधारित होगी, जो एंड्रॉइड और आईओएस दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होगी। मोबाइल एप्लिकेशन उपयोगकर्ताओं को एसी और नॉन-एसी दोनों तरह की कैब बुक करने की सुविधा भी प्रदान करेगा, जिससे विभिन्न प्राथमिकताओं और बजट के लिए विकल्प सुनिश्चित होंगे।किराया संरचना को समझना
भारत टैक्सी की सबसे आकर्षक विशेषताओं में से एक इसकी स्पष्ट और पारदर्शी किराया संरचना है, जिसे किफायती और अनुमानित होने के लिए डिज़ाइन किया गया है। लाइव हिंदुस्तान की एक रिपोर्ट के अनुसार, किसी भी यात्रा के शुरुआती 4 किलोमीटर के लिए 30 रुपये का निश्चित किराया होगा। शुरुआती 4 किलोमीटर से आगे, 12 किलोमीटर तक की दूरी के लिए, प्रत्येक अतिरिक्त किलोमीटर का किराया 23 रुपये होगा। 12 किलोमीटर से अधिक की यात्रा के लिए, प्रति किलोमीटर किराया 18 रुपये तक कम हो जाएगा। यह टियर वाली मूल्य निर्धारण मॉडल सुनिश्चित करता है कि लंबी यात्राएं यात्रियों के लिए उत्तरोत्तर अधिक किफायती हों।किराये के उदाहरण से समझें गणित
किराया गणना को बेहतर ढंग से समझने के लिए, 12 किलोमीटर की यात्रा पर विचार करें। पहले 4 किलोमीटर के लिए 30 रुपये का निश्चित किराया लगेगा। शेष 8 किलोमीटर (5वें से 12वें किलोमीटर तक) के लिए 23 रुपये प्रति किलोमीटर की दर से 184 रुपये (8 किमी 23 रुपये/किमी) का शुल्क लिया जाएगा। इसलिए, 12 किलोमीटर की यात्रा के लिए कुल किराया 30 + 184 = 214 रुपये होगा। इसी तरह, 15 किलोमीटर की यात्रा के लिए, पहले 4 किलोमीटर का किराया 30 रुपये है। अगले 11 किलोमीटर (5वें से 15वें किलोमीटर तक) के लिए 18 रुपये प्रति किलोमीटर की दर से 198 रुपये (11 किमी 18 रुपये/किमी) का शुल्क लिया जाएगा। इस प्रकार, 15 किलोमीटर की यात्रा का कुल किराया 30 + 198 = 228 रुपये होगा। ये उदाहरण भारत टैक्सी के मूल्य निर्धारण मॉडल की सीधी और अनुमानित प्रकृति को उजागर करते हैं, जो प्रतिस्पर्धियों के अक्सर अपारदर्शी और उतार-चढ़ाव वाले किराए का एक स्पष्ट विकल्प प्रदान करता है।