भारत बनाम बांग्लादेश सीरीज पर सस्पेंस, अमीनुल हक को अब भी समाधान की उम्मीद

Add as Preferred Source on Google News
विज्ञापन
भारत बनाम बांग्लादेश सीरीज पर सस्पेंस, अमीनुल हक को अब भी समाधान की उम्मीद
विज्ञापन

भारत और बांग्लादेश के बीच प्रस्तावित क्रिकेट सीरीज के भविष्य पर अनिश्चितता के बादल मंडरा रहे हैं। दोनों देशों के बीच मौजूदा रिश्तों में आई तल्खी का असर अब खेल के मैदान पर भी साफ दिखाई दे रहा है। हालांकि बांग्लादेश की सरकार को अब भी इस बात की उम्मीद है कि यह सीरीज आयोजित की जा सकेगी, लेकिन भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने इस पूरे मामले पर अब तक अपनी चुप्पी नहीं तोड़ी है। टीम इंडिया का बांग्लादेश दौरा पहले से प्रस्तावित है, जिसमें वनडे और टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों की सीरीज खेली जानी है, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए इस दौरे का होना काफी मुश्किल नजर आ रहा है।

खेल मंत्री अमीनुल हक को समाधान की तलाश

बांग्लादेश के युवा एवं खेल राज्य मंत्री अमीनुल हक ने इस विवाद के बीच एक सकारात्मक रुख अपनाने की कोशिश की है। क्रिकबज की एक रिपोर्ट के अनुसार, अमीनुल हक ने कहा है कि उनकी सरकार सितंबर में भारतीय टीम का स्वागत करने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि दोनों देशों के बीच जो कड़वाहट इस समय बनी हुई है, उसे खेल के माध्यम से दूर किया जा सकता है। उनका मानना है कि क्रिकेट के जरिए रिश्तों को फिर से पटरी पर लाया जा सकता है, हालांकि बीसीसीआई की ओर से अब तक कोई सकारात्मक संकेत नहीं मिले हैं। अमीनुल हक को भरोसा है कि बातचीत के जरिए कोई न कोई रास्ता जरूर निकलेगा।

सीरीज का इतिहास और स्थगन का कारण

भारतीय क्रिकेट टीम के इस दौरे की योजना काफी समय पहले बनाई गई थी और मूल रूप से टीम इंडिया को पिछले साल यानी 2025 में ही बांग्लादेश के दौरे पर जाना था। लेकिन किन्हीं कारणों से इसे टाल दिया गया और नई समय सीमा तय की गई कि अब सितंबर 2026 में टीम इंडिया बांग्लादेश जाएगी। अब जबकि सितंबर 2026 का समय नजदीक आ रहा है, सीरीज के आयोजन को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। इस सीरीज में 3 वनडे और 3 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले जाने की योजना थी। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) ने शुरुआत में इस सीरीज को लेकर काफी उत्साह दिखाया था, लेकिन हालिया घटनाक्रमों ने सब कुछ बदल दिया है।

टी20 विश्व कप 2026 और पाकिस्तान का प्रभाव

इस पूरे विवाद की जड़ साल 2026 की शुरुआत में भारत में आयोजित हुए टी20 विश्व कप से जुड़ी है। खबरों के मुताबिक, उस समय पाकिस्तान के बहकावे में आकर बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने अपने खिलाड़ियों को भारत भेजने से साफ इनकार कर दिया था। आईसीसी ने बांग्लादेश को समझाने और भारत में मैच खेलने के लिए मनाने की काफी कोशिशें की थीं, लेकिन बीसीबी अपने फैसले पर अडिग रहा। इसका परिणाम यह हुआ कि बांग्लादेश को टी20 विश्व कप 2026 से बाहर होना पड़ा और उनकी जगह स्कॉटलैंड को इस बड़े आईसीसी टूर्नामेंट में प्रवेश दिया गया। इस घटना ने बीसीसीआई और बीसीबी के बीच के रिश्तों में बड़ी दरार पैदा कर दी।

मीडिया राइट्स पर रोक और जांच कमेटी का गठन

हाल के दिनों में कुछ ऐसे घटनाक्रम हुए हैं जिनसे सीरीज के रद्द होने की आशंका और बढ़ गई है। इस महीने की शुरुआत में बीसीबी ने भारत के खिलाफ होने वाली इस सीरीज के मीडिया राइट्स बेचने की प्रक्रिया शुरू की थी, लेकिन इसे अचानक बीच में ही रोक दिया गया। इस कदम ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं कि क्या बोर्ड को पहले ही आभास हो गया है कि टीम इंडिया दौरा नहीं करेगी। इस बीच, बांग्लादेश ने एक आंतरिक जांच कमेटी भी बनाई है जो इस बात की पड़ताल करेगी कि आखिर बांग्लादेश ने भारत में टी20 विश्व कप खेलने से इनकार क्यों किया था। फिलहाल बीसीसीआई की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है और समय की कमी को देखते हुए टीम इंडिया का बांग्लादेश जाना फिलहाल एक दूर की कौड़ी ही नजर आता है।

विज्ञापन