ईरान से प्राप्त आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार, देश के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की पत्नी मंसूरे खोजस्ते बागेरज़ादेह का उपचार के दौरान निधन हो गया है। वह कुछ दिन पहले तेहरान में अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए एक संयुक्त सैन्य हमले में गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। तसनीम समाचार एजेंसी ने इस खबर की पुष्टि करते हुए बताया कि मंसूरे खोजस्ते बागेरज़ादेह उसी हमले का शिकार हुई थीं, जिसमें उनके पति अयातुल्ला अली खामेनेई की मृत्यु हुई थी। अस्पताल में गहन चिकित्सा के बावजूद उनकी स्थिति में सुधार नहीं हुआ और उन्होंने अंतिम सांस ली।
यह हमला शनिवार को मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच किया गया था, जिसमें अमेरिका और इजरायल की वायु सेनाओं ने ईरान के कई रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया था। इन ठिकानों में सर्वोच्च नेता का कार्यालय और उनका निजी परिसर भी शामिल था। रिपोर्टों के अनुसार, हमले के समय पूरा परिवार परिसर में मौजूद था, जिसके कारण जान-माल का भारी नुकसान हुआ है।
संयुक्त सैन्य अभियान और हमले का विवरण
अमेरिका और इजरायल द्वारा संचालित इस संयुक्त अभियान का मुख्य उद्देश्य ईरान के शीर्ष नेतृत्व और उनके प्रशासनिक केंद्रों को निशाना बनाना था और शनिवार को हुए इस हमले में उन्नत मिसाइल तकनीक का उपयोग किया गया, जिसने तेहरान स्थित सर्वोच्च नेता के कार्यालय को सीधे प्रभावित किया। अधिकारियों के अनुसार, यह हमला ईरान के परमाणु कार्यक्रम और उसकी बढ़ती मिसाइल क्षमताओं के जवाब में किया गया था। हमले की तीव्रता इतनी अधिक थी कि परिसर का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह ध्वस्त हो गया। इसी हमले में अयातुल्ला अली खामेनेई की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि उनकी पत्नी को गंभीर अवस्था में अस्पताल ले जाया गया था।
पारिवारिक क्षति और हताहतों की जानकारी
इस सैन्य कार्रवाई में केवल सर्वोच्च नेता और उनकी पत्नी ही प्रभावित नहीं हुए, बल्कि उनके परिवार के अन्य सदस्य भी हताहत हुए हैं और प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस हमले में खामेनेई की बेटी और उनके दामाद की भी मृत्यु हो गई है। मंसूरे खोजस्ते बागेरज़ादेह, जो 79 वर्ष की थीं, हमले के समय अपने पति के साथ परिसर में ही मौजूद थीं। उनके निधन के साथ ही ईरान के शीर्ष नेतृत्व के परिवार को इस संघर्ष में अपूरणीय क्षति हुई है और ईरानी मीडिया के अनुसार, परिवार के अन्य सदस्यों और सुरक्षाकर्मियों के बारे में अभी विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है।
मंसूरे खोजस्ते बागेरज़ादेह का जीवन परिचय
मंसूरे खोजस्ते बागेरज़ादेह का जन्म ईरान के मशहद शहर में हुआ था। वह एक प्रतिष्ठित परिवार से ताल्लुक रखती थीं और इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान ब्रॉडकास्टिंग (आईआरआईबी) के पूर्व उप निदेशक हसन खोजस्ते बगेरज़ादेह की बहन थीं। उन्होंने अयातुल्ला अली खामेनेई के साथ दशकों तक ईरान के राजनीतिक और धार्मिक जीवन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, हालांकि वह सार्वजनिक जीवन में बहुत कम सक्रिय रहती थीं। 79 वर्ष की आयु में उनका निधन ईरान के भीतर एक बड़े युग के अंत के रूप में देखा जा रहा है। वह अपने पीछे एक ऐसा परिवार छोड़ गई हैं जो वर्तमान में इस भीषण सैन्य संघर्ष की चपेट में है।
अमेरिकी प्रशासन का आधिकारिक रुख
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इस अभियान के बाद एक आधिकारिक वीडियो संदेश जारी किया है और राष्ट्रपति ट्रम्प के अनुसार, ईरान लगातार अपने परमाणु कार्यक्रम पर काम कर रहा है और ऐसी मिसाइलें विकसित कर रहा है जो सीधे तौर पर अमेरिका और उसके सहयोगियों के लिए खतरा पैदा कर सकती हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई सुरक्षा चिंताओं को देखते हुए की गई थी। अपने संबोधन में ट्रम्प ने ईरानी जनता से भी अपील की कि वे वर्तमान शासन के खिलाफ खड़े हों और अपनी स्वयं की सरकार का गठन करें। अमेरिका ने इस हमले को आत्मरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने की दिशा में उठाया गया कदम बताया है।
क्षेत्रीय सुरक्षा और भू-राजनीतिक प्रभाव
इस घटना के बाद मध्य-पूर्व में सुरक्षा स्थिति अत्यंत संवेदनशील हो गई है। ईरान ने इस हमले के जवाब में कई खाड़ी देशों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है, जिससे क्षेत्र में व्यापक युद्ध की आशंका बढ़ गई है। ईरान के सैन्य अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि वे अपने सर्वोच्च नेता और उनके परिवार की मौत का बदला लेंगे। इस बीच, खाड़ी देशों में सुरक्षा अलर्ट जारी कर दिया गया है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय स्थिति पर नजर बनाए हुए है और अमेरिका और इजरायल की इस संयुक्त कार्रवाई ने क्षेत्र के कूटनीतिक समीकरणों को पूरी तरह बदल दिया है, जिससे आने वाले समय में सैन्य गतिविधियों में और तेजी आने की संभावना है।