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के अन्नामलाई ने बीजेपी से दिया इस्तीफा: अध्यक्ष नितिन नबीन ने किया स्वीकार

के अन्नामलाई ने बीजेपी से दिया इस्तीफा: अध्यक्ष नितिन नबीन ने किया स्वीकार
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तमिलनाडु की राजनीति में एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। भारतीय जनता पार्टी के कद्दावर नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के अन्नामलाई ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है और उनके इस चौंकाने वाले फैसले को बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने स्वीकार कर लिया है। अन्नामलाई का इस्तीफा ऐसे समय में आया है जब राज्य में राजनीतिक समीकरण तेजी से बदल रहे हैं और नए गठबंधनों की चर्चाएं तेज हैं।

अमित शाह के साथ दिल्ली में हुई अहम मुलाकात

इस्तीफे की औपचारिक घोषणा से पहले, 2 जून को अन्नामलाई ने नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी। इस मुलाकात के दौरान उन्होंने पार्टी हाईकमान को अपने फैसले से अवगत करा दिया था। सूत्रों के अनुसार, यह बैठक लगभग 30 मिनट तक चली थी। हालांकि इस मुलाकात के बारे में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था, लेकिन बताया जा रहा है कि पार्टी ने उन्हें भरोसा दिलाया था कि उनके द्वारा उठाए गए मुद्दों पर चर्चा की जाएगी और जल्द ही जवाब दिया जाएगा।

पार्टी सूत्रों का यह भी कहना है कि उस 30 मिनट की मुलाकात के दौरान नेतृत्व ने अन्नामलाई से फिलहाल अपने इस्तीफे के प्लान को टालने का आग्रह किया था। लेकिन अंततः उनके इस्तीफे को स्वीकार कर लिया गया, जिससे उनके और बीजेपी के बीच का औपचारिक रिश्ता अब खत्म हो गया है। पूर्व IPS अधिकारी के इस कदम ने राज्य के राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी है।

भविष्य की रणनीति और अभिनेता विजय का प्रभाव

पूर्व IPS अधिकारी रहे के अन्नामलाई के बारे में कहा जा रहा है कि उन्होंने पार्टी छोड़ने की योजना कई महीने पहले ही तैयार कर ली थी। उनके करीबी सूत्रों का मानना है कि तमिलनाडु की राजनीति में अभिनेता विजय के एक नई राजनीतिक ताकत के रूप में उभरने के बाद स्थितियां काफी बदल गई हैं। इस नए घटनाक्रम ने अन्नामलाई को अपनी रणनीति पर पुनर्विचार करने के लिए प्रेरित किया है और वे अब नए सिरे से अपनी जमीन तलाश रहे हैं।

ऐसी अटकलें लगाई जा रही हैं कि अन्नामलाई जल्द ही एक बड़े जन-आंदोलन की शुरुआत कर सकते हैं। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि यह जन-आंदोलन भविष्य में एक नई राजनीतिक पार्टी का रूप ले सकता है। खुद की पार्टी बनाने के सवालों पर अन्नामलाई ने अभी तक पूरी तरह से पत्ते नहीं खोले हैं, लेकिन उन्होंने संकेत दिया है कि जल्द ही सब कुछ साफ हो जाएगा। दिल्ली रवाना होने से पहले उन्होंने मीडिया से कहा था, "कृपया इंतजार करें। " उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि वह जल्द ही सभी सवालों के जवाब देंगे और अपनी स्थिति स्पष्ट करेंगे।

AIADMK के साथ रिश्तों में कड़वाहट

अन्नामलाई के राजनीतिक सफर में उनका आक्रामक अंदाज हमेशा चर्चा का विषय रहा है। जानकारों का मानना है कि उनके इसी कड़े रुख की वजह से तमिलनाडु में बीजेपी की पुरानी सहयोगी पार्टी AIADMK के साथ उनके रिश्ते तनावपूर्ण हो गए थे। इसी तनाव के चलते अंततः दोनों पार्टियों का गठबंधन टूट गया था। अब बीजेपी से अलग होने के बाद अन्नामलाई का अगला कदम क्या होगा, इस पर पूरे देश की नजरें टिकी हुई हैं। उनके इस फैसले से तमिलनाडु में बीजेपी की भविष्य की रणनीति पर भी बड़ा असर पड़ सकता है।

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