दाद से पाएं छुटकारा: पीली सरसों और छाछ का देसी लेप, 7 दिन में दिखेगा असर

Add as Preferred Source on Google News
विज्ञापन
दाद से पाएं छुटकारा: पीली सरसों और छाछ का देसी लेप, 7 दिन में दिखेगा असर
विज्ञापन

दाद अगर शरीर के किसी भी हिस्से पर हो जाए तो वहां पर तेज खुजली महसूस होती है और फिर इसके बाद इसमें इरिटेशन भी होने लगती है। यह कवक (फंगस) से होने वाला एक स्किन इंफेक्शन है जो नमी वाले स्थानों में तेजी से फैलता है, जैसे कि पब्लिक वॉशरूम और लॉकर रूम। दाद एक इंसान या जानवर से भी दूसरे में फैल सकता है। यह शरीर के किसी भी हिस्से जैसे हाथ-पैर, गर्दन, धड़ और यहां तक कि सिर में भी हो सकता है। इससे त्वचा पर रिंग (गोल) शेप बन जाता है, जिसमें पानी वाले और पपड़ीदार दाने होते हैं और त्वचा बहुत रफ हो जाती है। इससे छुटकारा पाने के लिए अगर आप बहुत सारी क्रीमें लगाकर थक चुके हैं, तो सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट श्वेता शाह द्वारा बताया गया यह विशेष देसी लेप प्रभावी हो सकता है।

दाद के लक्षण और फैलने के मुख्य कारण

दाद की समस्या उन लोगों को ज्यादा होती है जो ऐसी गतिविधियों से जुड़े होते हैं जिनमें किसी और व्यक्ति के सीधे संपर्क में आना होता है, जैसे कि कुश्ती और इसके अलावा, बहुत ज्यादा पसीना आने वालों को भी यह समस्या होने की संभावना अधिक रहती है। कई बार पब्लिक टॉयलेट या बाथरूम का उपयोग करने से भी व्यक्ति दाद से संक्रमित हो सकता है। यह संक्रमण त्वचा पर लाल, गोल और खुजलीदार चकत्तों के रूप में दिखाई देता है, जो समय के साथ फैल सकते हैं।

लेप बनाने के लिए आवश्यक सामग्री और विधि

दाद से छुटकारा पाने के लिए इस देसी लेप को बनाने के लिए केवल दो मुख्य सामग्रियों की आवश्यकता होती है। इसमें पहला इनग्रेडिएंट पीली सरसों के दाने हैं और दूसरा फ्रेश छाछ है।

इस्तेमाल का तरीका और 7 दिनों का प्रभाव

सरसों के दाने और छाछ के इस लेप को शरीर के उन हिस्सों पर लगाएं जहां पर दाद की समस्या है। इसे लगाने के बाद कम से कम 20 से 30 मिनट तक लगा रहने दें और फिर सामान्य पानी से धो लें। न्यूट्रिशनिस्ट श्वेता शाह के अनुसार, इस लेप को लगातार 7 दिनों तक लगाना चाहिए। इससे दाद की वजह से होने वाली खुजली और स्किन की इरिटेशन में कमी आती है। इसके अलावा, यह लेप फंगल इंफेक्शन को बढ़ने से रोकता है, जिससे दाद धीरे-धीरे ठीक होने लगता है।

बचाव के लिए जरूरी सावधानियां और परहेज

यदि शरीर के किसी ऐसे अंग पर दाद है जो कपड़ों से ढका रहता है, तो विशेष सावधानी बरतनी चाहिए और ऐसे में तंग या कसे हुए कपड़े पहनने से बचें, क्योंकि रगड़ लगने से समस्या बढ़ सकती है। हमेशा मुलायम फैब्रिक वाले कपड़े ही चुनें। पसीना आने पर प्रभावित हिस्से को तुरंत साफ करें। इसके साथ ही, अपनी तौलिया या कपड़े किसी दूसरे के साथ साझा न करें और न ही किसी अन्य व्यक्ति के तौलिया या कपड़ों का उपयोग करें।

विज्ञापन