इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के 19वें सीजन का तीसरा मुकाबला राजस्थान रॉयल्स और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच खेला जाएगा। यह मैच गुवाहाटी के बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित किया जा रहा है, जो राजस्थान रॉयल्स का दूसरा घरेलू मैदान है। 28 मार्च से शुरू हुए इस टूर्नामेंट में दोनों टीमों के बीच होने वाली इस भिड़ंत पर क्रिकेट प्रशंसकों की गहरी नजरें टिकी हुई हैं। दोनों टीमों के बीच अब तक का इतिहास काफी रोमांचक रहा है और आंकड़ों के लिहाज से दोनों में कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली है।
आईपीएल के इस नए सीजन में दोनों टीमों के स्क्वाड में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिले हैं। सबसे बड़ा बदलाव रवींद्र जडेजा और संजू सैमसन के रूप में सामने आया है। रवींद्र जडेजा, जो लंबे समय तक चेन्नई सुपर किंग्स की कोर टीम का हिस्सा रहे, अब राजस्थान रॉयल्स की जर्सी में नजर आएंगे। वहीं, राजस्थान रॉयल्स के पूर्व कप्तान संजू सैमसन इस सीजन में चेन्नई सुपर किंग्स की टीम का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और इन बदलावों ने इस मुकाबले की रणनीतिक गहराई को और अधिक बढ़ा दिया है।
हेड टू हेड रिकॉर्ड में चेन्नई का मामूली पलड़ा भारी
राजस्थान रॉयल्स और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच आईपीएल इतिहास में अब तक कुल 31 मुकाबले खेले गए हैं। इन आंकड़ों का विश्लेषण करने पर पता चलता है कि दोनों टीमों के बीच जीत का अंतर बहुत कम है। चेन्नई सुपर किंग्स ने इन 31 मैचों में से 16 में जीत हासिल की है, जबकि राजस्थान रॉयल्स 15 मैचों में विजयी रही है। आंकड़ों के अनुसार, चेन्नई की टीम राजस्थान के खिलाफ अपनी 17वीं जीत की तलाश में है। यदि चेन्नई यह मैच जीतती है, तो वह रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के उस रिकॉर्ड की बराबरी कर लेगी, जिसमें उन्होंने राजस्थान के खिलाफ सर्वाधिक 17 मैच जीते हैं।
पिछले 10 मुकाबलों में राजस्थान रॉयल्स का दबदबा
भले ही ऐतिहासिक आंकड़ों में चेन्नई सुपर किंग्स एक मैच आगे हो, लेकिन हालिया प्रदर्शन के मामले में राजस्थान रॉयल्स का पलड़ा काफी भारी नजर आता है। पिछले 10 मुकाबलों की बात करें तो राजस्थान रॉयल्स ने चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए 8 मैचों में जीत दर्ज की है। इस दौरान चेन्नई की टीम केवल 2 बार ही राजस्थान को हराने में सफल हो सकी है। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि पिछले कुछ वर्षों में राजस्थान की टीम ने चेन्नई के खिलाफ अपनी रणनीति को अधिक प्रभावी ढंग से लागू किया है।
पिछले सीजन के प्रदर्शन और गुवाहाटी का मैदान
आईपीएल 2025 के सीजन में भी राजस्थान रॉयल्स का दबदबा कायम रहा था। पिछले सीजन में दोनों टीमों के बीच दो बार आमना-सामना हुआ और दोनों ही मौकों पर राजस्थान रॉयल्स ने जीत हासिल की। इसमें से एक मुकाबला गुवाहाटी के इसी बरसापारा स्टेडियम में खेला गया था, जहां राजस्थान रॉयल्स ने एक रोमांचक मैच में चेन्नई सुपर किंग्स को 6 रनों से मात दी थी। बरसापारा स्टेडियम की पिच और परिस्थितियों से राजस्थान के खिलाड़ी भली-भांति परिचित हैं, जो उन्हें इस मुकाबले में मनोवैज्ञानिक लाभ प्रदान कर सकता है।
प्रमुख खिलाड़ियों की अदला-बदली और नए समीकरण
इस सीजन में खिलाड़ियों की अदला-बदली ने मुकाबले को और भी दिलचस्प बना दिया है। संजू सैमसन का चेन्नई सुपर किंग्स में जाना और रवींद्र जडेजा का राजस्थान रॉयल्स में शामिल होना दोनों टीमों के संतुलन को बदल चुका है। संजू सैमसन को राजस्थान की रणनीतियों की गहरी समझ है, जबकि जडेजा चेन्नई के ड्रेसिंग रूम के माहौल और उनकी कार्यशैली से अच्छी तरह वाकिफ हैं। अधिकारियों के अनुसार, इन बदलावों के कारण मैदान पर दोनों टीमों की कप्तानी और ऑन-फील्ड फैसलों में नई तकनीक और दृष्टिकोण देखने को मिल सकते हैं।
बरसापारा स्टेडियम में दर्शकों का उत्साह
गुवाहाटी का बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम पूर्वोत्तर भारत में क्रिकेट का एक प्रमुख केंद्र बन चुका है। राजस्थान रॉयल्स ने इसे अपने दूसरे होम ग्राउंड के रूप में अपनाया है। पिछले कुछ मैचों में यहां की पिच ने बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों को समान अवसर प्रदान किए हैं। स्थानीय दर्शकों में इस हाई-प्रोफाइल मुकाबले को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है। स्टेडियम की क्षमता और वहां की सुविधाओं को देखते हुए एक हाई-स्कोरिंग मैच की उम्मीद की जा रही है, जहां स्पिनर्स की भूमिका भी महत्वपूर्ण हो सकती है।