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: शुभेंदु अधिकारी के CM बनते ही अभिषेक बनर्जी का हमला, लगाए गंभीर आरोप

- शुभेंदु अधिकारी के CM बनते ही अभिषेक बनर्जी का हमला, लगाए गंभीर आरोप
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पश्चिम बंगाल में राजनीतिक घटनाक्रम के बीच शुभेंदु अधिकारी के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने मोर्चा खोल दिया है। ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक विस्तृत पोस्ट साझा करते हुए चुनावी प्रक्रिया और चुनाव के बाद की स्थितियों पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने नई सरकार के गठन के तुरंत बाद वोटर लिस्ट, मतगणना प्रक्रिया और राज्य में हुई हिंसा को लेकर तीखे आरोप लगाए हैं।

30 लाख मतदाताओं के नाम हटाने का दावा

अभिषेक बनर्जी ने अपने आरोपों में सबसे प्रमुख मुद्दा मतदाता सूची का उठाया है। उनका दावा है कि पश्चिम बंगाल में हालिया चुनाव अत्यंत कठिन परिस्थितियों में लड़ा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि लगभग 30 लाख 'वास्तविक मतदाताओं' के नाम कथित तौर पर मतदाता सूची से हटा दिए गए थे। बनर्जी के अनुसार, चुनाव आयोग और विभिन्न सरकारी एजेंसियों का रवैया इस दौरान पक्षपातपूर्ण रहा, जिससे पूरी चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता, विश्वसनीयता और पारदर्शिता पर गंभीर प्रश्नचिह्न लग गए हैं।

मतगणना और सीसीटीवी फुटेज की मांग

मतगणना प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए टीएमसी नेता ने कंट्रोल यूनिट में गड़बड़ियों की आशंका जताई है। उन्होंने मांग की है कि चुनाव की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मतगणना केंद्रों के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज को सार्वजनिक किया जाना चाहिए। इसके साथ ही, उन्होंने वीवीपीएटी (VVPAT) पर्चियों की पूरी पारदर्शिता के साथ गिनती कराने पर जोर दिया है ताकि जनता के मन में चुनाव परिणामों को लेकर उठ रहे संदेहों को दूर किया जा सके।

हिंसा और कार्यकर्ताओं की सुरक्षा पर चिंता

अभिषेक बनर्जी ने चुनाव के बाद हुई हिंसा की घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की है और उन्होंने आरोप लगाया कि टीएमसी के कार्यालयों पर हमले किए गए और पार्टी कार्यकर्ताओं को डराया-धमकाया गया। उनके अनुसार, कई समर्थकों को हिंसा के डर से अपने घर छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा है और उन्होंने स्पष्ट किया कि लोकतंत्र में किसी भी राजनीतिक कार्यकर्ता को अपनी विचारधारा और व्यक्तिगत सुरक्षा के बीच चुनाव करने के लिए विवश नहीं किया जाना चाहिए।

पार्टी की भविष्य की रणनीति पर बात करते हुए अभिषेक बनर्जी ने कहा कि टीएमसी संवैधानिक मूल्यों और लोकतांत्रिक परंपराओं की रक्षा के लिए अपना संघर्ष जारी रखेगी और उन्होंने घोषणा की कि ममता बनर्जी के नेतृत्व में उनकी पार्टी पश्चिम बंगाल और दिल्ली, दोनों ही स्तरों पर एक सशक्त विपक्ष की भूमिका निभाएगी। अंत में, उन्होंने टीएमसी कार्यकर्ताओं से एकजुट रहने की अपील की और कहा कि यदि किसी को हिंसा या धमकी का सामना करना पड़ता है, तो वे सीधे उनसे संपर्क कर सकते हैं, क्योंकि पार्टी हर कानूनी और लोकतांत्रिक लड़ाई लड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।

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