वैभव सूर्यवंशी एक बार फिर से क्रिकेट के मैदान पर उतरने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। इस बार उनके सामने एक बड़ी चुनौती और एक नई जिम्मेदारी होगी। वैभव सूर्यवंशी अब दलीप ट्रॉफी के लिए मैदान में उतरेंगे और इस बार उन्हें एक महत्वपूर्ण भूमिका सौंपी गई है। उन्हें इस बार ईस्ट जोन की टीम का उपकप्तान बनाया गया है। यह टूर्नामेंट वैभव के लिए एक कड़ी परीक्षा साबित होने वाला है क्योंकि जिस फॉर्मेट में वह उतरने जा रहे हैं उसमें उनका प्रदर्शन अब तक बहुत ज्यादा प्रभावशाली नहीं रहा है। मैच शुरू होने में अब ज्यादा समय नहीं बचा है इसलिए खेल प्रेमियों के लिए यह जानना जरूरी है कि यह मुकाबला कब और कितने बजे से खेला जाएगा। यह पूरा टूर्नामेंट टेस्ट फॉर्मेट पर आधारित होगा जो खिलाड़ियों के धैर्य की परीक्षा लेता है।
23 अगस्त से शुरू होंगे दलीप ट्रॉफी के मुकाबले
दलीप ट्रॉफी के आगामी सीजन का आगाज होने वाला है और इसके लिए विस्तृत शेड्यूल जारी कर दिया गया है। शेड्यूल के अनुसार यह भी स्पष्ट हो गया है कि टूर्नामेंट का फाइनल मुकाबला कब और कहां आयोजित किया जाएगा और इस बार दलीप ट्रॉफी का पहला मैच 23 अगस्त यानी दिन रविवार से शुरू होगा। प्रतियोगिता के पहले दिन ईस्ट जोन का मुकाबला नॉर्थ ईस्ट जोन की टीम से होने जा रहा है। इसी दिन एक और रोमांचक मैच खेला जाएगा जिसमें नॉर्थ जोन और वेस्ट जोन की टीमें आमने सामने होंगी। बीसीसीआई द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार ये दोनों ही मैच सुबह करीब 9 बजकर 30 मिनट पर शुरू हो जाएंगे। सुबह के समय शुरू होने वाले ये मैच खिलाड़ियों के लिए परिस्थितियों के तालमेल बिठाने के लिहाज से महत्वपूर्ण होंगे।
ईस्ट जोन बनाम नॉर्थ ईस्ट जोन के मैच पर टिकी नजरें
हालांकि पहले दिन दो अलग-अलग मुकाबले खेले जाएंगे लेकिन क्रिकेट प्रशंसकों और चयनकर्ताओं की विशेष नजर ईस्ट जोन और नॉर्थ ईस्ट जोन के बीच होने वाले मैच पर टिकी होगी। इस मैच के चर्चा में रहने का एक बड़ा कारण ईस्ट जोन की टीम का नेतृत्व है। इस बार ईस्ट जोन का कप्तान अनुभवी खिलाड़ी ईशान किशन को बनाया गया है। वहीं वैभव सूर्यवंशी को इस टीम की उपकप्तानी की जिम्मेदारी दी गई है और वैभव ने पिछले कुछ समय में अपने खेल से काफी सुर्खियां बटोरी हैं और उनके प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें यह बड़ी जिम्मेदारी मिली है। यह महत्वपूर्ण मुकाबला बेंगलुरु में आयोजित किया जाएगा। दलीप ट्रॉफी का यह सफर 6 सितंबर को अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंचेगा। बीसीसीआई ने आधिकारिक तौर पर बताया है कि इस बार का फाइनल मुकाबला चेन्नई के ऐतिहासिक एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेला जाएगा।
टेस्ट फॉर्मेट में वैभव सूर्यवंशी का कड़ा इम्तिहान
इस टूर्नामेंट में सभी की नजरें इस बात पर होंगी कि वैभव सूर्यवंशी बल्लेबाजी क्रम में किस स्थान पर नजर आते हैं। क्या वह पारी का आगाज करने के लिए ओपनिंग करेंगे या फिर उन्हें मध्य क्रम में बल्लेबाजी के लिए उतारा जाएगा और चूंकि यह टूर्नामेंट टेस्ट फॉर्मेट पर आधारित है इसलिए यहां वैभव के कौशल और मानसिक मजबूती का असली इम्तिहान होगा। वैभव सूर्यवंशी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपना डेब्यू तो कर लिया है लेकिन भारतीय टेस्ट टीम में अपनी जगह पक्की करने के लिए उन्हें इस फॉर्मेट में धैर्य और एकाग्रता के साथ बल्लेबाजी करनी होगी। टेस्ट क्रिकेट में लंबी पारी खेलने के लिए जिस अनुशासन की आवश्यकता होती है वह वैभव को यहां दिखाना होगा और उनके लिए यह टूर्नामेंट खुद को एक लंबी अवधि के खिलाड़ी के रूप में स्थापित करने का सुनहरा मौका है।
वैभव सूर्यवंशी के अब तक के आंकड़े
अगर वैभव सूर्यवंशी के प्रथम श्रेणी क्रिकेट के अब तक के करियर पर नजर डालें तो आंकड़े बताते हैं कि उन्हें अभी इस फॉर्मेट में काफी सुधार करना है। वैभव ने अब तक कुल 8 प्रथम श्रेणी मैच खेले हैं और इन मैचों में उनके बल्ले से केवल 207 रन निकले हैं। उनके नाम अब तक दो अर्धशतक दर्ज हैं लेकिन वह अपनी शुरुआत को बड़े स्कोर में बदलने में सफल नहीं रहे हैं। प्रथम श्रेणी क्रिकेट में उनका बल्लेबाजी औसत केवल 17 दशमलव 25 का है। यह औसत दर्शाता है कि टेस्ट फॉर्मेट में उन्हें अभी अपनी तकनीक और निरंतरता पर काम करने की जरूरत है। दलीप ट्रॉफी के ये मैच उनके लिए अपने इन आंकड़ों को सुधारने और चयनकर्ताओं को प्रभावित करने का एक बेहतरीन मंच प्रदान करेंगे। ईशान किशन के नेतृत्व में उपकप्तान के तौर पर वैभव से एक परिपक्व प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है।