अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन में उस समय हड़कंप मच गया जब व्हाइट हाउस के ठीक बाहर अचानक गोलियों की आवाज गूंज उठी और यह घटना पेनसिल्वेनिया एवेन्यू और 17वीं स्ट्रीट नॉर्थ वेस्ट के पास हुई, जो व्हाइट हाउस परिसर का अत्यंत सुरक्षित बाहरी इलाका माना जाता है। गोलीबारी की आवाज सुनते ही वहां तैनात सीक्रेट सर्विस के एजेंटों ने तुरंत मोर्चा संभाला और पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी। इस हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं और पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल पैदा कर दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गोलियों की आवाज सुनकर लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे थे।
हमलावर की पहचान और पृष्ठभूमि
व्हाइट हाउस पर हमला करने वाले मुख्य शख्स की पहचान 21 साल के नासिर बेस्ट के रूप में हुई है। सुरक्षाबलों के साथ हुई मुठभेड़ के बाद हमलावर की पहली तस्वीर भी सामने आ गई है। न्यूयॉर्क पुलिस द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, नासिर बेस्ट की मानसिक स्थिति को लेकर चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। बताया जा रहा है कि वह खुद को यीशु मसीह समझता था। इसी भ्रम या सनक के चलते उसने इस आत्मघाती कदम को अंजाम दिया। हमलावर की उम्र महज 21 साल थी, लेकिन उसके इरादे बेहद खतरनाक थे क्योंकि वह व्हाइट हाउस के भीतर घुसने की फिराक में था।
मुठभेड़ का घटनाक्रम
घटना के समय दो हमलावरों के पेनसिल्वेनिया एवेन्यू और 17वीं स्ट्रीट नॉर्थ वेस्ट के पास होने की खबर मिली थी। नासिर बेस्ट एक रिवॉल्वर लेकर व्हाइट हाउस के बेहद सुरक्षित सुरक्षा चेकपॉइंट के एकदम नजदीक पहुंच गया था। उसने अपनी रिवॉल्वर को एक बैग में छिपा रखा था। जैसे ही वह चेकपॉइंट के पास पहुंचा, उसने बैग से हथियार निकाला और अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। मौके पर तैनात सीक्रेट सर्विस के जांबाज कमांडो ने बिना समय गंवाए जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से हुई इस मुठभेड़ में नासिर बेस्ट गंभीर रूप से घायल हो गया और सुरक्षाबलों की मुस्तैदी के कारण वह परिसर के भीतर प्रवेश नहीं कर सका।
अस्पताल में मौत और अन्य हताहत
गोलीबारी में गंभीर रूप से जख्मी होने के बाद नासिर बेस्ट को तुरंत जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने उसे बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस पूरी घटना में राहत की बात यह रही कि कोई भी सुरक्षाकर्मी घायल नहीं हुआ। हालांकि, क्रॉसफायर की चपेट में आने से एक राहगीर को गोली लग गई, जिससे वह घायल हो गया है। घायल राहगीर का अस्पताल में उपचार किया जा रहा है। सुरक्षाबलों ने हमलावर को व्हाइट हाउस की मुख्य इमारत में घुसने से पहले ही ढेर कर दिया, जिससे एक बड़ी अनहोनी टल गई।
जांच और सुरक्षा के कड़े इंतजाम
एफबीआई डायरेक्टर काश पटेल ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की है कि 21 साल के नासिर बेस्ट ने ही फायरिंग की थी, जिसे सुरक्षाबलों ने मार गिराया है। फिलहाल एफबीआई की टीम सीक्रेट सर्विस के साथ मिलकर इस पूरे मामले की गहन तफ्तीश कर रही है। घटना के बाद से व्हाइट हाउस के आसपास के इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा कर दिया गया है। चप्पे-चप्पे पर सुरक्षाकर्मी तैनात हैं और आने-जाने वाले हर व्यक्ति पर कड़ी नजर रखी जा रही है और जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि क्या इस हमले के पीछे कोई बड़ी साजिश थी या यह केवल एक सिरफिरे युवक की व्यक्तिगत करतूत थी।