विज्ञापन

आलिया भट्ट का जन्मदिन: अभिनय से पहचान बनाने वाली 5 यादगार फिल्में

आलिया भट्ट का जन्मदिन: अभिनय से पहचान बनाने वाली 5 यादगार फिल्में
विज्ञापन

भारतीय फिल्म उद्योग की सबसे प्रतिभाशाली अभिनेत्रियों में शुमार आलिया भट्ट आज अपना 33वां जन्मदिन मना रही हैं। सोशल मीडिया पर प्रशंसकों और फिल्मी हस्तियों द्वारा उन्हें निरंतर शुभकामनाएं दी जा रही हैं। आलिया ने अपने करियर की शुरुआत 2012 में फिल्म 'स्टूडेंट ऑफ द ईयर' से की थी, लेकिन पिछले 16 वर्षों में उन्होंने अपनी अभिनय क्षमता से यह सिद्ध कर दिया है कि वे केवल एक ग्लैमरस अभिनेत्री नहीं बल्कि एक गंभीर कलाकार भी हैं। उन्होंने अपने अब तक के सफर में दर्जनों फिल्मों में काम किया है और कई प्रतिष्ठित पुरस्कार अपने नाम किए हैं।

आलिया भट्ट ने अपना जन्मदिन अपने परिवार, पति रणबीर कपूर और बेटी राहा के साथ मनाया है और उनके इस विशेष दिन पर उनके करियर के उन महत्वपूर्ण पड़ावों की चर्चा हो रही है जिन्होंने उन्हें सुपरस्टार की श्रेणी में खड़ा किया। उनके द्वारा निभाए गए कुछ किरदार आज भी दर्शकों के मानस पटल पर अंकित हैं। इन फिल्मों ने न केवल बॉक्स ऑफिस पर सफलता प्राप्त की, बल्कि समीक्षकों द्वारा भी इन्हें खूब सराहा गया।

हाईवे (2014): वीरा त्रिपाठी का प्रभावशाली सफर

इम्तियाज अली के निर्देशन में बनी फिल्म 'हाईवे' आलिया भट्ट के करियर का टर्निंग पॉइंट मानी जाती है। इस रोड ड्रामा में उन्होंने वीरा त्रिपाठी का किरदार निभाया, जो एक धनी परिवार की लड़की है और अपनी शादी से ठीक पहले अपहरण कर ली जाती है। फिल्म में दिखाया गया है कि कैसे वह अपने अपहरणकर्ता के साथ यात्रा करते हुए अपनी आंतरिक मुक्ति और स्वतंत्रता को खोजती है। आलिया ने स्टॉकहोम सिंड्रोम और बचपन के आघात की जटिलताओं को अत्यंत सहजता और निडरता के साथ पर्दे पर उतारा और इस फिल्म ने आलोचकों को यह विश्वास दिलाया कि आलिया में गहरी नाटकीय क्षमता है।

उड़ता पंजाब (2016): बाऊरिया के रूप में चौंकाने वाला बदलाव

अभिषेक चौबे की फिल्म 'उड़ता पंजाब' में आलिया भट्ट ने अपनी ग्लैमरस छवि को पूरी तरह त्याग दिया। उन्होंने एक गुमनाम बिहारी प्रवासी मजदूर 'बाऊरिया' की भूमिका निभाई, जो अनजाने में मादक पदार्थों की तस्करी के काले जाल में फंस जाती है। इस फिल्म में उनके चेहरे पर धूल, फटे कपड़े और उनकी आंखों में दिखने वाला दर्द दर्शकों को झकझोर देने वाला था और यथार्थवाद के प्रति उनकी इस प्रतिबद्धता के लिए उन्हें फिल्मफेयर सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का पुरस्कार मिला। यह किरदार आज भी उनके सबसे शक्तिशाली प्रदर्शनों में से एक गिना जाता है।

राजी (2018): देशभक्ति और मानवीय संवेदनाओं का संगम

मेघना गुलजार द्वारा निर्देशित 'राजी' में आलिया ने सेहमत खान की भूमिका निभाई, जो एक भारतीय जासूस है और 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान एक पाकिस्तानी सैन्य परिवार में शादी करके खुफिया जानकारी जुटाती है। आलिया ने इस फिल्म में एक देशभक्त और एक संवेदनशील इंसान के बीच के द्वंद्व को बखूबी दर्शाया। कर्तव्य की वेदी पर अपनी भावनाओं की बलि देने वाली एक युवा लड़की के रूप में उनके अभिनय ने इस थ्रिलर को व्यावसायिक रूप से जबरदस्त सफलता दिलाई। फिल्म के गीत और आलिया का अभिनय आज भी चर्चा का विषय रहते हैं।

गंगूबाई काठियावाड़ी (2022): माफिया क्वीन का दमदार अवतार

संजय लीला भंसाली के निर्देशन में बनी इस फिल्म ने आलिया भट्ट को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान दी। कामाठीपुरा की माफिया रानी गंगूबाई के रूप में आलिया ने पर्दे पर अपनी अमिट छाप छोड़ी। उनके भारी संवाद, तीखी निगाहें और सफेद साड़ी में उनकी चाल ने एक शक्तिशाली मातृसत्तात्मक छवि को जीवंत किया। इस फिल्म के लिए उन्हें 2023 में सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार प्रदान किया गया। यह फिल्म उनके करियर की सबसे बड़ी एकल हिट फिल्मों में से एक साबित हुई।

डियर जिंदगी (2016): मानसिक स्वास्थ्य पर आधारित आधुनिक दृष्टिकोण

गौरी शिंदे की फिल्म 'डियर जिंदगी' में आलिया ने कायरा का किरदार निभाया, जो एक उभरती हुई सिनेमैटोग्राफर है और अपने जीवन के भावनात्मक उतार-चढ़ाव और मानसिक स्वास्थ्य की चुनौतियों से जूझ रही है। फिल्म में शाहरुख खान ने उनके थेरेपिस्ट डॉ. जग की भूमिका निभाई थी। आलिया और शाहरुख की केमिस्ट्री और फिल्म के थेरेपी सत्रों ने युवाओं के बीच मानसिक स्वास्थ्य के प्रति एक नई जागरूकता पैदा की। कायरा का किरदार आज की पीढ़ी के लिए एक आधुनिक आदर्श बन गया, जो अपनी कमियों को स्वीकार करना सीखती है।

विज्ञापन