फार्मास्यूटिकल क्षेत्र की कंपनी साई पैरेंटरल्स लिमिटेड अपना प्रारंभिक सार्वजनिक निर्गम (IPO) 24 मार्च 2025 को पेश करने जा रही है। 79 करोड़ निर्धारित किया गया है। कंपनी ने इस सार्वजनिक निर्गम के लिए ₹372 से ₹392 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है। बोली लगाने की प्रक्रिया 27 मार्च 2025 तक जारी रहेगी। एंकर निवेशकों के लिए बोली लगाने की खिड़की एक दिन पहले, यानी 23 मार्च को खुलेगी।
आईपीओ की संरचना और महत्वपूर्ण तिथियां
साई पैरेंटरल्स के इस आईपीओ में ₹285 करोड़ मूल्य के 73 लाख नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। 79 करोड़ मूल्य के 32 लाख शेयरों का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है। ओएफएस के माध्यम से मौजूदा निवेशक और प्रमोटर अपनी हिस्सेदारी कम करेंगे। बिक्री के लिए शेयर रखने वाले निवेशकों में विकास इंडिया ईआईएफ I फंड, तिलोकचंद पूनमचंद ओस्तवाल, देवेंद्र चावला, आशीष माहेश्वरी, पद्मा गुंटुपल्ली, भौतिक मुकुंद शाह और नीलेश प्रवीणचंद्र दोशी शामिल हैं। कंपनी के शेयरों का आवंटन 30 मार्च को अंतिम रूप दिया जा सकता है, जबकि बीएसई और एनएसई पर इसकी लिस्टिंग 2 अप्रैल 2025 को होने की संभावना है।
कंपनी का व्यावसायिक प्रोफाइल और उत्पाद पोर्टफोलियो
साई पैरेंटरल्स एक विविध फार्मास्यूटिकल फॉर्म्यूलेशंस कंपनी है, जो अनुसंधान, विकास और विनिर्माण के क्षेत्र में सक्रिय है और कंपनी मुख्य रूप से दो श्रेणियों में अपना परिचालन करती है। पहली श्रेणी ब्रांडेड जेनेरिक फॉर्मूलेशंस की है और दूसरी श्रेणी घरेलू व अंतरराष्ट्रीय बाजारों के लिए कॉन्ट्रैक्ट डेवलपमेंट एंड मैन्युफैक्चरिंग ऑर्गनाइजेशन (CDMO) सेवाओं की है। कंपनी का उत्पाद पोर्टफोलियो व्यापक है, जिसमें कार्डियोवैस्कुलर, न्यूरोसाइकेट्री, एंटी-डायबिटिक, रेस्पिरेटरी हेल्थ, एंटीबायोटिक्स, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, विटामिन, मिनरल्स और सप्लीमेंट (VMS), एनाल्जेसिक्स और डर्मेटोलॉजी जैसे प्रमुख चिकित्सीय क्षेत्र शामिल हैं।
विनिर्माण क्षमता और वैश्विक उपस्थिति
कंपनी के उत्पाद विभिन्न डोज फॉर्म में उपलब्ध हैं, जिनमें इंजेक्शन, टैबलेट, कैप्सूल, लिक्विड ओरल्स और ऑइंटमेंट शामिल हैं। वर्तमान में साई पैरेंटरल्स की भारत में 5 विनिर्माण इकाइयां (Manufacturing Facilities) संचालित हैं। कंपनी के ग्राहकों की सूची में भारत की केंद्र और राज्य सरकार की एजेंसियां, प्रमुख दवा कंपनियां, सरकारी और निजी अस्पताल, और सुपर स्टॉकिस्ट शामिल हैं। घरेलू बाजार के अलावा, कंपनी ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, दक्षिण-पूर्व एशिया, मध्य-पूर्व और अफ्रीका जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी अपने उत्पादों का निर्यात करती है।
आईपीओ से प्राप्त राशि का विनियोजन
नए शेयरों के जरिए जुटाई गई ₹285 करोड़ की राशि का उपयोग कंपनी विभिन्न रणनीतिक उद्देश्यों के लिए करेगी। 80 करोड़ का निवेश विनिर्माण संयंत्रों की क्षमता बढ़ाने और उनके तकनीकी अपग्रेडेशन पर किया जाएगा। 02 करोड़ की राशि एक नया अनुसंधान और विकास (R&D) केंद्र स्थापित करने के लिए आवंटित की गई है। 30 करोड़ का उपयोग बकाया ऋणों के भुगतान के लिए किया जाएगा। 64 करोड़ अपनी सिंगापुर स्थित सहायक कंपनी साई पैरेंटरल्स पीटीई लिमिटेड में निवेश के लिए निर्धारित किए हैं। शेष राशि का उपयोग सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए होगा।
वित्तीय प्रदर्शन और प्रबंधन विवरण
वित्तीय मोर्चे पर, कंपनी ने निरंतर वृद्धि दर्ज की है। 43 करोड़ दर्ज किया गया। 76 करोड़ का शुद्ध लाभ अर्जित किया है। कंपनी के प्रमोटरों में अनिल कुमार करुसाला, विजिथा गोरेपति और करुसाला अरुणा शामिल हैं। इस इश्यू के लिए अरिहंत कैपिटल मार्केट्स लिमिटेड बुक रनिंग लीड मैनेजर है, जबकि बिगशेयर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड को रजिस्ट्रार नियुक्त किया गया है।