मिचेल स्टार्क ने रचा इतिहास, 450 टेस्ट विकेट लेने वाले दुनिया के पहले बाएं हाथ के गेंदबाज बने

ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने टेस्ट क्रिकेट में 450 विकेट पूरे करके ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। वह ऐसा करने वाले दुनिया के पहले बाएं हाथ के गेंदबाज बन गए हैं। उन्होंने गकेरबाह में खेले जा रहे मैच के दौरान यह मुकाम हासिल किया और कई बड़े रिकॉर्ड तोड़े।

क्रिकेट जगत में ऑस्ट्रेलिया के स्टार तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने एक नया और ऐतिहासिक मुकाम अपने नाम कर लिया है। साउथ अफ्रीका के खिलाफ खेली जा रही टेस्ट सीरीज के दूसरे मुकाबले के दौरान मिचेल स्टार्क ने यह बड़ी उपलब्धि हासिल की और गकेरबाह में खेले जा रहे इस रोमांचक टेस्ट मैच के दूसरे दिन ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने साउथ अफ्रीका के खिलाड़ी मैथ्यू ब्रीट्जके को 4 रन के निजी स्कोर पर आउट करके अपना विकेटों का खाता खोला था। इसके बाद उन्होंने वियान मुल्डर को पवेलियन का रास्ता दिखाकर टेस्ट क्रिकेट में अपने 450 विकेट पूरे कर लिए। इसी के साथ मिचेल स्टार्क टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में 450 विकेट लेने वाले दुनिया के पहले बाएं हाथ के गेंदबाज बन गए हैं।

साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेली जा रही टेस्ट सीरीज का दूसरा मैच गकेरबाह के मैदान पर आयोजित किया जा रहा है। इस मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने नया इतिहास रच दिया है। इस मैच की पहली पारी में मिचेल स्टार्क ने मैथ्यू ब्रीट्जके को 4 रन के स्कोर पर आउट किया। इसके बाद मंगलवार को उन्होंने वियान मुल्डर को आउट करके टेस्ट क्रिकेट में अपने 450 विकेट का जादुई आंकड़ा छुआ। खास बात यह है कि मिचेल स्टार्क टेस्ट क्रिकेट में फेंकी गई गेंदों के हिसाब से सबसे तेज 450 विकेट लेने वाले दुनिया के पहले गेंदबाज बन गए हैं।

अपने इस शानदार प्रदर्शन के दम पर मिचेल स्टार्क टेस्ट क्रिकेट में 450 विकेट का मुकाम हासिल करने वाले ऑस्ट्रेलिया के कुल चौथे गेंदबाज बन गए हैं। उनसे पहले ऑस्ट्रेलिया के लिए यह कारनामा शेन वॉर्न, ग्लेन मैक्ग्रा और नाथन लायन जैसे दिग्गज गेंदबाज कर चुके हैं और मिचेल स्टार्क ने सबसे कम यानी 20,577 गेंदें खेलकर दुनिया में सबसे तेज 450 विकेट लेने का ऐतिहासिक वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। इस मामले में उन्होंने अपने ही देश के महान गेंदबाज ग्लेन मैक्ग्रा का बड़ा रिकॉर्ड तोड़ा है। ग्लेन मैक्ग्रा ने 450 विकेट तक पहुंचने के लिए कुल 23,474 गेंदें फेंकी थीं। मिचेल स्टार्क ने 450 टेस्ट विकेट की यह खास उपलब्धि अपने करियर के 109वें मैच में हासिल की है।

मैचों के लिहाज से देखा जाए तो मिचेल स्टार्क 450 टेस्ट विकेट लेने वाले दुनिया के दूसरे सबसे तेज गेंदबाज बने हैं। इस मामले में पहले स्थान पर ऑस्ट्रेलिया के ही दिग्गज गेंदबाज ग्लेन मैक्ग्रा का नाम आता है। ग्लेन मैक्ग्रा ने अपने करियर के 100 मैचों में 450 टेस्ट विकेट पूरे किए थे। इसके बाद इस सूची में मिचेल स्टार्क का नाम दूसरे नंबर पर आता है, जिन्होंने 109 मैचों में यह सफलता हासिल की है। वहीं, अगर ओवरऑल टेस्ट क्रिकेट में सबसे कम मैचों में 450 विकेट लेने के वर्ल्ड रिकॉर्ड की बात की जाए, तो वह श्रीलंका के महान स्पिनर मुथैया मुरलीधरन के नाम दर्ज है। मुथैया मुरलीधरन ने अपने करियर के मात्र 80वें टेस्ट मैच में ही यह बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली थी।

मिचेल स्टार्क के करियर की बात की जाए तो उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में अब तक बेहतरीन प्रदर्शन किया है। उन्होंने अपने टेस्ट करियर में अब तक 19 बार पारी में 5 या उससे ज्यादा विकेट लेने का कारनामा किया है। इसके अलावा उन्होंने 21 बार 4 विकेट और 4 बार पूरे मैच में 10 विकेट लेने की उपलब्धि भी अपने नाम की है। मिचेल स्टार्क का टेस्ट क्रिकेट में अब तक का सबसे बेहतरीन प्रदर्शन 58 रन देकर 7 विकेट लेने का रहा है, जो उन्होंने पिछले साल एशेज सीरीज के दौरान इंग्लैंड के खिलाफ मुकाबले में किया था।

केवल गेंदबाजी में ही नहीं, बल्कि गेंद के साथ-साथ मिचेल स्टार्क ने अपनी टीम के लिए बल्ले से भी हमेशा अहम योगदान दिया है। उन्होंने टेस्ट फॉर्मेट में 20 रुपये 3 पैसे की औसत से कुल 2504 रन बनाए हैं। 36 साल के इस अनुभवी खिलाड़ी ने इस फॉर्मेट में खेलते हुए अब तक 13 शानदार अर्धशतक भी जड़े हैं। स्टार्क का यह ऑलराउंड प्रदर्शन उनकी टीम के लिए हमेशा से बेहद महत्वपूर्ण रहा है।

टेस्ट में मैचों के हिसाब से सबसे तेज 450 विकेट लेने वाले गेंदबाज

  • मुथैया मुरलीधरन (श्रीलंका) – 80 टेस्ट
  • रविचंद्रन अश्विन (भारत) – 89 टेस्ट
  • अनिल कुंबले (भारत) – 93 टेस्ट
  • ग्लेन मैक्ग्रा (ऑस्ट्रेलिया) – 100 टेस्ट
  • शेन वॉर्न (ऑस्ट्रेलिया) – 101 टेस्ट
  • मिचेल स्टार्क (ऑस्ट्रेलिया) – 109 टेस्ट