इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के तीसरे मुकाबले में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) और राजस्थान रॉयल्स (RR) के बीच गुवाहाटी के बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में भिड़ंत हुई। इस मैच में सभी की नजरें संजू सैमसन पर टिकी थीं, जो पहली बार चेन्नई सुपर किंग्स की पीली जर्सी में मैदान पर उतरे थे। हालांकि, सैमसन के लिए यह डेब्यू मैच यादगार नहीं रहा और वह बल्ले से कोई खास प्रभाव छोड़ने में विफल रहे। राजस्थान रॉयल्स के तेज गेंदबाज नांद्रे बर्गर ने उन्हें सस्ते में आउट कर पवेलियन की राह दिखाई।
संजू सैमसन इस मैच में केवल 7 गेंदों का सामना कर सके और मात्र 6 रन बनाकर बोल्ड हो गए। चेन्नई सुपर किंग्स ने टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी की, लेकिन टीम की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। सैमसन जब क्रीज पर आए, तो प्रशंसकों को उनसे एक बड़ी पारी की उम्मीद थी, लेकिन नांद्रे बर्गर की एक सटीक इन-स्विंगर गेंद ने उनकी पारी का अंत कर दिया। इस विकेट के साथ ही गुवाहाटी के स्टेडियम में मौजूद हजारों प्रशंसकों के बीच सन्नाटा पसर गया।
नांद्रे बर्गर की रफ्तार के सामने पस्त हुए सैमसन
राजस्थान रॉयल्स के दक्षिण अफ्रीकी तेज गेंदबाज नांद्रे बर्गर ने मैच के शुरुआती ओवरों में ही अपनी लय हासिल कर ली थी। जिस गेंद पर संजू सैमसन आउट हुए, वह एक बेहतरीन डिलीवरी थी। 2 km/h की रफ्तार से डाली थी। गेंद गुड लेंथ एरिया में पिच हुई और तेजी से अंदर की तरफ आई। सैमसन ने इस गेंद पर क्रॉस-बैट शॉट खेलने का प्रयास किया, लेकिन वह गेंद की लाइन को पूरी तरह से पढ़ने में चूक गए। गेंद सीधे उनके ऑफ-स्टंप से जा टकराई और सैमसन को निराश होकर वापस लौटना पड़ा।
सात वर्षों के ऐतिहासिक रिकॉर्ड का हुआ अंत
इस मैच में आउट होने के साथ ही संजू सैमसन का एक बेहद प्रभावशाली रिकॉर्ड भी टूट गया। संजू सैमसन पिछले सात आईपीएल सीजन (2020 से 2025 तक) से लगातार अपने पहले मैच में अर्धशतक जड़ते आ रहे थे। साल 2020 के बाद यह पहला मौका है जब सैमसन सीजन के अपने शुरुआती मैच में 50 रन का आंकड़ा पार करने में विफल रहे हैं। उनके इस निरंतर प्रदर्शन ने उन्हें आईपीएल इतिहास के सबसे सफल शुरुआती बल्लेबाजों में से एक बनाया था, लेकिन 2026 के इस सीजन में यह सिलसिला थम गया।
चेन्नई सुपर किंग्स के लिए चुनौतीपूर्ण शुरुआत
संजू सैमसन के आउट होने से चेन्नई सुपर किंग्स के मध्यक्रम पर दबाव बढ़ गया। राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ इस मैच में चेन्नई की बल्लेबाजी इकाई संघर्ष करती नजर आई। सैमसन, जिन्हें टीम ने एक प्रमुख बल्लेबाज के रूप में शामिल किया था, के जल्दी आउट होने से रन गति पर भी असर पड़ा। राजस्थान रॉयल्स के गेंदबाजों ने परिस्थितियों का भरपूर फायदा उठाया और चेन्नई के बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। विशेष रूप से पावरप्ले के दौरान राजस्थान की सटीक गेंदबाजी ने मैच का रुख अपनी ओर मोड़ने में मदद की।
गुवाहाटी के मैदान पर दर्शकों की प्रतिक्रिया
गुवाहाटी का बरसापारा स्टेडियम खचाखच भरा हुआ था और बड़ी संख्या में प्रशंसक संजू सैमसन को चेन्नई के लिए खेलते देखने पहुंचे थे। जैसे ही सैमसन बोल्ड हुए, पूरे स्टेडियम में मायूसी छा गई। सैमसन की लोकप्रियता न केवल राजस्थान रॉयल्स में थी, बल्कि चेन्नई सुपर किंग्स के प्रशंसकों ने भी उनका गर्मजोशी से स्वागत किया था। हालांकि, उनके जल्दी आउट होने से मैच के शुरुआती सत्र में चेन्नई के समर्थकों के उत्साह में कमी देखी गई। राजस्थान रॉयल्स के खेमे में इस महत्वपूर्ण विकेट का जश्न मनाया गया, क्योंकि सैमसन किसी भी गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त करने की क्षमता रखते हैं।
