विज्ञापन

: पुतिन ने उत्तर प्रदेश तूफान त्रासदी पर जताया दुख, पीएम मोदी और राष्ट्रपति को भेजा शोक संदेश

- पुतिन ने उत्तर प्रदेश तूफान त्रासदी पर जताया दुख, पीएम मोदी और राष्ट्रपति को भेजा शोक संदेश
विज्ञापन

उत्तर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में बुधवार को आए भीषण आंधी-तूफान और भारी बारिश ने भारी तबाही मचाई है, जिसमें जानमाल का बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। इस प्राकृतिक आपदा में मरने वालों की संख्या को लेकर अलग-अलग आंकड़े सामने आए हैं, जिसमें कम से कम 87 से 89 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। इस दुखद घटना पर अंतरराष्ट्रीय स्तर से भी संवेदनाएं व्यक्त की जा रही हैं। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने गुरुवार को उत्तर प्रदेश में आए इस विनाशकारी तूफान के कारण हुई भारी जनहानि पर गहरा दुख प्रकट किया है। रूसी राष्ट्रपति ने भारत के शीर्ष नेतृत्व को संदेश भेजकर अपनी संवेदनाएं साझा की हैं और इस कठिन समय में भारत के साथ एकजुटता दिखाई है।

राष्ट्रपति पुतिन का शोक संदेश और संवेदनाएं

क्रेमलिन, जो रूसी राष्ट्रपति का आधिकारिक कार्यालय है, ने एक औपचारिक बयान जारी कर इस संबंध में विस्तृत जानकारी दी है। बयान के अनुसार, राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को विशेष शोक संदेश भेजे हैं। इन संदेशों में पुतिन ने उत्तर प्रदेश में आई इस भीषण प्राकृतिक आपदा में अपनी जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है। पुतिन ने न केवल मृतकों के प्रति शोक जताया, बल्कि इस आपदा में घायल हुए और प्रभावित हुए सभी लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की भी पूरी हृदय से कामना की है।

पीड़ित परिवारों के प्रति समर्थन का आश्वासन

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अपने संदेश में उत्तर प्रदेश की स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि चक्रवात के कारण हुई भारी जानमाल की हानि और बड़े पैमाने पर हुई तबाही पर वे अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हैं। उन्होंने भारतीय नेतृत्व से आग्रह किया कि उनकी संवेदनाएं और समर्थन के शब्द पीड़ितों के परिवारों और उनके मित्रों तक पहुंचाए जाएं। ' उनका यह संदेश आपदा की घड़ी में दोनों देशों के बीच के मजबूत संबंधों को भी दर्शाता है।

उत्तर प्रदेश में तूफान का कहर और तबाही का मंजर

उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बुधवार को मौसम ने अचानक करवट ली, जिसके बाद आए भीषण तूफान और मूसलाधार बारिश ने जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया। इस प्राकृतिक आपदा के दौरान तेज हवाओं के कारण अनगिनत पेड़ उखड़ गए और कई घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए। रिपोर्टों के अनुसार, इस आपदा में कम से कम 87 से 89 लोगों की मौत हो गई है, जबकि बड़ी संख्या में लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। राज्य के विभिन्न जिलों से आ रही खबरें इस तबाही की भयावहता को दर्शाती हैं, जहां बिजली गिरने और मकान गिरने जैसी घटनाओं ने कई परिवारों को उजाड़ दिया है। बड़ी संख्या में लोग अब भी अस्पतालों में उपचाराधीन हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कड़े निर्देश

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में बेमौसम बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने से हुए भारी नुकसान का तत्काल संज्ञान लिया है। मुख्यमंत्री ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारियों को युद्धस्तर पर राहत कार्य चलाने के कड़े आदेश दिए हैं। सीएम योगी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी प्रभावित व्यक्तियों और परिवारों को 24 घंटे के भीतर राहत सहायता प्रदान की जाए। उन्होंने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि घायलों को समुचित उपचार मिले और आपदा से हुए नुकसान का सटीक आकलन कर प्रभावितों को जल्द से जल्द आर्थिक मदद पहुंचाई जाए। मुख्यमंत्री स्वयं स्थिति की निगरानी कर रहे हैं ताकि राहत कार्यों में कोई देरी न हो।

उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में बुधवार को अचानक बदले मौसम के बीच आए तेज आंधी-तूफान और बारिश से जुड़े हादसों में कम से कम 87 लोगों की मौत हो गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में बेमौसम बारिश, आंधी और बिजली गिरने से हुए नुकसान का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को 24 घंटे के अंदर प्रभावितों को राहत देने के आदेश दिये हैं।

विज्ञापन