Bihar Election Results / चुनाव परिणाम पर अखिलेश का बड़ा बयान: 'SIR' पर फोड़ा हार का ठीकरा, बोले- 'अब आगे हम ये खेल, इनको नहीं खेलने देंगे'

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के परिणामों पर समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपनी पहली प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने महागठबंधन की हार के लिए 'SIR' को जिम्मेदार ठहराया और इसे एक 'चुनावी साजिश' बताया। यादव ने कहा कि वे भविष्य में ऐसे 'खेल' को नहीं होने देंगे और भाजपा के मंसूबों को नाकाम करने के लिए 'PPTV' (पीडीए प्रहरी) को चौकन्ना रखेंगे।

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के परिणाम शुक्रवार, 14 नवंबर को सामने आ रहे हैं, और शुरुआती रुझानों में एनडीए गठबंधन को स्पष्ट जीत मिलती दिख रही है और वहीं, राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और कांग्रेस सहित महागठबंधन को करारी हार का सामना करना पड़ रहा है। इस महत्वपूर्ण चुनावी नतीजे पर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपनी पहली और तीखी प्रतिक्रिया दी है और उन्होंने महागठबंधन की हार के लिए सीधे तौर पर 'SIR' को जिम्मेदार ठहराया है, जिसे उन्होंने एक 'चुनावी साजिश' करार दिया है। अखिलेश यादव ने बिहार चुनाव के परिणामों पर अपनी टिप्पणी में कहा कि बिहार में जो 'खेल SIR ने किया है', उसी के कारण महागठबंधन को हार का सामना करना पड़ा है। उनके इस बयान ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है, क्योंकि उन्होंने एक अज्ञात 'SIR' पर चुनावी प्रक्रिया में हस्तक्षेप करने और परिणामों को प्रभावित करने का आरोप लगाया है। यादव के अनुसार, यह कोई सामान्य हार नहीं, बल्कि एक सुनियोजित 'चुनावी साजिश' का परिणाम है, जिसका खुलासा अब हो चुका है। यह आरोप सीधे तौर पर चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठाता है और विपक्षी दलों के बीच एक नई बहस छेड़ सकता है।

भविष्य की रणनीति और 'PPTV' का परिचय

समाजवादी पार्टी अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि बिहार में जो कुछ भी हुआ है, उसे वे अन्य राज्यों में दोहराने नहीं देंगे और उन्होंने कहा कि 'अब आगे हम ये खेल, इनको नहीं खेलने देंगे। ' यह बयान उनकी पार्टी और संभवतः अन्य विपक्षी दलों की भविष्य की चुनावी रणनीति का संकेत देता है और यादव ने विशेष रूप से पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और 'बाकी जगह' का उल्लेख किया, जहां वे ऐसी कथित 'चुनावी साजिशों' को रोकने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इस संदर्भ में, उन्होंने एक नई अवधारणा 'PPTV' का परिचय दिया, जिसका अर्थ है 'पीडीए प्रहरी'। उन्होंने बताया कि यह 'PPTV' सीसीटीवी की तरह 'चौकन्ना रहकर भाजपाई मंसूबों को नाकाम करेगा'। यह एक निगरानी तंत्र के रूप में कार्य करेगा, जिसका उद्देश्य भाजपा की कथित चुनावी चालों को उजागर करना और उन्हें विफल करना होगा।

भाजपा पर तीखा हमला: 'दल नहीं छल है'

अपने बयान के अंत में, अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर सीधा और तीखा हमला बोला। उन्होंने भाजपा को 'दल नहीं छल है' कहकर संबोधित किया। यह टिप्पणी भाजपा की कार्यप्रणाली और चुनावी रणनीति पर एक गंभीर आरोप है, जिसमें उन्हें एक राजनीतिक दल के बजाय धोखे और छल-कपट का प्रतीक बताया गया है और यह बयान विपक्षी दलों के बीच भाजपा के खिलाफ एक साझा मोर्चा बनाने और उनकी नीतियों पर सवाल उठाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है। यादव का यह आरोप भाजपा की विश्वसनीयता पर सवाल उठाता है और आगामी चुनावों में एक प्रमुख चुनावी मुद्दा बन सकता है।

बिहार चुनाव का संक्षिप्त संदर्भ

बिहार विधानसभा की कुल 243 सीटों के लिए चुनाव दो चरणों में संपन्न हुए थे। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को और दूसरे चरण का मतदान 11 नवंबर को हुआ था और इन दोनों चरणों के बाद, आज 14 नवंबर को मतगणना के परिणाम घोषित किए जा रहे हैं। इन परिणामों में एनडीए गठबंधन, जिसमें जनता दल (यूनाइटेड) और भाजपा जैसे दल शामिल हैं, को बहुमत मिलता दिख रहा है, जबकि राजद और कांग्रेस के नेतृत्व वाला महागठबंधन पीछे छूट गया है। अखिलेश यादव का बयान इन परिणामों के बीच आया है, जो विपक्षी। खेमे में निराशा और भविष्य की रणनीति पर मंथन को दर्शाता है। उनके बयान से यह स्पष्ट होता है कि विपक्षी दल अब चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर अधिक सतर्क और मुखर रहेंगे।

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