इंडियन प्रीमियर लीग के एक महत्वपूर्ण मुकाबले में पंजाब किंग्स ने गुजरात टाइटंस के खिलाफ 3 विकेट से जीत दर्ज की है। मुल्लांपुर में मंगलवार को खेले गए इस मैच में पंजाब किंग्स ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। गुजरात टाइटंस ने निर्धारित 20 ओवरों में 6 विकेट खोकर 162 रन बनाए। 1 ओवर में 7 विकेट के नुकसान पर 163 रन बनाकर लक्ष्य हासिल कर लिया।
गुजरात टाइटंस की बल्लेबाजी और शुभमन गिल का योगदान
गुजरात टाइटंस की शुरुआत संतुलित रही। कप्तान शुभमन गिल ने टीम के लिए सर्वाधिक 39 रनों की पारी खेली। उनके साथ सलामी बल्लेबाज जोस बटलर ने 38 रनों का योगदान दिया। इन दोनों के बीच हुई साझेदारी ने टीम को एक मजबूत आधार देने की कोशिश की, लेकिन मध्यक्रम के बल्लेबाज इस लय को बड़े स्कोर में तब्दील करने में असफल रहे। गुजरात की टीम अंततः 162 रनों के स्कोर तक ही पहुंच सकी।
विजयकुमार वैशाख और युजवेंद्र चहल की प्रभावी गेंदबाजी
पंजाब किंग्स की ओर से विजयकुमार वैशाख सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने शानदार नियंत्रण दिखाते हुए 3 विकेट चटकाए। अनुभवी स्पिनर युजवेंद्र चहल ने भी अपनी फिरकी का जादू दिखाया और 2 महत्वपूर्ण विकेट हासिल किए। मार्को यानसेन को 1 विकेट मिला। पारी के अंतिम ओवर में अर्शदीप सिंह ने 11 गेंदें फेंकी, जिसमें 4 वाइड और 1 नो बॉल शामिल थी, हालांकि गुजरात इसका अधिक लाभ नहीं उठा पाया।
कूपर कोनोली का शानदार डेब्यू और अर्धशतक
लक्ष्य का पीछा करने उतरी पंजाब किंग्स के लिए ऑस्ट्रेलिया के युवा खिलाड़ी कूपर कोनोली ने यादगार डेब्यू किया। उन्होंने दबाव की स्थिति में धैर्य बनाए रखा और शानदार अर्धशतक जड़ा और कोनोली की पारी ने पंजाब की जीत की नींव रखी। उन्होंने मैदान के चारों ओर शॉट लगाए और टीम को लक्ष्य के करीब पहुंचाया। कोनोली अंत तक टिके रहे और अपनी टीम को जीत दिलाकर ही वापस लौटे।
प्रसिद्ध कृष्णा का स्पेल और पंजाब का मध्यक्रम
पंजाब किंग्स की पारी एक समय काफी मजबूत स्थिति में थी और टीम ने 109 रन तक केवल 2 विकेट गंवाए थे। इसके बाद गुजरात के तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा ने मैच में वापसी कराई। उन्होंने अपने 2 ओवरों के स्पेल में 3 विकेट झटककर पंजाब के मध्यक्रम को झकझोर दिया। पंजाब ने 118 रन तक 6 विकेट और 144 रन पर 7वां विकेट गंवा दिया था, लेकिन कोनोली के टिके रहने से टीम ने 5 गेंद शेष रहते मैच जीत लिया।
