भोपाल। सीएए और एनआरसी (CAA-NRC) को लेकर दिल्ली में हुई हिंसा के आरोपी उमर खालिद (Umar Khalid) को मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह (Digvijay Singh) का साथ मिला है। दिग्विजय सिंह ने उमर खालिद के पक्ष में एक ट्वीट किया है, जिसमें उन्होंने स्टैंड विद उमर खालिद कैंपेन का समर्थन किया है। साथ ही उमर खालिद को उन्होंने गांधीवादी विचार धारा का भी बताया है। बता दें कि उमर खालिद को पिछले सप्ताह ही दिल्ली हिंसा की जांच कर रही दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की टीम ने गिरफ्तार किया है।
दिल्ली हिंसा के आरोपी उमर खालिद के समर्थन में दिग्विजय सिंह ने मध्य प्रदेश कैडर के आईइएएस रहे हर्ष मंदर के विचारों का हवाला दिया है। दिग्विजय ने ट्वीट कर लिखा- हर्ष मंदर मध्य प्रदेश कैडर के एक बहुत ही कर्तव्यनिष्ठ एवं ईमानदार IAS अधिकारी रहे हैं। मैं उनसे पिछले 35-40 वर्षों से परिचित हूं। यदि वे उमर ख़ालिद के पक्ष में है तो मैं उनके साथ हूं। गांधीवादी कभी हिंसक प्रवृत्ति का नहीं हो सकता है।
हर्ष मंदर एक बहुत ही कर्तव्यनिष्ठ एवं ईमानदार मध्यप्रदेश कॉडर के IAS अधिकारी रहे हैं। मैं उनसे पिछले ३५-४० वर्षों से परिचित हूँ। यदि वे उमर ख़ालिद के पक्ष में है तो मैं उनके साथ हूँ। गॉंधीवादी कभी हिंसक प्रवृत्ति का नहीं हो सकता। मैं #StandWithUmarKhalid का समर्थन करता हूँ। https://t.co/9r8h6i48fc
— digvijaya singh (@digvijaya_28) September 15, 2020
गिरफ्तारी पर का विरोध
दिल्ली हिंसा मामले में संलिप्तता के आरोप में उमर खालिद की गिरफ्तारी का देशभर में कई बुद्धिजीवियों ने विरोध किया है। इनका कहना है कि खालिद पर लगाए गए अवैध गतिविधि रोकथाम अधिनियम को हटाया जाना चाहिए। इसके साथ ही 9 रिटायर्ड आईपीएस अफसरों की ओर से भी दिल्ली दंगों की जांच पर अंगुली उठाई गई है। इसके अलावा सैयदा हमीद, अरुंधति रॉय, रामचंद्र गुहा, टीएम कृष्णा, वृंदा करात, जिग्नेश मेवाणी, पी साईनाथ, प्रशांत भूषण और हर्ष मंदर समेत करीब 36 लोगों ने भी इसका विरोध किया है। हर्ष मंदर के विरोध का ही दिग्विजय सिंह ने समर्थन किया है।
