राहुल गांधी ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर लोकतंत्र की हत्या का सीधा आरोप लगाया है। उन्होंने एक आपराधिक साजिश के तहत देश को हाईजैक करने का आरोप लगाते हुए कहा कि इन लोगों को न्याय के कटघरे में लाना हमारी गारंटी है। राहुल गांधी ने जोर देकर कहा कि पिछले 10 से 15 साल के दौरान हिंदुस्तान के लोकतंत्र और संविधान को पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया है।
आपराधिक साजिश और लोकतंत्र की हत्या
राहुल गांधी ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी, अमित शाह, ज्ञानेश कुमार और इनके द्वारा चुने गए लोगों ने देश में लोकतंत्र की हत्या कर दी है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस और विपक्ष ने कर्नाटक, महाराष्ट्र और हरियाणा जैसी जगहों पर इसके सबूत दिखाए हैं और अब धीरे-धीरे देश की जनता भी इस बात को मानने लगी है और उन्होंने एक बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि कुछ दिन पहले दो चुनाव आयुक्तों ने ज्ञानेश कुमार को पत्र लिखकर सूचित किया था कि हिंदुस्तान का इलेक्टोरल सिस्टम पूरी तरह से कोलैप्स यानी ध्वस्त हो गया है।
जनता को न्याय दिलाने की प्रक्रिया
देशभर में हो रहे विरोध प्रदर्शनों पर बात करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि यह जो कुछ भी हो रहा है, वह हिंदुस्तान की जनता को न्याय दिलाने की एक प्रक्रिया है। उन्होंने दावा किया कि सरकार के लोग और बड़े-बड़े अधिकारी उन्हें फोन कर रहे हैं और इस प्रक्रिया को रोकने का अनुरोध कर रहे हैं। राहुल ने स्पष्ट किया कि यह प्रोसेस अब शुरू हो चुका है और इसे अब रोका नहीं जा सकता है। उन्होंने इसे एक ऐसा राजनीतिक एक्शन बताया जिसके बाद देश में सरकार बदल जाएगी।
सरकार बदलने के बाद होगी कड़ी जांच
राहुल गांधी ने घोषणा की कि सरकार बदलने के बाद एक व्यापक जांच कराई जाएगी। इस जांच में यह पता लगाया जाएगा कि किन-किन लोगों ने मिलकर हिंदुस्तान के लोकतंत्र को खत्म करने का काम किया है। उन्होंने स्पष्ट रूप से नरेंद्र मोदी, अमित शाह, ज्ञानेश कुमार और मोहन भागवत का नाम लेते हुए कहा कि इन लोगों और इनके साथियों को कड़ी से कड़ी सजा मिलने जा रही है। राहुल ने कहा कि आमतौर पर वह जो कहते हैं, वह सच हो जाता है और यह प्रक्रिया इन 4 से 5 लोगों को सजा दिलवाकर ही दम लेगी।
विपक्षी सांसदों को रोकने का आरोप
राजघाट की ओर विपक्षी नेताओं के मार्च से पहले राहुल गांधी ने बताया कि लगभग 300 सांसद शांतिपूर्ण तरीके से धरना देना चाहते हैं, लेकिन उन्हें आगे बढ़ने से रोका जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के पहले दिन उन्हें चुनाव आयोग के कार्यालय के पास रोका गया और दूसरे दिन जंतर-मंतर जाने से रोक दिया गया, जहां उनके लोगों के साथ मारपीट भी की गई। राहुल ने दोहराया कि नरेंद्र मोदी, अमित शाह, मोहन भागवत और ज्ञानेश कुमार ने आपराधिक साजिश रचकर देश को हाईजैक किया है, संविधान को नष्ट किया है और जनता के वोट की चोरी की है।
मल्लिकार्जुन खरगे का बीजेपी पर प्रहार
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि इंडिया गठबंधन के सभी सांसद गांधी स्मारक जा रहे हैं ताकि वहां शांतिपूर्वक प्रार्थना कर सकें कि मोदी और शाह को सद्बुद्धि मिले। खरगे ने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार आम लोगों से उनके वोट देने का अधिकार छीन रही है। उन्होंने कहा कि मोदी और शाह उस आजादी को खत्म कर रहे हैं जिसे महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू और सरदार वल्लभभाई पटेल जैसे महान नेताओं ने अपने संघर्ष से देश को दिलाया था।
