बांग्लादेश में बड़ा राजनीतिक उलटफेर: राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन का इस्तीफा, स्पीकर संभालेंगे कार्यभार

बांग्लादेश के राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने खराब स्वास्थ्य के कारण अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। स्पीकर हाफ़िज़ उद्दीन अहमद ने इस्तीफा स्वीकार कर लिया है और वह नए राष्ट्रपति के चुनाव तक कार्यवाहक राष्ट्रपति के रूप में कार्य करेंगे।

बांग्लादेश की राजनीति में एक बहुत बड़ा उलटफेर देखने को मिला है और देश के राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने अपने पद से आधिकारिक तौर पर इस्तीफा दे दिया है। उनके इस इस्तीफे को संसद के स्पीकर हाफ़िज़ उद्दीन अहमद ने स्वीकार कर लिया है। राष्ट्रपति का पद खाली होने के कारण, अब संविधान के नियमों के अनुसार, नए राष्ट्रपति के पद संभालने तक स्पीकर ही राष्ट्रपति के रूप में देश का कामकाज संभालेंगे।

इस्तीफे का मुख्य कारण

राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने अपने इस्तीफे के पीछे खराब स्वास्थ्य को मुख्य कारण बताया है। स्पीकर ने जानकारी दी कि राष्ट्रपति काफी बीमार हैं और कई बीमारियों के फैलने की वजह से वह शारीरिक और मानसिक रूप से राष्ट्रपति जैसे महत्वपूर्ण और गरिमामय संवैधानिक पद की जिम्मेदारियों को निभाने में असमर्थ महसूस कर रहे थे। इसी असमर्थता के चलते उन्होंने अपना कार्यकाल पूरा होने से पहले ही पद छोड़ने का निर्णय लिया।

संवैधानिक प्रावधान और प्रक्रिया

बांग्लादेशी मीडिया आउटलेट प्रथम आलो की रिपोर्ट के अनुसार, यह पूरी प्रक्रिया संविधान के विभिन्न अनुच्छेदों के तहत संचालित की जा रही है। संविधान के आर्टिकल 50 (3) के प्रावधानों के तहत, राष्ट्रपति स्पीकर को संबोधित अपने हस्ताक्षरित पत्र के माध्यम से इस्तीफा दे सकते हैं। वहीं, आर्टिकल 54 में यह स्पष्ट किया गया है कि यदि राष्ट्रपति का पद खाली होता है या वह बीमारी, अनुपस्थिति या किसी अन्य कारण से अपना कार्य करने में असमर्थ होते हैं, तो स्पीकर तब तक राष्ट्रपति के कर्तव्यों का निर्वहन करेंगे जब तक कि नया राष्ट्रपति निर्वाचित नहीं हो जाता।

नए राष्ट्रपति का चुनाव और राजनीतिक समीकरण

संविधान के आर्टिकल 123 (2) के अनुसार, यदि राष्ट्रपति का पद मृत्यु, इस्तीफे या हटाए जाने के कारण खाली होता है, तो अगले 90 दिनों के भीतर नए राष्ट्रपति का चुनाव कराया जाना अनिवार्य है। आर्टिकल 48 (1) के तहत राष्ट्रपति का चुनाव संसद के सदस्यों के वोटों के माध्यम से किया जाता है। वर्तमान में बांग्लादेश की संसद में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) का बहुमत है, जिससे यह प्रबल संभावना है कि अगला राष्ट्रपति इसी पार्टी का कोई उम्मीदवार होगा। बीएनपी के शीर्ष नेताओं के बीच पिछले कई दिनों से शहाबुद्दीन के उत्तराधिकारी के नाम पर गहन चर्चा चल रही है।

कार्यकाल और पृष्ठभूमि

मोहम्मद शहाबुद्दीन ने 24 अप्रैल 2023 को अवामी लीग सरकार के शासनकाल के दौरान देश के 22वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली थी। उनका कार्यकाल अप्रैल 2028 में समाप्त होना था, लेकिन उन्होंने निर्धारित समय से लगभग ढाई साल पहले ही इस्तीफा दे दिया। जुलाई 2024 में हुए बड़े विद्रोह और शेख हसीना सरकार के पतन के बाद से ही शहाबुद्दीन के पद पर बने रहने को लेकर राजनीतिक गलियारों में बहस तेज थी। 13वें राष्ट्रीय संसद चुनाव के बाद बीएनपी के सत्ता में आने पर उनके भविष्य को लेकर अटकलें और बढ़ गई थीं। सूत्रों का कहना है कि वह मानसिक रूप से इस्तीफे के लिए तैयार थे और उन्होंने गुरुवार को बंगभवन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में अपनी रवानगी की तैयारियों के बारे में संकेत दे दिए थे।