इंग्लैंड के हाथों टी20 सीरीज पहले ही गंवा चुकी टीम इंडिया ने सीरीज के आखिरी मुकाबले में एक ऐसा फैसला लिया है जिसने क्रिकेट जगत को चौंका दिया है। साउथेम्प्टन के मैदान पर अपनी साख बचाने और टी20 रैंकिंग में अपना पहला स्थान बरकरार रखने की चुनौती के साथ उतरी भारतीय टीम ने अपनी प्लेइंग-11 में दो बड़े बदलाव किए हैं। इसमें सबसे बड़ा और हैरान करने वाला फैसला युवा ओपनर वैभव सूर्यवंशी को लेकर लिया गया है, जिन्हें महज 3 मैचों के बाद ही टीम से बाहर कर दिया गया है। 15 साल के वैभव ने इसी सीरीज के दूसरे मैच में अपना इंटरनेशनल डेब्यू किया था और माना जा रहा था कि उन्हें पूरी सीरीज में खुद को साबित करने का मौका मिलेगा, लेकिन मैनेजमेंट ने उन्हें ड्रॉप करने का कड़ा फैसला लिया।
3 मैचों की नाकामी के बाद वैभव सूर्यवंशी बाहर
वैभव सूर्यवंशी ने इस टी20 सीरीज के जरिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखा था, लेकिन वह अपनी छाप छोड़ने में नाकाम रहे। हालांकि, उन्होंने अपने तीनों ही मुकाबलों में विस्फोटक शुरुआत की थी और मैदान पर आते ही कुछ शानदार बाउंड्री भी लगाई थीं, लेकिन वह इन छोटी पारियों को बड़े स्कोर में तब्दील नहीं कर सके। उनके पिछले तीन मैचों के स्कोर 14, 13 और 15 रन रहे। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना था कि सीरीज के आखिरी मैच में उन्हें एक और मौका दिया जाएगा, लेकिन टीम मैनेजमेंट ने संजू सैमसन पर भरोसा जताया। संजू सैमसन को इससे पहले आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ लगातार 3 मैचों में खराब प्रदर्शन के बाद वैभव के लिए ही टीम से बाहर किया गया था, लेकिन अब उनकी फिर से वापसी हुई है।
गेंदबाजी और ऑलराउंड विभाग में बदलाव
टीम इंडिया ने वैभव के अलावा एक और बदलाव करते हुए ऑलराउंडर सूर्यांश शेडगे को प्लेइंग-11 में वापस बुलाया है। उन्हें वॉशिंगटन सुंदर की जगह टीम में शामिल किया गया है, जो पिछले मैच में गेंदबाजी के दौरान काफी महंगे साबित हुए थे और पूरी तरह फ्लॉप रहे थे। हालांकि, टीम के इस फैसले पर सवाल भी उठ रहे हैं क्योंकि ईशान किशन और तिलक वर्मा जैसे बल्लेबाज भी इस पूरी सीरीज में बुरी तरह फेल रहे हैं, लेकिन उन पर कोई गाज नहीं गिरी। फैंस का मानना था कि संजू सैमसन को लाने के लिए ईशान या तिलक में से किसी को बाहर करना एक बेहतर विकल्प हो सकता था, लेकिन मैनेजमेंट ने युवा वैभव को ही बाहर करना सही समझा।
ट्रैफिक जाम के कारण मैच में हुई देरी
मैच शुरू होने से पहले भारतीय टीम को एक अजीब स्थिति का सामना करना पड़ा। स्टेडियम की ओर जाते समय टीम इंडिया की बस भारी ट्रैफिक जाम में फंस गई, जिसके कारण खिलाड़ी समय पर मैदान नहीं पहुंच सके। इस वजह से मैच की शुरुआत में 30 मिनट की देरी हुई। टॉस का समय बदलकर शाम 7 बजकर 15 मिनट किया गया। भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने एक बार फिर टॉस जीता और पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। दिलचस्प बात यह है कि श्रेयस अय्यर ने बतौर कप्तान अपने सभी 7 मैचों में टॉस जीता है, लेकिन वह अब तक एक भी मैच जीतने में सफल नहीं रहे हैं।
भारत और इंग्लैंड की प्लेइंग-11
दोनों टीमों की अंतिम प्लेइंग-11 इस प्रकार है:
- भारत: श्रेयस अय्यर (कप्तान), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन, ईशान किशन (विकेटकीपर), तिलक वर्मा, शिवम दुबे, सूर्यांश शेडगे, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, प्रिंस यादव, प्रसिद्ध कृष्णा।
- इंग्लैंड: हैरी ब्रूक (कप्तान), फिलिप साल्ट, जॉस बटलर (विकेटकीपर), जैकब बेथल, टॉम बैंटन, सैम करन, विल जैक्स, लियम डॉसन, जोफ्रा आर्चर, आदिल राशिद, जॉश टंग।
