नॉटिंघम में खेले गए तीसरे टी20 मुकाबले में भारतीय क्रिकेट टीम की बल्लेबाजी का ऐसा पतन देखने को मिला जिसकी कल्पना किसी ने नहीं की थी। इस पूरे दौरे पर टीम इंडिया की बल्लेबाजी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही है, लेकिन पिछले तीन मुकाबलों में मिली हार के दौरान भी ऐसे शर्मनाक हालात पैदा नहीं हुए थे जैसे नॉटिंघम के मैदान पर दिखे। ओपनिंग जोड़ी से लेकर फिनिशर तक, पूरी टीम महज 70 गेंदों के भीतर ताश के पत्तों की तरह बिखर गई। यह भारतीय टी20 क्रिकेट के इतिहास में पहली बार हुआ जब आधी टीम सिर्फ 5वें ओवर तक पवेलियन लौट चुकी थी।
इतिहास की सबसे बड़ी हार और शर्मनाक आंकड़े
इंग्लैंड द्वारा दिए गए 202 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम मुकाबले में कहीं भी नजर नहीं आई। टीम इंडिया लक्ष्य के करीब पहुंचना तो दूर, उसके आधे रन भी नहीं बना सकी और पूरी पारी सिर्फ 76 रनों पर सिमट गई। इसके परिणामस्वरूप भारत को 125 रनों की करारी शिकस्त झेलनी पड़ी। टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में रनों के लिहाज से यह भारत की अब तक की सबसे बड़ी हार है। इससे पहले भारत की सबसे बड़ी हार 80 रनों की थी, लेकिन नॉटिंघम के इस मैच ने उस पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है।
पावरप्ले में ही आधी टीम हुई ढेर
भारतीय पारी की शुरुआत से ही विकेटों का पतझड़ शुरू हो गया था। आईपीएल में विस्फोटक बल्लेबाजी करने वाले ओपनर अभिषेक शर्मा, महज 15 साल के युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी, विकेटकीपर ईशान किशन और कप्तान श्रेयस अय्यर समेत 5 बल्लेबाज तो सिर्फ 5वें ओवर तक पवेलियन लौट गए थे। भारतीय क्रिकेट के इतिहास में यह पहला मौका था जब पावरप्ले के दौरान ही आधी टीम आउट हो गई। इस शुरुआती झटके से टीम कभी उबर ही नहीं पाई और पूरी बल्लेबाजी लाइनअप ताश के पत्तों की तरह ढह गई।
वर्ल्ड कप चैंपियन से शर्मनाक हार तक का सफर
यह प्रदर्शन इसलिए भी चौंकाने वाला है क्योंकि कुछ ही महीनों पहले टीम इंडिया ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सेमीफाइनल में इसी इंग्लैंड के खिलाफ 250 से ज्यादा रन बनाए थे। इसके बाद फाइनल में न्यूजीलैंड के खिलाफ भी 255 रन बनाकर खिताब अपने नाम किया था। यही नहीं, इन्हीं बल्लेबाजों ने आईपीएल 2026 में भी रनों की बारिश की थी। लेकिन अचानक इन बल्लेबाजों के बल्ले से रन निकलना दूभर हो गया है। 4 ओवर यानी 70 गेंदों में सिमट गई, जो इससे पहले कभी नहीं हुआ था।
ध्वस्त हुए बल्लेबाजी के पुराने रिकॉर्ड
टी20 रिकॉर्ड्स पर नजर डालें तो 76 रन का स्कोर भारतीय क्रिकेट टीम का इस फॉर्मेट में दूसरा सबसे छोटा स्कोर है। इससे पहले साल 2008 में, जब टी20 क्रिकेट की शुरुआत हुई थी, तब ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारतीय पारी 74 रन पर सिमट गई थी। हालांकि, नॉटिंघम की यह हार ज्यादा चौंकाने वाली है क्योंकि यह भारतीय टीम की टी20 क्रिकेट में सबसे छोटी पारी है। इससे पहले जब भी टीम इंडिया ऑल आउट हुई, कभी भी इतने कम ओवरों में पारी खत्म नहीं हुई थी। 2 ओवर का था, जो 2015 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ बना था। 3 ओवर तक बल्लेबाजी की थी।
फिनिशर्स भी नहीं बचा सके लाज
जब ऊपरी क्रम के बल्लेबाज विफल रहे, तो उम्मीद थी कि शिवम दुबे, अक्षर पटेल और तिलक वर्मा जैसे फिनिशर टीम को संभालेंगे। लेकिन ये खिलाड़ी भी टीम को इस शर्मनाक स्थिति से बाहर नहीं निकाल सके और 4 ओवर में 76 रन पर ढेर हो गई। नॉटिंघम का यह मैच भारतीय बल्लेबाजी के लिए एक बुरे सपने की तरह रहा, जहां टीम ने न केवल मैच गंवाया बल्कि कई अनचाहे रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिए। 125 रनों की यह हार भारतीय टी20 इतिहास के पन्नों में सबसे बड़ी शिकस्त के रूप में दर्ज हो गई है।
