एजुकेशन / केजरीवाल सरकार ने उठाया बड़ा कदम, प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली के स्कूलों में चार दिन की छुट्टी

India TV : Nov 01, 2019, 04:28 PM

नई दिल्ली | दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली में प्रदूषण के स्तर में वृद्धि के कारण दिल्ली में सभी स्कूल 5 नवंबर तक बंद रहेंगे। इसके अलावा शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट के एक पैनल ने दिल्ली-एनसीआर प्रदूषण के स्तर को देखते हुए पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित कर दी है। दिल्ली एनसीआर में 5 नवंबर तक निर्माण गतिविधि पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।

दिल्ली एनसीआर क्षेत्र में प्रदूषण स्तर के "गंभीर प्लस" श्रेणी में पहुंचने के बाद पर्यावरण प्रदूषण (रोकथाम और नियंत्रण) प्राधिकरण ने सर्दियों में पटाखे फोड़ने पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है।

ईपीसीए के चेयरपर्सन भूरे लाल ने उत्तर प्रदेश, हरियाणा और दिल्ली के मुख्य सचिवों को लिखे पत्र में कहा कि दिल्ली-एनसीआर में हवा की गुणवत्ता गुरुवार रात और खराब हो गई और अब गंभीर स्तर पर पहुंच गई है। 

उन्होंने पत्र में कहा, "हमें इसे सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल के रूप में लेना होगा क्योंकि वायु प्रदूषण का सभी पर, विशेषकर हमारे बच्चों पर स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा।"

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शुक्रवार को शहर के स्कूली बच्चों से कहा कि पंजाब और हरियाणा में जल रही पराली के कारण यहां वायु प्रदूषण फैल रहा है और इसके लिए वे दोनों राज्य के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिख कर इसे नियंत्रित करने की अपील करें। केजरीवाल ने प्रदूषण से स्कूली बच्चों को बचाने की सरकार की पहल के तहत विद्यार्थियों को मास्क बांटे और उन्हें पराली जलाए जाने के बारे में भी बताया। 

दिल्ली सरकार ने निजी और सरकारी स्कूलों के बच्चों को बांटने के लिए 50 लाख ‘एन95’ मास्क खरीदे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब और हरियाणा में जल रही पराली के कारण दिल्ली में प्रदूषण हो रहा है। उन्होंने बच्चों से कहा, ‘‘कृपया कैप्टन अंकल और खट्टर अंकल को पत्र लिखें और कहें ‘कृपया हमारी सेहत का ध्यान रखे’।’’ 

उन्होंने खुद भी हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर और पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से बच्चों की सेहत के बारे में सोचने और पराली जलाने से रोकने के लिए कदम उठाने की अपील भी की। मुख्यमंत्री ने बच्चों से राष्ट्रीय राजधानी में कूड़ा जलाने से रोकने में मदद करने की अपील भी की। उन्होंने कहा, ‘‘हमें दिल्ली में कूड़ा जलने से रोकना होगा। अगर आप किसी को ऐसा करते देखें, तो उनसे ऐसा ना करने की अपील करें। अगर वे ना मानें तो फिर उनकी शिकायत करने के लिए एक व्हाट्सएप नंबर है।’’ 

इसके बाद मुख्यमंत्री ने पंजाब और हरियाणा सरकार पर पराली जलाने को लेकर निशाना साधते ट्वीट किया, ‘‘खट्टर और कैप्टन सरकारें अपने किसानों को पराली जलाने पर मजबूर कर रहीं हैं जिसकी वजह से दिल्ली में भारी प्रदूषण है। कल पंजाब और हरियाणा भवन पर लोगों ने प्रदर्शन कर वहां की सरकारों के प्रति अपना रोष प्रकट किया था।’’ 

गौरतलब है कि आप के वरिष्ठ नेता गोपाल राय के नेतृत्व में पार्टी के सदस्यों ने गुरुवार को पंजाब और हरियाणा भवन के बाहर दोनों राज्यों की सरकार पर पराली जलाने के खिलाफ कदम ना उठाने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया था। वहीं देश की राजधानी पर छायी जहरीली धुंध की चादर शुक्रवार सुबह और गहरी हो गई। 

रात भर में प्रदूषण का स्तर लगभग 50 अंक बढ़ गया और समग्र वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 459 पर पहुंच गया।