पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: भाजपा की रथ यात्रा और ब्रिगेड जनसभा की योजना

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के लिए भाजपा ने दक्षिण बंगाल में रथ यात्रा और कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में विशाल जनसभा की योजना बनाई है। पार्टी 150 विधानसभा क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित कर रही है और उम्मीदवारों के चयन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

पश्चिम बंगाल में 2026 के विधानसभा चुनावों की आहट के साथ ही राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) को चुनौती देने के लिए एक व्यापक चुनावी रणनीति तैयार की है। इस रणनीति के तहत दक्षिण बंगाल में रथ यात्रा निकालने और कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड में एक विशाल जनसभा आयोजित करने की योजना है। साल्ट लेक स्थित पार्टी कार्यालय में हुई कोर कमेटी की बैठक में इन प्रस्तावों पर विस्तृत चर्चा की गई है। भाजपा का मुख्य उद्देश्य उन क्षेत्रों में अपनी पकड़ मजबूत करना है जहां पिछले चुनावों में पार्टी का प्रदर्शन बेहतर रहा था।

दक्षिण बंगाल में रथ यात्रा का आयोजन

भाजपा की योजना के अनुसार यह रथ यात्रा मुख्य रूप से दक्षिण बंगाल के जिलों पर केंद्रित होगी। सूत्रों के अनुसार पार्टी ने उन 150 विधानसभा क्षेत्रों की पहचान की है जहां 2019 के लोकसभा चुनाव, 2021 के विधानसभा चुनाव और 2024 के आम चुनावों में भाजपा को महत्वपूर्ण वोट शेयर या बढ़त मिली थी। इस यात्रा के माध्यम से पार्टी जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और मतदाताओं तक अपनी नीतियों को पहुंचाने का प्रयास करेगी। दक्षिण बंगाल के जिलों जैसे दक्षिण 24 परगना, उत्तर 24 परगना, हावड़ा और हुगली में पार्टी अपनी सांगठनिक शक्ति को बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रही है।

ब्रिगेड परेड ग्राउंड में प्रधानमंत्री की संभावित जनसभा

रथ यात्रा के समापन के अवसर पर कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में एक बड़ी जनसभा आयोजित करने का प्रस्ताव है। भाजपा नेतृत्व इस सभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मुख्य वक्ता के रूप में आमंत्रित करने पर विचार कर रहा है। हालांकि इस जनसभा की सटीक तारीख अभी तय नहीं की गई है लेकिन इसे चुनाव घोषणा से ठीक पहले आयोजित करने की संभावना है। इसके अतिरिक्त केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह फरवरी के अंत में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के एक कार्यक्रम के सिलसिले में बंगाल का दौरा कर सकते हैं जिस दौरान वे सांगठनिक बैठकों की अध्यक्षता करेंगे और उत्तर बंगाल में भी पार्टी ब्रिगेड जैसी ही बड़ी जनसभाएं करने की योजना बना रही है ताकि राज्य के दोनों हिस्सों में संतुलन बनाया जा सके।

उम्मीदवारों के चयन की त्रिस्तरीय प्रक्रिया

उम्मीदवारों के चयन के लिए भाजपा ने एक नई प्रक्रिया अपनाई है और राज्य नेतृत्व प्रत्येक विधानसभा सीट के लिए तीन संभावित उम्मीदवारों के नाम तय करेगा। यह सूची इस महीने के अंत तक केंद्रीय नेतृत्व को भेजी जाएगी। भाजपा के सूत्रों के मुताबिक राज्य भाजपा इस महीने तक जिलों से विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की लिस्ट दिल्ली भेजना चाहती है और वहां से फाइनल लिस्ट चुनी जाएगी। भाजपा मार्च के दूसरे हफ्ते में कई फेज में लिस्ट जारी करना भी शुरू कर सकती है। पार्टी का लक्ष्य चुनाव की तारीखों के औपचारिक ऐलान से पहले ही अपने प्रमुख उम्मीदवारों के नाम स्पष्ट करना है ताकि उन्हें प्रचार के लिए पर्याप्त समय मिल सके।

तृणमूल कांग्रेस की युवा साथी योजना और राजनीतिक मुकाबला

दूसरी ओर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस ने भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। राज्य सरकार ने युवा साथी योजना के तहत बेरोजगार युवाओं को ₹1500 प्रति माह की वित्तीय सहायता देने के लिए पंजीकरण शिविर शुरू किए हैं। इस योजना को युवाओं के बीच पैठ बनाने के एक बड़े कदम के रूप में देखा जा रहा है। टीएमसी का ध्यान अपनी कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से सत्ता विरोधी लहर को कम करने पर है। रविवार को राज्य के विभिन्न हिस्सों में इन कैंपों की शुरुआत की गई है जहां बड़ी संख्या में युवाओं ने पंजीकरण कराया है।

सांगठनिक मजबूती और ऐतिहासिक संदर्भ

2021 के विधानसभा चुनावों में भाजपा ने 294 सीटों में से 77 सीटों पर जीत दर्ज की थी जिससे वह राज्य में मुख्य विपक्षी दल के रूप में उभरी थी। 2026 के चुनावों में पार्टी अपनी सीटों की संख्या बढ़ाने और सत्ता तक पहुंचने के लक्ष्य के साथ काम कर रही है। साल्ट लेक ऑफिस में हुई बैठक में पार्टी की रणनीति और चुनावी आइडिया पर विस्तार से चर्चा हुई और भाजपा नेताओं का कहना है कि वे पब्लिक मीटिंग और जनसंपर्क पर अधिक जोर देंगे। पार्टी का मानना है कि रथ यात्रा और ब्रिगेड रैली जैसे आयोजनों से कार्यकर्ताओं में नया उत्साह पैदा होगा और वे ममता बनर्जी सरकार की नीतियों के खिलाफ जनता को एकजुट कर सकेंगे।

SUBSCRIBE TO OUR NEWSLETTER