नोएडा में हाल ही में हुए कर्मचारी आंदोलनों की पृष्ठभूमि के बीच अब राजस्थान के भिवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र से भी श्रमिकों के उग्र प्रदर्शन की खबरें सामने आई हैं। भिवाड़ी के चौपांकी औद्योगिक क्षेत्र स्थित सुप्राजीत इंजीनियरिंग लिमिटेड के श्रमिकों ने वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर अचानक काम बंद कर दिया और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया और यह प्रदर्शन उस समय तनावपूर्ण हो गया जब श्रमिक कारखाने के परिसर से बाहर निकलकर सड़कों पर आ गए और यातायात बाधित करने का प्रयास किया।
सड़क जाम और पुलिस की कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, सुप्राजीत इंजीनियरिंग लिमिटेड में केबल निर्माण का कार्य होता है। यहां कार्यरत श्रमिक लंबे समय से वेतन में वृद्धि की मांग कर रहे थे। सोमवार सुबह श्रमिकों का धैर्य जवाब दे गया और उन्होंने सामूहिक रूप से धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में महिला श्रमिक भी शामिल थीं। जब प्रदर्शनकारी श्रमिक सड़क पर उतर आए और जाम लगाने की कोशिश की, तो स्थिति को नियंत्रित करने के लिए भिवाड़ी पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को हल्का बल प्रयोग कर उन्हें सड़क से हटाना पड़ा।
पुलिस द्वारा श्रमिकों को हिरासत में लेना
सड़क जाम हटाने की प्रक्रिया के दौरान पुलिस और श्रमिकों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारी श्रमिकों को एहतियातन हिरासत में लिया। पुलिस प्रशासन का कहना है कि सार्वजनिक मार्ग को अवरुद्ध करना कानून का उल्लंघन है और औद्योगिक शांति बनाए रखना उनकी प्राथमिकता है। हिरासत में लिए गए श्रमिकों को स्थिति सामान्य होने पर छोड़ने की बात कही गई है। इस दौरान इलाके में भारी पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
कंपनी प्रबंधन और श्रमिकों के बीच वार्ता
भिवाड़ी के एडिशनल एसपी अतुल साहू ने मीडिया को जानकारी दी कि पुलिस प्रशासन इस मामले में मध्यस्थता कर रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदर्शन कर रहे श्रमिकों का एक प्रतिनिधिमंडल कंपनी प्रबंधन के साथ बातचीत कर रहा है। प्रबंधन ने श्रमिकों की मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया है। अधिकारियों के अनुसार, वार्ता का दौर सकारात्मक दिशा में बढ़ रहा है और उम्मीद है कि वेतन संबंधी विवाद का समाधान जल्द ही निकाल लिया जाएगा और पुलिस ने स्पष्ट किया है कि वे केवल कानून-व्यवस्था की स्थिति पर नजर रख रहे हैं और औद्योगिक विवाद का समाधान आपसी सहमति से होना चाहिए।
औद्योगिक क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
घटना के बाद से चौपांकी औद्योगिक क्षेत्र में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। एहतियात के तौर पर सुप्राजीत इंजीनियरिंग लिमिटेड के बाहर और आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। स्थानीय प्रशासन अन्य औद्योगिक इकाइयों पर भी नजर रख रहा है ताकि विरोध की यह लहर अन्य कंपनियों तक न फैले। अधिकारियों ने श्रमिकों से शांति बनाए रखने और अपनी मांगों को लोकतांत्रिक तरीके से प्रबंधन के सामने रखने की अपील की है। फिलहाल, कंपनी के भीतर उत्पादन कार्य प्रभावित है और सभी की नजरें प्रबंधन और श्रमिक संघ के बीच होने वाले अंतिम समझौते पर टिकी हैं।
