इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के आगामी सीजन में एक बड़ा बदलाव देखने को मिलने वाला है। स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन, जो लंबे समय तक राजस्थान रॉयल्स के कप्तान और मुख्य चेहरा रहे हैं, अब चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) की पीली जर्सी में नजर आएंगे और सोमवार 30 मार्च को गुवाहाटी के मैदान पर जब राजस्थान रॉयल्स और चेन्नई सुपर किंग्स की टीमें आमने-सामने होंगी, तब सैमसन अपने पुराने क्लब के खिलाफ ही चेन्नई के लिए पदार्पण करेंगे। यह बदलाव क्रिकेट जगत में चर्चा का विषय बना हुआ है, विशेष रूप से चेन्नई के कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ द्वारा किए गए हालिया खुलासे के बाद।
संजू सैमसन का चेन्नई सुपर किंग्स में पदार्पण
संजू सैमसन के आईपीएल करियर में यह एक ऐतिहासिक मोड़ है। 2013 में राजस्थान रॉयल्स के साथ अपने सफर की शुरुआत करने वाले सैमसन ने अपने करियर के 13 में से 11 सीजन इसी फ्रेंचाइजी के साथ बिताए हैं। पिछले पांच वर्षों से वह टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे। हालांकि, आईपीएल 2025 के मेगा ऑक्शन और उसके बाद के घटनाक्रमों के बाद, सैमसन ने फ्रेंचाइजी छोड़ने का निर्णय लिया। अब वह चेन्नई सुपर किंग्स के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत करने जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार, सैमसन का चेन्नई में शामिल होना टीम के मध्यक्रम और विकेटकीपिंग विभाग को मजबूती प्रदान करेगा।
ऋतुराज गायकवाड़ का चौंकाने वाला खुलासा
चेन्नई सुपर किंग्स के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर साझा किए गए एक साक्षात्कार में कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ ने संजू सैमसन के टीम में आने की पृष्ठभूमि पर प्रकाश डाला। गायकवाड़ ने बताया कि सैमसन पिछले 2-3 वर्षों से चेन्नई के लिए खेलने का सपना देख रहे थे। गायकवाड़ के अनुसार, कुछ साल पहले एक बातचीत के दौरान सैमसन ने महेंद्र सिंह धोनी के बारे में पूछा था और टीम के भविष्य के नेतृत्व को लेकर भी चर्चा की थी और गायकवाड़ ने खुलासा किया कि सैमसन ने स्पष्ट रूप से कहा था कि वह कप्तानी की दौड़ में शामिल नहीं होना चाहते, बल्कि गायकवाड़ के नेतृत्व में एक खिलाड़ी के तौर पर खेलना चाहते हैं। सैमसन ने अपनी इच्छा व्यक्त करते हुए कहा था कि जब भी अवसर मिलेगा, वह चेन्नई का हिस्सा बनना चाहेंगे।
राजस्थान रॉयल्स और चेन्नई के बीच बड़ा ट्रेड
संजू सैमसन का चेन्नई सुपर किंग्स में स्थानांतरण एक हाई-प्रोफाइल ट्रेड के माध्यम से संभव हुआ है और राजस्थान रॉयल्स ने सैमसन को चेन्नई के साथ ट्रेड करने का फैसला किया, जिसके बदले में उन्हें दो दिग्गज खिलाड़ी मिले हैं। राजस्थान रॉयल्स ने चेन्नई से अनुभवी ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा और इंग्लैंड के स्टार खिलाड़ी सैम करन को अपने स्क्वॉड में शामिल किया है। यह ट्रेड आईपीएल इतिहास के सबसे बड़े सौदों में से एक माना जा रहा है, क्योंकि इसमें तीन अंतरराष्ट्रीय स्तर के बड़े नाम शामिल हैं। इस ट्रेड के बाद दोनों टीमों की संरचना में व्यापक बदलाव आया है, जिससे आगामी सीजन के समीकरण पूरी तरह बदल गए हैं।
संजू सैमसन का राजस्थान रॉयल्स के साथ सफर
संजू सैमसन और राजस्थान रॉयल्स का रिश्ता एक दशक से भी अधिक पुराना रहा है। 2013 में डेब्यू करने के बाद, सैमसन ने केवल 2016 और 2017 में दिल्ली डेयरडेविल्स (अब दिल्ली कैपिटल्स) के लिए खेला था, जब राजस्थान रॉयल्स पर दो साल का प्रतिबंध लगा था। राजस्थान के लिए उन्होंने कुल 149 मैच खेले, जिसमें उन्होंने कई यादगार पारियां खेलीं और टीम को 2022 के फाइनल तक पहुंचाया। उनके नेतृत्व में राजस्थान रॉयल्स ने एक प्रतिस्पर्धी टीम के रूप में अपनी पहचान बनाई थी और 11 सीजन तक टीम का अभिन्न हिस्सा रहने के बाद, उनका अलग होना फ्रेंचाइजी के प्रशंसकों के लिए एक भावुक क्षण है।
चेन्नई सुपर किंग्स की नई रणनीति और तैयारी
आगामी मुकाबले के लिए चेन्नई सुपर किंग्स ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। गुवाहाटी में होने वाले मैच के लिए टीम के रणनीतिकारों ने सैमसन की भूमिका को लेकर स्पष्ट योजना बनाई है। गायकवाड़ के नेतृत्व में टीम अब एक नए संतुलन के साथ मैदान पर उतरेगी। सैमसन के आने से टीम को एक अनुभवी विकेटकीपर और शीर्ष क्रम का आक्रामक बल्लेबाज मिला है। दूसरी ओर, राजस्थान रॉयल्स भी जडेजा और सैम करन के आने से अपनी गेंदबाजी और निचले मध्यक्रम को लेकर आश्वस्त नजर आ रही है। 30 मार्च का मुकाबला न केवल दो टीमों के बीच की जंग होगी, बल्कि यह संजू सैमसन के लिए अपनी पुरानी टीम के खिलाफ खुद को साबित करने का एक बड़ा मंच भी होगा।
