अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से एक महत्वपूर्ण मुलाकात की है। यह बैठक भारत और अमेरिका के बीच कूटनीतिक संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी। दिल्ली में हुई इस बैठक के दौरान दोनों नेताओं के बीच करीब 1 घंटे तक गहन कूटनीतिक बातचीत हुई। इस मुलाकात की सबसे खास बात यह रही कि मंत्री मार्को रूबियो ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से प्रधानमंत्री मोदी को भविष्य में व्हाइट हाउस आने का औपचारिक न्योता भी दिया है। यह निमंत्रण दोनों देशों के बीच भविष्य में होने वाले उच्च स्तरीय संवाद की नींव रखता है।
सुरक्षा और व्यापार पर अहम चर्चा
प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के बाद राजदूत सर्जियो गोर ने मीडिया से बातचीत की और बैठक के विवरण साझा किए और उन्होंने बताया कि दोनों नेताओं के बीच लगभग 1 घंटे तक चली यह बैठक काफी सकारात्मक रही। बैठक के दौरान मुख्य रूप से सुरक्षा, व्यापार और क्रिटिकल टेक्नोलॉजी जैसे अत्यंत महत्वपूर्ण क्षेत्रों में भारत और अमेरिका के सहयोग को और अधिक मजबूत करने पर विस्तार से चर्चा की गई। दोनों देशों ने इन क्षेत्रों में अपनी साझेदारी को और गहरा करने की प्रतिबद्धता दोहराई है ताकि वैश्विक चुनौतियों का मिलकर सामना किया जा सके।
इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में सहयोग
राजदूत सर्जियो गोर ने भारत को अमेरिका का एक अत्यंत महत्वपूर्ण साझेदार करार दिया। उन्होंने कहा कि भारत और अमेरिका दोनों ही देश मिलकर एक फ्री और ओपन इंडो-पैसिफिक क्षेत्र को आगे बढ़ाने की दिशा में निरंतर काम कर रहे हैं और सर्जियो गोर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के माध्यम से यह भी जानकारी दी कि मार्को रूबियो की यह यात्रा एक ऐसे समय में हो रही है जब ईरान जंग के कारण पूरी दुनिया कई तरह की जटिल दिक्कतों और चुनौतियों से जूझ रही है। ऐसे वैश्विक माहौल में भारत और अमेरिका की यह रणनीतिक साझेदारी और भी महत्वपूर्ण हो जाती है।
रणनीतिक साझेदारी और वैश्विक भलाई
रूबियो का यह दौरा भारत-अमेरिका संबंधों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि इसमें व्यापार, प्रौद्योगिकी, रक्षा सहयोग, ऊर्जा सुरक्षा और क्वाड देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस मुलाकात को लेकर अपनी खुशी जाहिर की है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि उन्हें अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो का स्वागत करके बहुत प्रसन्नता हुई। पीएम मोदी ने उल्लेख किया कि बैठक में भारत-यूएस व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी में हो रही निरंतर प्रगति और क्षेत्रीय तथा वैश्विक शांति और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर सार्थक चर्चा हुई। उन्होंने विश्वास जताया कि भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका वैश्विक भलाई के लिए निरंतर मिलकर काम करते रहेंगे।
कोलकाता का ऐतिहासिक दौरा
नई दिल्ली आने से पहले अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कोलकाता का भी दौरा किया। यह दौरा ऐतिहासिक रूप से काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि पिछले करीब 14 सालों में यह पहली बार है जब किसी अमेरिकी विदेश मंत्री ने कोलकाता का दौरा किया है। इससे पहले वर्ष 2012 में तत्कालीन अमेरिकी विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने इस शहर की यात्रा की थी। कोलकाता पहुंचकर रूबियो ने मदर टेरेसा द्वारा स्थापित ‘मिशनरीज ऑफ चैरिटी’ के मुख्यालय मदर हाउस और ‘निर्मला शिशु भवन’ का दौरा किया। उन्होंने मदर हाउस में लगभग 1 घंटा बिताया और वहां की सिस्टर्स से मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने कोलकाता के ऐतिहासिक विक्टोरिया मेमोरियल का भी भ्रमण किया और फिर अपने अगले कार्यक्रमों के लिए नई दिल्ली के लिए रवाना हो गए।
