मेरठ जेल: मुस्कान, बबीता और दामिनी... पति की हत्या की आरोपी अब एक ही ठिकाने पर

मेरठ की चौधरी चरण सिंह जिला जेल में पति की हत्या के चर्चित मामलों की आरोपी महिलाएं बंद हैं, जिनमें नीला ड्रम और सांप कांड की आरोपी शामिल हैं।

मेरठ का चौधरी चरण सिंह जिला जेल एक बार फिर से सुर्खियों में आ गया है। इस जेल में अब पति की हत्या के बेहद चर्चित और चौंकाने वाले मामलों में आरोपी महिलाएं एक साथ बंद रहेंगी। हाल ही में हस्तिनापुर के चर्चित सांप कांड की मुख्य आरोपी दामिनी को इस जेल में लाया गया है, जहां मेरठ के प्रसिद्ध नीला ड्रम हत्याकांड की मुख्य आरोपी मुस्कान पहले से ही सजा काट रही है या विचाराधीन कैदी के रूप में बंद है। इन दोनों ही मामलों में एक डरावनी समानता यह है कि महिलाओं पर अपने प्रेमियों के साथ मिलकर अपने ही पतियों की जान लेने का गंभीर आरोप लगा है। यह संयोग ही है कि समाज को दहला देने वाले इन दोनों मामलों की आरोपी अब एक ही जेल की दीवारों के पीछे होंगी।

नीला ड्रम हत्याकांड और मुस्कान की कहानी

मेरठ का नीला ड्रम हत्याकांड न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश में चर्चा का विषय बना था। इस मामले में पुलिस का आरोप है कि मुस्कान ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर एक सोची-समझी साजिश के तहत अपने पति सौरभ की हत्या कर दी थी। हत्या की वारदात को अंजाम देने के बाद, साक्ष्यों को मिटाने और शव को ठिकाने लगाने के लिए उसे एक नीले रंग के प्लास्टिक ड्रम में छिपा दिया गया था। जब यह घटना सामने आई, तो इसने समाज को झकझोर कर रख दिया था। मुस्कान को गिरफ्तार करने के बाद मेरठ के चौधरी चरण सिंह जिला कारागार भेज दिया गया था, और वह तब से वहीं कैद है। इस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने इसमें गहन जांच की थी।

सांप से डसवाकर हत्या और दामिनी का मामला

मेरठ के हस्तिनापुर थाना क्षेत्र में सामने आए एक और मामले ने लोगों को हैरान कर दिया है। आरोप है कि दामिनी ने अपने प्रेमी तुषार के साथ मिलकर अपने पति अतुल पवार की हत्या की एक खौफनाक साजिश रची। पुलिस की जांच में जो तथ्य सामने आए, वे किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं थे। आरोप है कि पति की हत्या के लिए किसी हथियार का नहीं, बल्कि एक जहरीले सांप का इस्तेमाल किया गया। जांच के अनुसार, दामिनी ने एक सपेरे के माध्यम से सांप का इंतजाम करवाया और फिर अपने पति को उससे डसवाया, जिससे अतुल पवार की मौत हो गई। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद दामिनी को गिरफ्तार किया गया और अब उसे भी मेरठ की चौधरी चरण सिंह जिला कारागार में मुस्कान के साथ रखा गया है।

बबीता और पूर्व के ऐसे ही मामले

मेरठ जेल में पिछले कुछ वर्षों के दौरान पति की हत्या के आरोप में कई महिलाएं बंद रही हैं। जेल के रिकॉर्ड और पुलिस फाइलों के अनुसार, करीब 16 महीने पहले मेरठ के बहसूमा थाना क्षेत्र में भी बिल्कुल ऐसा ही मामला सामने आया था। उस समय बबीता नाम की महिला पर यह आरोप लगा था कि उसने सांप से कटवाकर अपने पति की हत्या कर दी थी। बबीता भी काफी समय तक चौधरी चरण सिंह जिला कारागार में बंद रही थी और जेल प्रशासन के मुताबिक, वर्तमान में जिला कारागार में ऐसी कई महिला बंदी हैं, जिन पर अपने ही सुहाग को उजाड़ने या पति की हत्या करने के गंभीर आरोप हैं। अब दामिनी का नाम भी इसी सूची में जुड़ गया है।

समाज में बढ़ते अपराध और पुलिस की कार्रवाई

पति-पत्नी के पवित्र रिश्ते में विश्वासघात और फिर हत्या जैसे जघन्य अपराधों के बढ़ते मामलों ने सामाजिक चिंतकों और पुलिस प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। मेरठ में हाल के वर्षों में सामने आए इन सभी मामलों में एक बात समान रही है कि हत्या की मुख्य वजह अवैध प्रेम संबंधों को बताया गया है। पुलिस और जांच एजेंसियां इन मामलों में वैज्ञानिक साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर कड़ी कार्रवाई कर रही हैं ताकि आरोपियों को सख्त सजा मिल सके। जेल प्रशासन इन महिला बंदियों पर कड़ी नजर रख रहा है। इन घटनाओं ने यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि कैसे आपसी विवाद और बाहरी संबंध इतने हिंसक परिणाम तक पहुंच जाते हैं।