पाकिस्तान: खैबर पख्तूनख्वा की मस्जिद में भीषण धमाका, 5 जवानों समेत 15 की मौत

पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के कोहाट में जुमे की नमाज के दौरान एक मस्जिद में हुए भीषण धमाके और गोलीबारी में 15 लोगों की मौत हो गई और 25 से अधिक लोग घायल हुए हैं।

पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत से एक अत्यंत हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां शुक्रवार को जुमे की नमाज के दौरान एक मस्जिद को निशाना बनाकर भीषण धमाका किया गया। यह हमला कोहाट जिले में ओल्ड पुलिस लाइन के पास स्थित एक मस्जिद में हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय सूत्रों के अनुसार, धमाका उस समय हुआ जब मस्जिद में नमाजियों की भारी भीड़ जमा थी। धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि इसकी आवाज दूर तक सुनी गई और इसके तुरंत बाद हमलावरों ने वहां मौजूद लोगों पर अंधाधुंध फायरिंग भी शुरू कर दी, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

हताहतों का विवरण और शुरुआती जानकारी

इस आतंकी हमले में अब तक 15 लोगों के मारे जाने की दुखद खबर है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इन मृतकों में 5 सुरक्षा बल के जवान भी शामिल हैं। धमाके और उसके बाद हुई गोलीबारी में 25 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिन्हें उपचार के लिए तत्काल नजदीकी अस्पतालों में ले जाया गया है। अस्पताल प्रशासन ने घायलों की संख्या को देखते हुए आपातकाल घोषित कर दिया है। धमाके के कारण मस्जिद की इमारत और उसके आसपास के कई मकानों को भारी नुकसान पहुंचा है, जिससे कई लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है।

जांच और हमले का तरीका

खैबर पख्तूनख्वा के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) जुल्फिकार हमीद ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि यह धमाका कोहाट पुलिस लाइन्स की मस्जिद में हुआ है। शुरुआती जांच के जो तथ्य सामने आए हैं, वे संकेत देते हैं कि विस्फोटकों से लदी एक गाड़ी को ओल्ड पुलिस लाइन के क्षेत्र में घुसाया गया था, जिसके बाद यह बड़ा धमाका हुआ। हालांकि, इस हमले के पीछे किस संगठन का हाथ है और इसे किस तरह अंजाम दिया गया, इसकी विस्तृत जांच अभी जारी है। आईजी ने यह भी बताया कि धमाके के बाद वहां मौजूद पुलिसकर्मियों और हथियारबंद आतंकवादियों के बीच मुठभेड़ भी हुई।

राहत और बचाव कार्य की स्थिति

रेस्क्यू 1122 के प्रवक्ता बिलाल अहमद फैजी ने मीडिया को जानकारी दी कि बम धमाके की सूचना मिलते ही उनकी टीमें मौके पर पहुंच गईं और राहत कार्य शुरू कर दिया गया। उन्होंने बताया कि जिस समय धमाका हुआ, उस समय लोग जुमे की नमाज अदा कर रहे थे। धमाके के कारण मस्जिद का एक हिस्सा ढह गया है और बचाव दल मलबे को हटाकर दबे हुए लोगों को निकालने की कोशिश कर रहे हैं। पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया है और स्थानीय लोगों को घटनास्थल से दूर रहने की सलाह दी गई है।

प्रशासनिक प्रतिक्रिया और कड़ी चेतावनी

आईजी जुल्फिकार हमीद ने पुलिस के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि पुलिस आतंकवाद के खिलाफ एक लोहे की दीवार की तरह मजबूती से खड़ी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह के कायरतापूर्ण हमले पुलिस और सुरक्षा बलों के इरादों को कमजोर नहीं कर सकते। उन्होंने शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उनका बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा और इन आतंकवादियों के साथ-साथ उनके मददगारों को भी उनके किए का भयानक अंजाम भुगतना होगा और दूसरी ओर, खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने बेगुनाह नागरिकों पर किए गए इस हमले को घृणित करार दिया और पुलिस अधिकारियों से इस पूरे मामले पर एक विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश देते हुए दोषियों को जल्द से जल्द पकड़ने के निर्देश दिए हैं।