Titan Q4 Results: टाइटन के मुनाफे में 35% का उछाल, ₹15 डिविडेंड का ऐलान

टाटा समूह की कंपनी टाइटन ने मार्च तिमाही में 1,179 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया है, जो पिछले साल के मुकाबले 35% अधिक है। कंपनी ने 15 रुपये प्रति शेयर डिविडेंड की घोषणा की है और इसकी कुल आमदनी 46% बढ़कर 20,300 करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है।

टाटा समूह की दिग्गज कंपनी टाइटन ने 8 मई को अपने मार्च तिमाही (Q4) के वित्तीय परिणामों की घोषणा की है। कंपनी ने इस तिमाही में बाजार की उम्मीदों को पार करते हुए शानदार प्रदर्शन किया है। सोने की बढ़ती कीमतों के बावजूद टाइटन का शुद्ध मुनाफा साल-दर-साल आधार पर 35 प्रतिशत बढ़कर 1,179 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया है। वहीं, कंपनी की कुल आमदनी में भी 46 प्रतिशत की जबरदस्त वृद्धि देखी गई है, जो अब 20,300 करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर गई है।

निवेशकों के लिए डिविडेंड और शेयर बाजार की प्रतिक्रिया

कंपनी के इस मजबूत वित्तीय प्रदर्शन का लाभ सीधे तौर पर इसके शेयरधारकों को मिलने जा रहा है। टाइटन ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए अपने निवेशकों को प्रति शेयर 15 रुपये का डिविडेंड देने का प्रस्ताव रखा है। इस प्रस्ताव को आगामी वार्षिक आम बैठक (AGM) में औपचारिक मंजूरी दी जाएगी। नतीजों और डिविडेंड की घोषणा के बाद शेयर बाजार में टाइटन के शेयरों में भारी लिवाली देखी गई। 3 प्रतिशत की तेजी के साथ 4,579 रुपये के स्तर पर पहुंच गया।

ज्वेलरी और घड़ी सेगमेंट का प्रदर्शन

महंगे सोने के बावजूद टाइटन के ज्वेलरी बिजनेस में जबरदस्त चमक देखी गई है। बुलियन और डिजी-गोल्ड की बिक्री को छोड़कर, ज्वेलरी पोर्टफोलियो की आमदनी 50 प्रतिशत बढ़कर 18,195 करोड़ रुपये रही। इसके अलावा, घड़ियों के सेगमेंट में भी कंपनी ने अपनी पकड़ मजबूत रखी है। मार्च तिमाही में एनालॉग घड़ियों की बिक्री में 15 प्रतिशत की ठोस वृद्धि दर्ज की गई है, जिसमें प्रीमियम और महंगी घड़ियों का बड़ा योगदान रहा है।

प्रमुख आंकड़े और अंतरराष्ट्रीय विस्तार

अंतरराष्ट्रीय कारोबार और वार्षिक प्रदर्शन

टाइटन का अंतरराष्ट्रीय कारोबार भी तेजी से विस्तार कर रहा है। उत्तरी अमेरिका और जीसीसी (खाड़ी देशों) के बाजारों में कंपनी के ज्वेलरी ऑपरेशंस ने डबल डिजिट में ग्रोथ हासिल की है और इसी तिमाही में कंपनी ने जीसीसी क्षेत्र के प्रसिद्ध ब्रांड ‘दमास ज्वेलरी’ (Damas Jewellery) में 67 प्रतिशत हिस्सेदारी के अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी की है। पूरे वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान कंपनी की कुल कंसॉलिडेटेड आमदनी 33 प्रतिशत बढ़कर 76,078 करोड़ रुपये रही, जबकि टैक्स के बाद शुद्ध मुनाफा 52 प्रतिशत के उछाल के साथ 5,073 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।