पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के मतदान के दौरान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के बीच तीखे आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला शुरू हो गया है। भाजपा ने आरोप लगाया है कि डायमंड हार्बर की फलता विधानसभा सीट के कई मतदान केंद्रों पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) पर भाजपा के चुनाव चिह्न के सामने टेप लगा दिया गया है। भाजपा का दावा है कि यह मतदाताओं को उनके पक्ष में वोट देने से रोकने की एक सोची-समझी साजिश है। इन शिकायतों के बीच राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने स्पष्ट किया है कि जिन केंद्रों पर ऐसी अनियमितताएं पाई जाएंगी, वहां दोबारा मतदान कराया जाएगा।
ईवीएम पर टेप और निर्वाचन आयोग की कार्रवाई
मतदान के दौरान सामने आई इन शिकायतों पर संज्ञान लेते हुए मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने कहा कि जिन मतदान केंद्रों पर ईवीएम पर काली या सफेद टेप लगी हुई पाई गई है, वहां पुनर्मतदान (re-polling) के आदेश दिए जाएंगे। उन्होंने आगे यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी विशेष विधानसभा क्षेत्र के बड़ी संख्या में बूथों पर इस तरह की घटनाएं सामने आती हैं, तो उस पूरी विधानसभा सीट पर दोबारा मतदान कराने पर विचार किया जाएगा। भाजपा ने इस मामले को लेकर चुनाव आयोग से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
अमित मालवीय का 'डायमंड हार्बर मॉडल' पर हमला
भाजपा नेता अमित मालवीय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस मुद्दे को उठाते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर खान पर निशाना साधा। मालवीय ने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी जहांगीर खान जैसे अपराधियों का बचाव कर रही हैं, जो फलता सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। उन्होंने इसे "डायमंड हार्बर मॉडल" करार दिया और कहा कि इसी मॉडल के जरिए अभिषेक बनर्जी ने लोकसभा चुनाव जीता था।
टीएमसी का पलटवार और केंद्रीय बलों पर आरोप
दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा के आरोपों को खारिज करते हुए केंद्रीय सुरक्षा बलों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। टीएमसी का कहना है कि अमित शाह के अधीन काम करने वाली केंद्रीय सेनाएं दिन-दहाड़े महिलाओं पर बेरहमी से हमला कर रही हैं। टीएमसी ने इसे "शीतलकुची आतंक का मॉडल" बताते हुए कहा कि पूरे बंगाल में निर्दोष मतदाताओं, विशेषकर महिलाओं को डराया और धमकाया जा रहा है। पार्टी ने चेतावनी दी है कि बंगाल की महिलाओं के अपमान और लाठीचार्ज का बदला लिया जाएगा और 4 मई को होने वाली मतगणना के दिन भाजपा को इसका परिणाम भुगतना पड़ेगा।
