ब्रिटेन के स्थानीय चुनावों में 8 साल पुरानी रिफॉर्म यूके पार्टी ने एक बड़ा राजनीतिक उलटफेर कर दिया है। निगेल फराज के नेतृत्व वाली इस पार्टी ने अब तक के नतीजों में 384 सीटें जीतकर प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर की लेबर पार्टी और कंजर्वेटिव पार्टी को पीछे छोड़ दिया है। शुरुआती रुझानों और नतीजों को स्टार्मर सरकार के खिलाफ जनता की गहरी नाराजगी के तौर पर देखा जा रहा है। चुनाव के अंतिम परिणाम शनिवार तक आने की उम्मीद है।
सीटों का समीकरण और काउंसिल में फेरबदल
ब्रिटेन की राजनीति में इस समय बड़े बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। अब तक इंग्लैंड की लगभग 20% काउंसिल सीटों की गिनती पूरी हो चुकी है। इन शुरुआती नतीजों में रिफॉर्म यूके पार्टी ने 384 सीटें पर जीत दर्ज की है। इसके मुकाबले सत्ताधारी लेबर पार्टी को 253 सीटें मिली हैं, जबकि कंजर्वेटिव पार्टी 252 सीटों के साथ तीसरे स्थान पर खिसक गई है।
लेबर पार्टी के लिए यह चुनाव काफी नुकसानदेह साबित हो रहा है। जिन सीटों पर पार्टी पहले से काबिज थी, उनमें से आधे से अधिक सीटें उसके हाथ से निकल गई हैं। लेबर पार्टी ने 10 काउंसिल पर अपना नियंत्रण बरकरार रखा है, लेकिन उसे 7 काउंसिल की सत्ता गंवानी पड़ी है। दूसरी ओर, रिफॉर्म यूके ने न्यूकैसल-अंडर-लाइम काउंसिल पर कब्जा कर लिया है, जो पहले कंजर्वेटिव पार्टी के पास थी। रिफॉर्म यूके को विशेष रूप से इंग्लैंड के उत्तरी हिस्सों में बड़ी सफलता मिली है।
लेबर पार्टी के गढ़ में रिफॉर्म यूके की सेंधमारी
रिफॉर्म यूके ने उन इलाकों में भी अपनी पैठ बनाई है जो पारंपरिक रूप से लेबर पार्टी के मजबूत गढ़ माने जाते थे। हार्टलपूल जैसे मजदूर वर्ग वाले क्षेत्रों में भी रिफॉर्म यूके ने बढ़त हासिल की है। पार्टी नेता निगेल फराज ने इन नतीजों को ब्रिटिश राजनीति में एक ऐतिहासिक बदलाव करार दिया है। इस बीच, प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने चुनावी नतीजों की जिम्मेदारी स्वीकार की है, हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया है कि वह प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा नहीं देंगे।
चुनाव का दायरा और क्षेत्रीय स्थिति
इंग्लैंड में इस बार 136 लोकल अथॉरिटी की 5,000 से ज्यादा सीटों के लिए मतदान हुआ है। इसके साथ ही 6 मेयर पदों के लिए भी चुनाव कराए गए हैं। चुनाव में 'फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट' सिस्टम का पालन किया जा रहा है, जिसमें सबसे अधिक वोट पाने वाला उम्मीदवार विजयी होता है। इस चुनाव में 32 लंदन बरो, 32 मेट्रोपॉलिटन काउंसिल, 48 डिस्ट्रिक्ट काउंसिल, 18 यूनिटरी अथॉरिटी और 6 काउंटी काउंसिल शामिल हैं। इसके अलावा क्रॉयडन, हैकनी, लुईशम, न्यूहैम, टॉवर हैमलेट्स और वॉटफोर्ड में मेयर पद के लिए भी चुनाव हो रहे हैं।
अभी स्कॉटलैंड और वेल्स के नतीजे आने शेष हैं, जहां वोटों की गिनती जारी है। रिफॉर्म यूके वहां भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की कोशिश में है, हालांकि स्कॉटलैंड में स्कॉटिश नेशनल पार्टी और वेल्स में प्लेड कमरी जैसी क्षेत्रीय पार्टियों के मजबूत रहने के आसार हैं।
स्टार्मर की लोकप्रियता में गिरावट के मुख्य कारण
जुलाई 2024 में प्रधानमंत्री बनने वाले कीर स्टार्मर की लोकप्रियता दो साल से भी कम समय में काफी कम हो गई है। जनता में सरकार की नीतियों को लेकर असंतोष बढ़ रहा है। सरकार पर महंगाई रोकने में विफलता, आर्थिक सुधारों की कमी और नीतियों में बार-बार बदलाव करने के आरोप लग रहे हैं। सार्वजनिक सेवाओं की खराब स्थिति और बढ़ती महंगाई इस चुनाव में बड़े मुद्दे बनकर उभरे हैं।
ब्रिटेन के इन स्थानीय चुनावों के पूर्ण परिणाम शनिवार तक स्पष्ट हो जाएंगे, जिससे देश की भविष्य की राजनीतिक दिशा का और अधिक सटीक अंदाजा मिल सकेगा।
