जुलाई महीने के पहले ही दिन देश के लोगों पर राहतों की जबरदस्त बारिश हुई है जिसे राहतों का मानसून कहा जा रहा है और 1 जुलाई से कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में कमी से लेकर शेयर बाजार की रिकॉर्ड तेजी तक कुल 5 बड़ी खुशखबरी सामने आई हैं। इन बदलावों से न केवल आम जनता को आर्थिक राहत मिली है बल्कि देश की अर्थव्यवस्था के लिए भी सकारात्मक संकेत मिले हैं। कमर्शियल गैस सिलेंडर और विमान ईंधन के दाम कम होने के साथ-साथ निजी क्षेत्र की बड़ी तेल कंपनी नायरा एनर्जी ने भी पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कटौती कर सबको चौंका दिया है और इसके अलावा जीएसटी कलेक्शन के आंकड़ों और शेयर बाजार की उछाल ने निवेशकों और सरकार दोनों को बड़ी राहत दी है।
कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में भारी कटौती
होटल और रेस्तरां में इस्तेमाल होने वाले 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में बुधवार को 183 रुपये 50 पैसे की बड़ी कटौती की गई है। इस साल यह पहली बार है जब कमर्शियल सिलेंडर के दाम घटाए गए हैं और तेल कंपनियों द्वारा जारी जानकारी के अनुसार अब 19 किलोग्राम वाला कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर 2,930 रुपये में मिलेगा। इससे पहले पश्चिम एशिया संकट के कारण वैश्विक स्तर पर ऊर्जा आपूर्ति बाधित होने से इसकी कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हो रही थी और पिछले महीने कच्चे तेल की कीमतों में उछाल के कारण इसकी कीमत 3,113 रुपये के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गई थी। कमर्शियल एलपीजी की कीमतों की समीक्षा हर महीने की पहली तारीख को की जाती है और वहीं दूसरी ओर 14 दशमलव 2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत 942 रुपये पर स्थिर रखी गई है जिसकी कीमत में आखिरी बार 7 जून को 29 रुपये की बढ़ोतरी हुई थी।
विमान ईंधन यानी एटीएफ के दाम गिरे
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई नरमी के बीच विमान ईंधन (एटीएफ) के दाम में बुधवार को 5 रुपये प्रति लीटर की कटौती की गई है। उद्योग जगत के सूत्रों के मुताबिक दिल्ली में अब विमान ईंधन की कीमत 110 रुपये प्रति लीटर हो गई है। पश्चिम एशिया संकट के कारण रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचने के बाद एटीएफ की कीमतों में यह पहली बड़ी गिरावट है। सरकार ने पिछले महीने एटीएफ मूल्य स्थिरीकरण योजना भी शुरू की थी जिसके तहत विमानन कंपनियां 115 रुपये प्रति लीटर की निश्चित दर पर ईंधन खरीद सकती हैं। इस योजना के तहत यदि बेंचमार्क एटीएफ कीमतें 86 रुपये 32 पैसे प्रति लीटर के आधार मूल्य से ऊपर जाती हैं तो सरकार तेल कंपनियों को अंतर की भरपाई के लिए ब्याज मुक्त अग्रिम देती है। जब कीमतें आधार से नीचे होती हैं तो अतिरिक्त राशि वसूल कर सरकारी कोष में जमा की जाती है। इस कटौती से आने वाले समय में हवाई किराए में कमी आने की उम्मीद है।
नायरा एनर्जी ने पेट्रोल और डीजल किया सस्ता
देश की सबसे बड़ी निजी फ्यूल रिटेल कंपनी नायरा एनर्जी ने देशभर में पेट्रोल की कीमत में 5 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत में 3 रुपये प्रति लीटर की कटौती करने का ऐलान किया है। पिछले 2 साल में यह पहली बार है जब किसी कंपनी ने ईंधन की खुदरा कीमतों में इतनी बड़ी कटौती की है। पश्चिम एशिया में तनाव कम होने और समुद्री मार्ग खुलने से कच्चे तेल की आपूर्ति बहाल हुई है जिससे वैश्विक कीमतों में गिरावट आई है। संशोधित दरें नायरा के देशभर में स्थित 7,000 से अधिक पेट्रोल पंपों पर लागू हो गई हैं। हालांकि सरकारी तेल कंपनियों जैसे इंडियन ऑयल (IOC), भारत पेट्रोलियम (BPCL) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) ने फिलहाल अपनी कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है। नायरा के इस कदम से सरकारी कंपनियों पर भी कीमतें घटाने का दबाव बढ़ सकता है।
जीएसटी कलेक्शन में 14 प्रतिशत का जबरदस्त इजाफा
देश के आर्थिक मोर्चे से एक और बड़ी खबर आई है जहां जून महीने में माल एवं सेवा कर (जीएसटी) का कुल संग्रह 14 प्रतिशत बढ़कर लगभग 1 लाख 95 हजार करोड़ रुपये हो गया है। आयात और घरेलू आपूर्ति में हुई वृद्धि इस उछाल का मुख्य कारण रही और आंकड़ों के अनुसार घरेलू लेन-देन से प्राप्त संग्रह 6 दशमलव 5 प्रतिशत बढ़कर लगभग 1 लाख 35 हजार करोड़ रुपये रहा। इसमें केंद्रीय जीएसटी (CGST) 37,376 करोड़ रुपये, राज्य जीएसटी (SGST) 45,116 करोड़ रुपये और एकीकृत जीएसटी (IGST) 52,282 करोड़ रुपये शामिल है। आयात से प्राप्त जीएसटी राजस्व जून में 34 दशमलव 6 प्रतिशत बढ़कर 60,038 करोड़ रुपये रहा। कुल रिफंड भी जून में 29 दशमलव 1 प्रतिशत बढ़कर 32,436 करोड़ रुपये हो गया। रिफंड के बाद शुद्ध जीएसटी संग्रह 11 दशमलव 2 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 1 लाख 62 हजार करोड़ रुपये से अधिक रहा है।
शेयर बाजार में निवेशकों की चांदी
शेयर बाजार ने भी 1 जुलाई को निवेशकों को मालामाल करने में कोई कसर नहीं छोड़ी। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स 631 अंकों की छलांग लगाकर दिन के उच्चतम स्तर 77,110 दशमलव 08 अंकों पर पहुंच गया। हालांकि सुबह यह गिरावट के साथ 76,545 दशमलव 21 अंकों पर खुला था लेकिन बाद में इसने शानदार रिकवरी की और 444 अंकों की तेजी के साथ 76,922 दशमलव 64 अंकों पर बंद हुआ। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 180 से ज्यादा अंकों की तेजी के साथ 24,049 दशमलव 90 अंकों के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा। निफ्टी मामूली गिरावट के साथ 23,897 दशमलव 65 अंकों पर खुला था और अंत में 140 दशमलव 10 अंकों की बढ़त के साथ 24,005 दशमलव 85 अंकों पर बंद हुआ। इस तेजी से देश के 20 करोड़ से ज्यादा निवेशकों की संपत्ति में भारी इजाफा हुआ है।
