- प्रधानमंत्री मोदी ने लिखा- उनका निधन व्यक्तिगत क्षति
- राहुल गांधी ने लिखा- वे बेहतरीन सांसद और वक्ता थीं
- लता मंगेशकर ने लिखा- वे एक प्रभावशाली नेता थीं
- शिवराज ने कहा- मुझे उनसे जनसेवा की प्रेरणा मिली
नई दिल्ली. पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज का मंगलवार रात निधन हो गया। उन्हें सीने में दर्द की शिकायत के बाद एम्स में भर्ती किया गया था। सोशल मीडिया पर राजनीति और फिल्म समेत अन्य क्षेत्रों की हस्तियों ने सुषमा जी के निधन पर शोक जताया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया- सुषमा जी का निधन एक व्यक्तिगत क्षति है। उन्होंने भारत के लिए जो कुछ भी किया, उसके लिए उन्हें हमेशा बड़े प्यार से याद किया जाएगा। मेरी संवेदनाएं परिवार के साथ हैं। ओम शांति।
Sushma Ji’s demise is a personal loss. She will be remembered fondly for everything that she’s done for India. My thoughts are with her family, supporters and admirers in this very unfortunate hour. Om Shanti.
— Narendra Modi (@narendramodi) August 6, 2019
लता मंगेशकर ने ट्वीट किया- सुषमा स्वराज जी के अचानक चले जाने से स्तब्ध हूं। वे एक प्रभावशाली और ईमानदार नेता थीं। वे संवेदनशील थीं। उन्हें संगीत और कविता की समझ थीं। वे मेरी दोस्त थीं। हमारी विदेशमंत्री हमेशा याद आएंगी।
Deeply shocked and saddened to hear about Sushma Swaraj ji’s sudden demise.
— Lata Mangeshkar (@mangeshkarlata) August 6, 2019
A graceful and honest leader, a sensitive and selfless soul, a keen understanding of music and poetry and a dear friend. Our former external minister will be remembered fondly.
उनका योगदान अमूल्य रहा- स्पीकर
लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला ने कहा- सुषमा जी, भारतीय संस्कृति की एक ऐसी राजदूत थीं, जिन्होंने भारत की संस्कृति को दुनिया के सामने स्पष्ट शब्दों में रखा। एक सांसद के रूप में, एक मंत्री के रूप में उनका कार्यकाल देश के लिए बहुत ही अमूल्य रहा। विदेश मंत्री के रूप में उनका कार्यकाल हमेशा याद किया जाएगा।
हमेशा बड़ी बहन के रूप में खयाल रखा- गडकरी
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा- सुषमा जी का जाना एक व्यक्तिगत नुकसान है। आपातकाल के बाद उनका राजनीतिक उदय हुआ। उसके बाद से लगातार वे भारतीय जनता पार्टी के साथ जुड़ी रहीं। बड़ी बहन के रूप में मेरा खयाल रखा। मुझे समय-समय पर मार्गदर्शन दिया। उनका जाना हमारे संगठन और देश का नुकसान है।
हम स्तब्ध हैं: गुलामनबी आजाद
कांग्रेस नेता गुलामनबी आजाद ने कहा- हम स्तब्ध हैं। हमने कभी नहीं सोचा था कि वे इतनी जल्दी हमें छोड़कर चली जाएंगी। मैं उन्हें 1977 से जानता था। जब मैं यूथ कांग्रेस में था। हम दोनों एक-दूसरे को 42 साल से जानते थे। हमने कभी एक-दूसरे को नाम से नहीं पुकारा। वे हमेशा मुझे भाई कहती थीं और मैं उन्हें बहन कहता था।
