मिडटर्म चुनावों में भारतीय अमेरिकी वोटरों का ट्रंप को झटका, पढ़ें पूरी रिपोर्ट विस्तार से

अमेरिका में होने वाले मिडटर्म चुनावों को लेकर एक नए सर्वे के आंकड़े सामने आए हैं। सर्वे के अनुसार भारतीय-अमेरिकी मतदाताओं का बड़ा झुकाव डेमोक्रेटिक पार्टी की तरफ है, जिससे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुश्किलें बढ़ गई हैं।

अमेरिका में आगामी तीन नवंबर को होने जा रहे मिडटर्म चुनावों पर पूरी दुनिया की निगाहें टिकी हुई हैं। देश के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए ये चुनाव बेहद अहम और निर्णायक माने जा रहे हैं। इस बीच एक नया सर्वे सामने आया है, जो राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उनकी पार्टी के लिए भारी परेशानी का सबब बनता दिखाई दे रहा है और इस नवीनतम सर्वे के अनुसार, अमेरिकी मिडटर्म चुनावों में भारतीय-अमेरिकी मतदाताओं का भारी झुकाव डेमोक्रेटिक पार्टी की ओर बढ़ता हुआ साफ नजर आ रहा है। नए आंकड़ों के मुताबिक करीब 62 प्रतिशत भारतीय-अमेरिकी मतदाता डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवारों का समर्थन करते हुए नजर आ रहे हैं।

सोमवार को आए सर्वे के चौंकाने वाले आंकड़े

सोमवार को प्रकाशित किए गए एक नए सर्वे के अनुसार, आगामी मिडटर्म चुनावों में 62 प्रतिशत लोगों के डेमोक्रेटिक उम्मीदवारों के पक्ष में अपना वोट डालने की पूरी उम्मीद है। इसके विपरीत, महज 19 फीसदी मतदाता ही रिपब्लिकन उम्मीदवारों के समर्थन में खड़े दिखाई दे रहे हैं। ये आंकड़े साफ तौर पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उनकी रिपब्लिकन पार्टी के प्रति भारतीय-अमेरिकी समुदाय के भीतर बढ़ती जा रही निराशा और नाराजगी को उजागर करते हैं। सर्वे के ये परिणाम राजनीतिक गलियारों में खासी चर्चा का विषय बने हुए हैं।

डेमोक्रेट्स की तरफ लगातार बढ़ रहा है झुकाव

प्रख्यात संस्था ‘कार्नेगी एंडोमेंट फॉर इंटरनेशनल पीस’ और ‘यूगव’ की साझेदारी में किए गए ‘इंडियन अमेरिकन एटीट्यूड्स सर्वे’ के मुताबिक, मिडटर्म चुनावों से ठीक पहले डेमोक्रेट्स, रिपब्लिकन उम्मीदवारों से पूरे 43 अंकों की भारी-भरकम बढ़त बनाए हुए हैं। इस विस्तृत सर्वे में यह बात सामने निकलकर आई है कि हाउस यानी प्रतिनिधि सभा के चुनावों में 62 प्रतिशत नागरिक डेमोक्रेट्स को वोट देने की अपनी योजना बना रहे हैं, जबकि इसके मुकाबले केवल 19 प्रतिशत लोग ही रिपब्लिकन पार्टी के पक्ष में वोट डालेंगे। वहीं दूसरी तरफ, सीनेट चुनावों की बात की जाए तो वहां भी डेमोक्रेट्स 63 प्रतिशत के भारी समर्थन के साथ रिपब्लिकन के 21 प्रतिशत के मुकाबले काफी आगे चल रहे हैं।

एक हजार भारतीय-अमेरिकियों के बीच हुआ सर्वे

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह महत्वपूर्ण सर्वे सात से सत्ताईस अक्टूबर के बीच कुल एक हजार भारतीय-अमेरिकी वयस्कों के बीच ऑनलाइन माध्यम से किया गया था। इस संपूर्ण सर्वे में गलती की संभावना यानी मार्जिन ऑफ एरर तीन प्रतिशत 87 पॉइंट है। सोमवार को प्रकाशित किए गए एक लेख में सुमित्रा बद्रीनाथन, देवेश कपूर, एनाबेल मिलर, एंडी रोबैना और मिलन वैष्णव ने विस्तार से लिखा है कि मिडटर्म चुनावों से ठीक पहले किए गए इस नए सर्वे के नतीजे इस बात की गवाही देते हैं कि ट्रंप और रिपब्लिकन पार्टी के खिलाफ भारी नाराजगी मौजूद है, जबकि इसके ठीक विपरीत डेमोक्रेटिक पार्टी के लिए लोगों के समर्थन में जबरदस्त उछाल आया है।

वर्ष 2024 में ट्रंप को मिला था तीस प्रतिशत समर्थन

इस सर्वे के दौरान यह बात भी सामने आई कि वर्ष 2024 में रिपब्लिकन पार्टी को जो समर्थन हासिल हुआ था, वह मौजूदा कांग्रेस यानी संसद के चुनावों में बिल्कुल भी दिखाई नहीं दे रहा है। अगर हम वर्ष 2024 के आंकड़ों पर नजर डालें तो उस दौरान तीस प्रतिशत भारतीय-अमेरिकियों ने डोनाल्ड ट्रंप का खुला समर्थन किया था, जबकि मौजूदा हाउस चुनावों में रिपब्लिकन उम्मीदवारों को केवल 19 प्रतिशत लोगों का ही समर्थन मिल पा रहा है। हालांकि, दिलचस्प बात यह है कि दोनों ही सर्वे के अंदर डेमोक्रेट्स को एक समान 62 प्रतिशत समर्थन प्राप्त होता हुआ दिखाई दे रहा है।

पुरुष मतदाताओं के रुझान में आया बड़ा बदलाव

इस सर्वे में यह बेहद दिलचस्प तथ्य भी सामने आया है कि चालीस साल और उससे अधिक उम्र के पुरुष मतदाताओं के रुझान में भी बड़ा बदलाव आया है। इस वर्ग के बीच डेमोक्रेट्स के लिए समर्थन जनवरी 2026 के 53 प्रतिशत के मुकाबले बढ़कर अक्टूबर महीने में 68 प्रतिशत पर पहुंच गया, जबकि इसके उलट रिपब्लिकन पार्टी के लिए समर्थन बत्तीस प्रतिशत से भारी गिरावट के साथ घटकर महज 16 प्रतिशत ही रह गया। सबसे खास बात यह देखने को मिली कि सर्वे में भाग लेने वाले 46 प्रतिशत लोगों ने खुद को डेमोक्रेटिक पार्टी का समर्पित समर्थक बताया, जबकि सर्वे के दौरान 62 फीसदी लोगों ने पार्टी के उम्मीदवारों को अपना वोट देने की प्रबल इच्छा जताई।

कमला हैरिस और ट्रंप के बीच तुलनात्मक आंकड़े

याद दिला दें कि वर्ष 2024 के दौरान 62 प्रतिशत भारतीय-अमेरिकियों ने कमला हैरिस का भरपूर समर्थन किया था, जबकि उस समय तीस प्रतिशत लोगों ने ट्रंप के पक्ष में अपना रुख स्पष्ट किया था। इसके बाद जनवरी 2026 तक आते-आते डेमोक्रेटिक पार्टी का यह समर्थन कुछ घटकर 57 प्रतिशत पर आ गया था, जबकि पच्चीस प्रतिशत लोगों ने राष्ट्रपति ट्रंप के प्रति अपना समर्थन जताया था। लेकिन अब यह नया सर्वे यह साबित कर रहा है कि भारतीय अमेरिकियों के बीच रिपब्लिकन पार्टी की वर्ष 2024 की चुनावी बढ़त, उसके कांग्रेसी उम्मीदवारों के लिए लगातार समर्थन में तब्दील नहीं हो पाई है और डेमोक्रेट्स वर्तमान में हाउस तथा सीनेट दोनों ही बड़ी रेस में काफी आगे निकल चुके हैं।