इंडियन प्रीमियर लीग 2026 का सीजन चेन्नई सुपर किंग्स और उनके करोड़ों प्रशंसकों के लिए काफी निराशाजनक रहा है। आईपीएल के 19 सीजन लंबे इतिहास में यह पहली बार हुआ है जब दिग्गज खिलाड़ी एमएस धोनी पूरे सीजन के दौरान एक भी मैच में मैदान पर नहीं उतरे। धोनी का मैदान पर न होना न केवल टीम के संतुलन के लिए एक बड़ा झटका था, बल्कि उन फैंस के लिए भी मायूसी भरा रहा जो अपने चहेते पूर्व कप्तान को खेलते हुए देखने के लिए बेताब थे और चेन्नई सुपर किंग्स के लिए यह सीजन कई मायनों में खराब रहा, जिसमें टीम का प्लेऑफ की दौड़ से बाहर होना सबसे प्रमुख रहा।
गुजरात टाइटंस के खिलाफ करारी हार
आईपीएल 2026 के अपने आखिरी लीग मैच में चेन्नई सुपर किंग्स को गुजरात टाइटंस के खिलाफ एक बेहद शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा। इस मुकाबले में गुजरात ने चेन्नई को 89 रन के बड़े अंतर से शिकस्त दी। यह हार इस पूरे सीजन में चेन्नई के प्रदर्शन की एक कड़वी सच्चाई को बयां करती है। सीजन की शुरुआत में लगातार कई मैच हारने के बाद चेन्नई ने कुछ मैचों में जीत दर्ज कर वापसी की उम्मीदें जरूर जगाई थीं, लेकिन अंततः वे अपनी लय बरकरार नहीं रख पाए और गुजरात से मिली इस हार के साथ ही चेन्नई सुपर किंग्स आधिकारिक तौर पर प्लेऑफ की रेस से बाहर हो गई। यह लगातार तीसरा सीजन है जब पांच बार की चैंपियन टीम प्लेऑफ में जगह बनाने में नाकाम रही है।
धोनी की वापसी पर कप्तान का बयान
मैच खत्म होने के बाद प्रेजेंटेशन सेरेमनी के दौरान ब्रॉडकास्टर ने कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ से वह सवाल पूछा जो हर क्रिकेट प्रेमी के मन में है- क्या एमएस धोनी अगले आईपीएल सीजन में वापसी करेंगे और गायकवाड़ ने इस पर कोई स्पष्ट वादा तो नहीं किया, लेकिन उनका जवाब काफी दिलचस्प था। " गायकवाड़ ने स्वीकार किया कि टीम को धोनी की कमी बहुत ज्यादा महसूस हुई। उन्होंने कहा कि धोनी आखिरी ओवरों में आकर सिर्फ क्रीज पर टिककर ही मैच का पासा पलटने की क्षमता रखते हैं और अगले सीजन के बारे में अनिश्चितता जताते हुए गायकवाड़ ने यह भी कहा कि फिलहाल उनके पास जो खिलाड़ी मौजूद हैं, वे उनसे खुश हैं और टीम के भविष्य पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।
चोट के कारण मैदान से दूर रहे धोनी
एमएस धोनी के इस सीजन में न खेल पाने की मुख्य वजह उनकी चोटें रहीं। आईपीएल 2026 शुरू होने से महज 2 दिन पहले ही धोनी चोटिल हो गए थे, जिससे उबरने में उन्हें काफी समय लगा। इसी वजह से वे शुरुआती मुकाबलों में टीम के साथ मैदान पर नहीं दिख सके और इसके बाद उनके हाथ के अंगूठे में भी चोट लग गई, जिसने उनकी वापसी की राह और मुश्किल कर दी। हालांकि, चेन्नई के घरेलू मैदान पर खेले गए आखिरी मैच में धोनी अपनी टीम का हौसला बढ़ाने जरूर पहुंचे थे, लेकिन वे प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं बन पाए। गुजरात के खिलाफ सीजन का आखिरी मैच होने से पहले ही धोनी अपने घर रांची लौट गए थे, जिससे इस सीजन में उनके खेलने की सभी संभावनाओं पर विराम लग गया।
