नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली की माता का निधन, अलवर में अंतिम संस्कार

राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली की माता चलती देवी का जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल में निधन हो गया। बाथरूम में गिरने के बाद उन्हें गंभीर हालत में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों के प्रयासों के बावजूद उन्हें नहीं बचाया जा सका। अंतिम संस्कार अलवर में होगा।

राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक टीकाराम जूली की माता चलती देवी का रविवार देर रात जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, उन्हें बाथरूम में गिरने के बाद गंभीर स्थिति में अस्पताल लाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उन्हें बचाने के लिए गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में रखा था। तमाम चिकित्सकीय प्रयासों और वेंटिलेटर सपोर्ट के बावजूद उनकी स्थिति में सुधार नहीं हुआ और उन्होंने अंतिम सांस ली।

बाथरूम में गिरने के बाद बिगड़ी थी स्थिति

पारिवारिक सूत्रों और अस्पताल प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, चलती देवी रविवार शाम को अपने निवास पर बाथरूम में अचानक गिर गई थीं। गिरने के तुरंत बाद वे बेहोश हो गई थीं, जिसके बाद परिजनों ने बिना समय गंवाए उन्हें सवाई मानसिंह अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया। प्रारंभिक जांच के बाद उनकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत मेडिकल आईसीयू में स्थानांतरित कर दिया था। अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सकों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही थी।

एसएमएस अस्पताल में वरिष्ठ डॉक्टरों की तैनाती

घटना की सूचना मिलते ही एसएमएस मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. दीपक माहेश्वरी और अस्पताल अधीक्षक डॉ. मृणाल जोशी सहित कई वरिष्ठ विशेषज्ञ मौके पर पहुंच गए थे। डॉक्टरों ने उन्हें स्थिर करने के लिए हर संभव प्रयास किए, लेकिन आंतरिक चोटों और गंभीर स्थिति के कारण उनकी सेहत में सुधार नहीं हो सका। स्थिति अधिक बिगड़ने पर उन्हें वेंटिलेटर पर लिया गया था। करीब दो घंटे तक चले सघन उपचार के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

राजनीतिक दिग्गजों ने अस्पताल पहुंचकर ली जानकारी

नेता प्रतिपक्ष की माता के स्वास्थ्य बिगड़ने की खबर मिलते ही राजस्थान की राजनीति के कई प्रमुख चेहरे एसएमएस अस्पताल पहुंचे। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, वन मंत्री संजय शर्मा और विधायक रफीक खान ने अस्पताल पहुंचकर टीकाराम जूली से मुलाकात की और उनकी माता के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। इस दौरान अस्पताल परिसर में कांग्रेस और भाजपा दोनों ही दलों के कई नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। नेताओं ने शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं।

अलवर में किया जाएगा अंतिम संस्कार

अस्पताल की औपचारिकताओं के बाद चलती देवी की पार्थिव देह को देर रात ही जयपुर से उनके पैतृक निवास अलवर ले जाने की तैयारी पूरी कर ली गई। सूत्रों के अनुसार, उनका अंतिम संस्कार सोमवार को अलवर में किया जाएगा। टीकाराम जूली के समर्थकों और क्षेत्र के लोगों में इस खबर के बाद शोक की लहर है। अलवर में होने वाले अंतिम संस्कार में राज्य के कई प्रमुख राजनेताओं और गणमान्य व्यक्तियों के शामिल होने की संभावना है।

चिकित्सीय प्रयासों का विवरण

अस्पताल प्रशासन के अनुसार, मरीज को जब इमरजेंसी में लाया गया था, तब उनकी पल्स और ब्लड प्रेशर काफी अस्थिर थे। मेडिकल टीम ने प्रोटोकॉल के तहत लाइफ सपोर्ट सिस्टम का उपयोग किया और कार्डियक अरेस्ट जैसी स्थितियों से बचने के लिए आवश्यक दवाएं दीं। हालांकि, वृद्धावस्था और गिरने के कारण आई गंभीर चोटों के चलते शरीर ने उपचार पर सकारात्मक प्रतिक्रिया देना बंद कर दिया था और डॉक्टरों की टीम ने अंत तक उन्हें पुनर्जीवित करने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली।