वीडियो / CM हमारा ही होगा, आप जिसे हंगामा कह रहे हैं, वह न्याय और अधिकार की है लड़ाई: संजय राउत

NDTV : Nov 05, 2019, 11:46 AM

मुंबई | महाराष्ट्र में सरकार बनाने को लेकर भाजपा और शिवसेना में चल रही खींचतान के बीच शिवसेना के सांसद संजय राउत ने एक बार फिर कहा कि मुख्यमंत्री हमारा ही होगा. मंगलवार को राउत ने कहा, 'आप जिसे हंगामा कह रहे हैं. वो हंगामा नहीं है, न्याय और अधिकार की लड़ाई है.. मुख्यमंत्री शिवसेना का ही होगा. शपथ ग्रहण होकर रहेगा और सरकार गठन पर लगा ग्रहण दूर होगा. शरद पवार से बोलने में क्या गलत है? जो हमारे ऊपर उंगली उठा रहे हैं हमें पता है कि वो भी शरद पवार से बोलने की कोशिश कर रहे हैं. शपथग्रहण पर किसी का एकाधिकार नहीं है.'

वहीं, शिवसेना के मुखपत्र सामना में मंगलवार को फिर बीजेपी पर निशाना साधा है. सामना के संपादकीय का शीर्षक है 'दिल्ली गंदी, महाराष्ट्र स्वच्छ!, अगला क़दम कब?' आगे लिखा गया है कि देश और राज्य में क्या घटित हो रहा है इसे जानने का अधिकार हर नागरिक को है. इसमें सोमवार को हुई गृह मंत्री अमित शाह से फडणवीस की मुलाक़ात का ज़िक्र किया गया है. लिखा है मुख्यमंत्री, अमित शाह से मिलकर सरकार बनाने के संबंध में बयान देते हैं. मतलब निश्चित ही उन्होंने जोड़-तोड़ की होगी. और बहुमत का आंकड़ा जुटा लिया होगा.

साथ ही कहा गया है, दिल्ली की हवा दूषित है, स्वास्थ्य का आपातकाल है. दिल्ली के गंदे वातावरण में महाराष्ट्र को रोशनी दिखाने की कोशिश की जा रही है. इसके लिए मुख्यमंत्री की जितनी प्रशंसा की जाए वो कम. कौन क्या कर रहा है और किसकी क्या भावना है ये छुपी नहीं है. बीजेपी 144 और शिवसेना 100 पार नहीं कर पाई. गाजर, मटर, भिंडी जैसी सब्जियों ने 120 पार कर लिया. बढ़ती महंगाई को कैसे रोका जाए ये बड़ा सवाल है. सत्ता के आंकड़े से ज़्यादा ज़रूरी, महंगाई के आंकड़े कम करना है.

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार को अमित शाह से मुलाकात की वहीं राकांपा प्रमुख शरद पवार ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की जबकि शिवसेना नेता संजय राउत ने राज्यपाल से भेंट की. लेकिन इसके बाद भी राज्य में नयी सरकार के गठन को लेकर कोई स्पष्ट स्थिति बनती नहीं दिखी हालांकि विधानसभा चुनाव के परिणाम घोषित हुए 11 दिन हो चुके हैं. दिल्ली में सोनिया गांधी के साथ मुलाकात के बाद पवार ने राज्य का मुख्यमंत्री बनने की किसी भी संभावना से इनकार कर दिया.

यह पूछे जाने पर कि क्या राकांपा शिवसेना को समर्थन देने पर विचार कर रही है, पवार ने कहा, ‘शिवसेना की ओर से किसी ने भी मुझसे इस बारे में संपर्क नहीं किया है. हमें (राकांपा को) विपक्ष में बैठने का जनादेश मिला है. इस होड़ में शामिल होने के लिए हमारे पास पर्याप्त संख्या नहीं है.'