खाड़ी क्षेत्र में तेज हुई जंग, ईरान ने अब तेल से भरे कुवैत के जहाज Al-Salmi को बनाया निशाना

कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन के अनुसार, ईरानी सेना ने दुबई के पास कुवैती क्रूड कैरियर 'अल-साल्मी' पर हमला किया है। इस हमले से जहाज के बाहरी हिस्से को नुकसान पहुंचा और आग लग गई। इससे पहले एक डीसैलिनेशन प्लांट पर हुए हमले में एक भारतीय नागरिक की जान चली गई थी।

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच तनाव और गहरा गया है। कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (KPC) ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की है कि ईरानी सेना ने मंगलवार सुबह कुवैती क्रूड कैरियर 'अल-साल्मी' पर सीधा हमला किया है। यह घटना उस समय हुई जब जहाज संयुक्त अरब अमीरात के दुबई पोर्ट के एंकरेज क्षेत्र में खड़ा था। इस हमले ने क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा और तेल आपूर्ति श्रृंखला को लेकर नई चिंताएं पैदा कर दी हैं।

यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब ईरान और इजराइल के बीच सैन्य टकराव लगातार बढ़ रहा है। पिछले कुछ दिनों में कुवैत के बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने की यह दूसरी बड़ी घटना है। इससे पहले कुवैत के एक पावर एंड वाटर डीसैलिनेशन प्लांट पर भी हमला किया गया था, जिसमें एक भारतीय नागरिक की मृत्यु हो गई थी। अधिकारियों के अनुसार, क्षेत्र में जारी इस युद्ध का असर अब वाणिज्यिक जहाजों और नागरिक सुविधाओं पर स्पष्ट रूप से दिखने लगा है।

अल-साल्मी टैंकर पर हमले का विवरण

कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन के बयान के अनुसार, क्रूड कैरियर 'अल-साल्मी' पर हमला मंगलवार, 31 मार्च को देर रात करीब 12:10 बजे हुआ। हमले के वक्त टैंकर पूरी तरह से कच्चे तेल से भरा हुआ था। ईरानी सेना द्वारा किए गए इस सीधे प्रहार ने जहाज की सुरक्षा को गंभीर रूप से प्रभावित किया है और केपीसी ने स्पष्ट किया कि जहाज दुबई तट के पास स्थिर था, जब उसे निशाना बनाया गया।

जहाज को पहुंचा नुकसान और राहत कार्य

प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, इस हमले के कारण जहाज के बाहरी हिस्से (hull) को काफी नुकसान पहुंचा है। हमले के तुरंत बाद जहाज पर आग लग गई, जिससे आसपास के समुद्री क्षेत्र में तेल रिसाव का खतरा उत्पन्न हो गया है। केपीसी ने बताया कि आपातकालीन प्रतिक्रिया और अग्निशमन टीमों को तुरंत सक्रिय कर दिया गया है। वर्तमान में ये टीमें संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर स्थिति को नियंत्रित करने और पर्यावरणीय क्षति को रोकने के लिए काम कर रही हैं।

डीसैलिनेशन प्लांट पर हमला और भारतीय नागरिक की मौत

इससे पहले सोमवार को कुवैत के एक पावर एंड वाटर डीसैलिनेशन प्लांट पर हमला किया गया था। कुवैत के ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार, इस हमले में प्लांट के परिसर की एक इमारत क्षतिग्रस्त हो गई। इस घटना में एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई, जिससे इस संघर्ष में मारे गए भारतीयों की कुल संख्या बढ़कर 8 हो गई है। कुवैत स्थित भारतीय दूतावास ने इस दुखद निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है और मृतक के परिवार के प्रति संवेदना प्रकट की है।

ईरान का पक्ष और इजराइल पर आरोप

ईरान ने डीसैलिनेशन प्लांट पर हुए हमले में अपनी संलिप्तता से इनकार किया है। ईरानी सेना के ऑपरेशनल कमांड 'खतम अल-अनबिया' ने एक बयान जारी कर कहा कि कुवैत के प्लांट पर हमला 'जायनिस्ट ताकतों' यानी इजराइल की एक साजिश है। ईरान का दावा है कि यह हमला उसे बदनाम करने और क्षेत्रीय तनाव को और भड़काने के उद्देश्य से किया गया है। हालांकि, 'अल-साल्मी' टैंकर पर हुए ताजा हमले को लेकर कुवैत ने सीधे तौर पर ईरानी सेना को जिम्मेदार ठहराया है।

सुरक्षा और तकनीकी मूल्यांकन

कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन ने पुष्टि की है कि 'अल-साल्मी' के चालक दल के सभी सदस्य सुरक्षित हैं और किसी के घायल होने की खबर नहीं है। वर्तमान में जहाज का विस्तृत तकनीकी मूल्यांकन किया जा रहा है ताकि नुकसान की पूरी सीमा का पता लगाया जा सके। कॉर्पोरेशन ने कहा है कि जहाज की सुरक्षा सुनिश्चित करने और पर्यावरण पर पड़ने वाले किसी भी संभावित प्रभाव को कम करने के लिए सभी आवश्यक प्रोटोकॉल का पालन किया जा रहा है।