शनिवार को अमेरिका ने वेनेजुएला पर एक बड़ी सैन्य कार्रवाई की, जिसके परिणामस्वरूप वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को गिरफ्तार कर देश से बाहर ले जाया गया और इस अप्रत्याशित घटना ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय में हलचल मचा दी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्वयं इस कार्रवाई की घोषणा की और सोशल मीडिया पर मादुरो। की एक तस्वीर भी साझा की, जिसमें वह यूएसएस इयो जिमा युद्धपोत पर दिखाई दे रहे थे। इस गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला की राजनीतिक स्थिति में तेजी से बदलाव आए हैं, और अंतरराष्ट्रीय मंच पर इस कार्रवाई की वैधता पर सवाल उठ रहे हैं।
UNSC की आपात बैठक का आह्वान
अमेरिका की इस सैन्य कार्रवाई के तत्काल बाद, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) ने सोमवार को एक आपात बैठक बुलाने का फैसला किया है और यह बैठक सोमालिया की अध्यक्षता में सुबह 10 बजे (भारतीय समयानुसार रात 8:30 बजे) होगी। बैठक का मुख्य एजेंडा 'अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा के लिए खतरे' पर चर्चा करना है। इस बैठक में भविष्य में उठाए जाने वाले कदमों पर गहन विचार-विमर्श किया जाएगा और अंतरराष्ट्रीय शांति व सुरक्षा सुनिश्चित करने के उपायों की तलाश की जाएगी। सोमालिया वर्तमान में UNSC का रोटेटिंग प्रेसिडेंट है, और इस महत्वपूर्ण समय में उसकी भूमिका केंद्रीय होगी।
कोलंबियाई राष्ट्रपति की कड़ी निंदा
कोलंबिया के राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो ने सबसे पहले इस आपात बैठक को बुलाने की मांग की। उन्होंने अमेरिका की कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह वेनेजुएला की संप्रभुता और पूरे लैटिन अमेरिका की सुरक्षा के खिलाफ एक सीधा हमला है और पेट्रो ने इस बात पर जोर दिया कि किसी भी देश के आंतरिक विवादों का समाधान वहां के लोगों द्वारा शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीकों से किया जाना चाहिए, न कि बाहरी सैन्य हस्तक्षेप से। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिका की यह कार्रवाई संयुक्त राष्ट्र के सिद्धांतों और अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन। करती है, जो सदस्य देशों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान करने पर जोर देते हैं।
मादुरो की हथकड़ी वाली तस्वीर और वीडियो
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा साझा की गई मादुरो की तस्वीर, जिसमें वह एक युद्धपोत पर दिख रहे थे, ने दुनिया भर का ध्यान खींचा। इसके बाद, व्हाइट हाउस से जुड़े रैपिड रिस्पांस ने एक वीडियो भी जारी किया, जिसमें मादुरो को हथकड़ी में दिखाया गया और उन्हें न्यायिक प्रक्रिया के लिए ले जाया जा रहा था। वीडियो में मादुरो को प्रवर्तन अधिकारियों को "हैप्पी न्यू ईयर" और "गुड नाईट" कहते हुए। सुना गया, जो इस गंभीर स्थिति में भी उनके व्यवहार का एक असामान्य पहलू दर्शाता है। इन दृश्यों ने घटना की गंभीरता और अमेरिका द्वारा की गई कार्रवाई की प्रकृति को और उजागर किया।
संयुक्त राष्ट्र महासचिव की गहरी चिंता
इस घटनाक्रम पर संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने गहरी चिंता व्यक्त की है। उनके प्रवक्ता स्टेफेन डुजारिक ने बताया कि महासचिव ने चेतावनी दी है कि इस तरह की एकतरफा सैन्य कार्रवाई पूरे क्षेत्र के लिए गंभीर और अप्रत्याशित परिणाम पैदा कर सकती है। डुजारिक ने यह भी कहा कि यह घटना एक खतरनाक मिसाल कायम करती है और सभी सदस्य देशों को अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर का सख्ती से पालन करना चाहिए। संयुक्त राष्ट्र चार्टर सदस्य देशों के बीच शांतिपूर्ण संबंधों और एक-दूसरे। के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप न करने के सिद्धांतों पर आधारित है।
वेनेजुएला में राजनीतिक बदलाव
मादुरो की गिरफ्तारी के बाद वेनेजुएला में तेजी से राजनीतिक बदलाव हुए हैं और देश की सुप्रीम कोर्ट ने उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज को कार्यवाहक राष्ट्रपति के कर्तव्यों और शक्तियों को संभालने का आदेश दिया है। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि राष्ट्रपति मादुरो अपनी जिम्मेदारियों को अस्थायी रूप से निभाने में असमर्थ हैं, जिसके कारण यह संवैधानिक कदम उठाना आवश्यक हो गया है। यह कदम वेनेजुएला में एक संवैधानिक शून्य को भरने और सरकार की निरंतरता सुनिश्चित करने। के लिए उठाया गया है, जबकि देश एक अभूतपूर्व संकट का सामना कर रहा है।